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Kushinagar News: स्वतंत्रता सेनानी की पत्नी का निधन
Fri, 08 May 2026 01:47 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Fri, 08 May 2026 01:47 AM IST
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स्वतंत्रता संग्राम सेनानी की पत्नी मृतक रामसखी देवी की फाइल फोटो।
गुरवलिया बाजार। तमकुही क्षेत्र महुअवा बुजुर्ग के श्रीराम पट्टी निवासी स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय राजाराम लाल श्रीवास्तव की पत्नी रामसखी देवी के निधन पर लोगों ने शोक जताया। उनका निधन मंगलवार को हो गया था। क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। रामसखी देवी अपने पति के संघर्षों और आदर्शों की साक्षी रहीं। स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय राजाराम लाल श्रीवास्तव गांधीवादी विचारधारा से प्रभावित थे और स्वतंत्रता आंदोलन में सक्रिय थे।
1 जून 1919 को फाजिलनगर विधानसभा क्षेत्र के श्रीराम पट्टी गांव में जन्मे राजाराम लाल श्रीवास्तव महात्मा गांधी के अनुयायी थे। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान वह सभाओं और जनजागरण अभियानों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे। उनकी सक्रियता के चलते अंग्रेज पुलिस लगातार उनकी तलाश में रहती थी और गांव में बार-बार दबिश दी जाती थी।बताया जाता है कि 18 अप्रैल 1941 को अंग्रेजी हुकूमत ने उन्हें गोरखपुर में गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद सिटी मजिस्ट्रेट ने उन्हें एक वर्ष के कठोर कारावास और 50 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। जुर्माना नहीं देने पर उन्हें अतिरिक्त छह माह का कारावास भी भुगतना पड़ा था।
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1 जून 1919 को फाजिलनगर विधानसभा क्षेत्र के श्रीराम पट्टी गांव में जन्मे राजाराम लाल श्रीवास्तव महात्मा गांधी के अनुयायी थे। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान वह सभाओं और जनजागरण अभियानों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे। उनकी सक्रियता के चलते अंग्रेज पुलिस लगातार उनकी तलाश में रहती थी और गांव में बार-बार दबिश दी जाती थी।बताया जाता है कि 18 अप्रैल 1941 को अंग्रेजी हुकूमत ने उन्हें गोरखपुर में गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद सिटी मजिस्ट्रेट ने उन्हें एक वर्ष के कठोर कारावास और 50 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। जुर्माना नहीं देने पर उन्हें अतिरिक्त छह माह का कारावास भी भुगतना पड़ा था।
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