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ईनामी डकैत योगेंद्र चौधरी को जल्द खड्डा लाएंगी पुलिस
kushinagar
Updated Sun, 05 Aug 2018 11:53 PM IST
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अमर उजाला
- फोटो : अमर उजाला
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खड्डा। स्थानीय पुलिस को अट्ठारह वर्ष से जिस ईनामी डकैत की तलाश थी, उसे बिहार के बगहां जेल से लाने के लिए न्यायालय से वारंट-बी जारी हो गया है। खड्डा थाने की पुलिस इस ईनामी डकैत को लाने की तैयारी में जुटी हुई है। योगेंद्र चौधरी नाम के इस डकैत ने 27 जुलाई को बगहां एसपी के सामने आत्मसमर्पण किया था।
वर्ष 1992 से 2005 तक कुशीनगर जनपद के खड्डा, जटहां बाजार और हनुमानगंज थाना क्षेत्र में योगेंद्र चौधरी उर्फ योगी उर्फ चौबे का आतंक काफी अधिक था। पुलिस ने इसके खिलाफ खड्डा थाने में वर्ष 1999 व 2000 में अपहरण, हत्या, हत्या के प्रयास के तीन मुकदमे दर्ज किए थे। इसके अलावा जटहां थाने में लूट का मुकदमा दर्ज हुआ था। जिले की पुलिस ने इसकी गिरफ्तारी के लिए 20 हजार रुपये का ईनाम घोषित किया, लेकिन वह उस समय पकड़ा नहीं गया। उस पर वर्ष 1992 से 2005 के बीच बिहार के बगहां जिले के विभिन्न थानों में भी लूट, हत्या, अपहरण, डकैती आदि के 27 मुकदमे दर्ज हुए। बिहार पुलिस भी पच्चास हजार रुपये का ईनाम घोषित कर तलाश रही थी। खड्डा थाने के प्रभारी निरीक्षक अनुज कुमार सिंह ने बताया कि योगेंद्र को बिहार की जेल से यहां लाने के लिए न्यायालय ने वारंट-बी जारी कर दिया है।
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वर्ष 1992 से 2005 तक कुशीनगर जनपद के खड्डा, जटहां बाजार और हनुमानगंज थाना क्षेत्र में योगेंद्र चौधरी उर्फ योगी उर्फ चौबे का आतंक काफी अधिक था। पुलिस ने इसके खिलाफ खड्डा थाने में वर्ष 1999 व 2000 में अपहरण, हत्या, हत्या के प्रयास के तीन मुकदमे दर्ज किए थे। इसके अलावा जटहां थाने में लूट का मुकदमा दर्ज हुआ था। जिले की पुलिस ने इसकी गिरफ्तारी के लिए 20 हजार रुपये का ईनाम घोषित किया, लेकिन वह उस समय पकड़ा नहीं गया। उस पर वर्ष 1992 से 2005 के बीच बिहार के बगहां जिले के विभिन्न थानों में भी लूट, हत्या, अपहरण, डकैती आदि के 27 मुकदमे दर्ज हुए। बिहार पुलिस भी पच्चास हजार रुपये का ईनाम घोषित कर तलाश रही थी। खड्डा थाने के प्रभारी निरीक्षक अनुज कुमार सिंह ने बताया कि योगेंद्र को बिहार की जेल से यहां लाने के लिए न्यायालय ने वारंट-बी जारी कर दिया है।
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