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पटाखे से जला किशोरी का हाथ, ऑपरेशन के बाद घर पहुंची
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पटाखे से जला किशोरी का हाथ, ऑपरेशन के बाद घर पहुंची
संवाद न्यूज एजेंसी
जानकी नगर। पटाखे से जली एक किशोरी को रुपये कम होने पर परिजन सोमवार की शाम घर लेकर चले आए। जनपद मुख्यालय के निकट एक निजी अस्पताल में देर शाम ऑपरेशन के बाद रात आठ बजे डॉक्टर ने उसे घर भेजा। उसके एक हाथ की उंगली कट गई है।
पडरौना कोतवाली क्षेत्र के गनेशीपट्टी गांव के निवासी विजय प्रजापति की 14 वर्षीय पुत्री अनीता रविवार की शाम पुलिस लाइंस के निकट लकड़ी बिनने गई थी। वहां उसे कोई पटाखा मिला, जिसे उठा लाई। देर शाम उसने पटाखे को अलाव में डाल दिया। वहां वह अकेली थी। पटाखा फटने से उसका दाहिना हाथ जल गया। विस्फोट के चलते एक उंगली खराब हो गई। आनन-फानन में परिजन उसे जिला अस्पताल ले गए। उसकी हालत गम्भीर देखते हुए डॉक्टर ने मेडिकल कालेज गोरखपुर रेफर कर दिया। परिजन उसे गोरखपुर किसी निजी अस्पताल ले गए लेकिन हालत न सुधरने और रुपये कम होने पर परिजन सोमवार को उसे घर लेकर आ गए। उसे रवींद्रनगर के निकट निजी अस्पताल ले गए जहां ऑपरेशन के बाद उसकी खराब उंगली को अलग किया गया। रात 8 बजे उसे परिजन घर ले गए।
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संवाद न्यूज एजेंसी
जानकी नगर। पटाखे से जली एक किशोरी को रुपये कम होने पर परिजन सोमवार की शाम घर लेकर चले आए। जनपद मुख्यालय के निकट एक निजी अस्पताल में देर शाम ऑपरेशन के बाद रात आठ बजे डॉक्टर ने उसे घर भेजा। उसके एक हाथ की उंगली कट गई है।
पडरौना कोतवाली क्षेत्र के गनेशीपट्टी गांव के निवासी विजय प्रजापति की 14 वर्षीय पुत्री अनीता रविवार की शाम पुलिस लाइंस के निकट लकड़ी बिनने गई थी। वहां उसे कोई पटाखा मिला, जिसे उठा लाई। देर शाम उसने पटाखे को अलाव में डाल दिया। वहां वह अकेली थी। पटाखा फटने से उसका दाहिना हाथ जल गया। विस्फोट के चलते एक उंगली खराब हो गई। आनन-फानन में परिजन उसे जिला अस्पताल ले गए। उसकी हालत गम्भीर देखते हुए डॉक्टर ने मेडिकल कालेज गोरखपुर रेफर कर दिया। परिजन उसे गोरखपुर किसी निजी अस्पताल ले गए लेकिन हालत न सुधरने और रुपये कम होने पर परिजन सोमवार को उसे घर लेकर आ गए। उसे रवींद्रनगर के निकट निजी अस्पताल ले गए जहां ऑपरेशन के बाद उसकी खराब उंगली को अलग किया गया। रात 8 बजे उसे परिजन घर ले गए।
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