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Kushinagar News: हाटा में टूटे मकान, ओवरब्रिज निर्माण का रास्ता साफ, जल्द शुरू होगा काम
Thu, 04 Dec 2025 03:00 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Thu, 04 Dec 2025 03:00 AM IST
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हाटा में तोड़े गए मकान। संवाद
कुशीनगर/हाटा। हाईवे पर हाटा कस्बा में बाघनाथ और केन यूनियन चौराहा हादसा अधिक होने के कारण ब्लैक स्पाट बन गया था। हादसे पर रोक लगाने के लिए एनएचएआई ने ओवरब्रिज का निर्माण कराने का निर्णय लिया। सर्वे के बाद करीब 100 मकान व इनके कुछ हिस्से का निर्माण ओवरब्रिज की जद में आ रहे थे। शुरू में लोगों ने मकान तोड़ने से मना किया, बाद में अफसरों के समझाने के बाद लोग मान गए और अपनी मकानों का हिस्सा तोड़ लिया है। इससे ओवरब्रिज निर्माण का रास्ता साफ हो गया है और जल्द ही कार्य शुरू होगा।
गोरखपुर एनएच-28 पर आबादी के पास हादसे बढ़ गए हैं। कई ऐसे गांव में है जिन गांव में 20 से अधिक लोगों की हाईवे पार करते समय मौत हो चुकी है। स्थानीय लोगों की मांग पर सांसद विजय कुमार दुबे ने दुर्घटनास्थल को चिन्हित कर ओवरब्रिज का निर्माण कराने की मांग उठाया। इसके अलावा स्थानीय विधायक भी एनएचएआई के अधिकारियों से ओवरब्रिज निर्माण कराने के लिए मांग किए थे। हाटा कास्बा के केन यूनियन और बाघनाथ चौराहा पर सर्वाधिक हादसा होता है। बाघनाथ चौराहा पर फुट ओवरब्रिज का निर्माण कराया गया, बावजूद हादसे में कमी नहीं आई है। एनएचएआई की ओर से करीब एक साल पूर्व सर्वे किया गया। इस दौरान ओवरब्रिज निर्माण कराने में जो मकान आ रही थी। उस पार लाल निशान भी लगाए गए, लेकिन स्थानीय लोग मकान का हिस्सा नहीं तोड़ रहे थे। अधिकारियों से बातचीत के दौरान लोगों ने समय लिया और तय समय में ओवरब्रिज निर्माण में आने वाले मकान के हिस्से को तोड़ दिया। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि अब ओवरब्रिज निर्माण में तेजी आएगी। इसके लिए बजट भी स्वीकृत हो चुका है। इसके निर्माण से होने वाले हादसे में काफी हद तक कमी आ जाएगी।
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गोरखपुर एनएच-28 पर आबादी के पास हादसे बढ़ गए हैं। कई ऐसे गांव में है जिन गांव में 20 से अधिक लोगों की हाईवे पार करते समय मौत हो चुकी है। स्थानीय लोगों की मांग पर सांसद विजय कुमार दुबे ने दुर्घटनास्थल को चिन्हित कर ओवरब्रिज का निर्माण कराने की मांग उठाया। इसके अलावा स्थानीय विधायक भी एनएचएआई के अधिकारियों से ओवरब्रिज निर्माण कराने के लिए मांग किए थे। हाटा कास्बा के केन यूनियन और बाघनाथ चौराहा पर सर्वाधिक हादसा होता है। बाघनाथ चौराहा पर फुट ओवरब्रिज का निर्माण कराया गया, बावजूद हादसे में कमी नहीं आई है। एनएचएआई की ओर से करीब एक साल पूर्व सर्वे किया गया। इस दौरान ओवरब्रिज निर्माण कराने में जो मकान आ रही थी। उस पार लाल निशान भी लगाए गए, लेकिन स्थानीय लोग मकान का हिस्सा नहीं तोड़ रहे थे। अधिकारियों से बातचीत के दौरान लोगों ने समय लिया और तय समय में ओवरब्रिज निर्माण में आने वाले मकान के हिस्से को तोड़ दिया। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि अब ओवरब्रिज निर्माण में तेजी आएगी। इसके लिए बजट भी स्वीकृत हो चुका है। इसके निर्माण से होने वाले हादसे में काफी हद तक कमी आ जाएगी।
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