{"_id":"632b514f4e4c970d5e2a6308","slug":"55-gram-panchayats-got-registered-in-gst-strict-instructions-to-others-kushinagar-news-gkp451318082","type":"story","status":"publish","title_hn":"55 ग्राम पंचायतों ने जीएसटी में कराया पंजीकरण, अन्य को कड़े निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
55 ग्राम पंचायतों ने जीएसटी में कराया पंजीकरण, अन्य को कड़े निर्देश
विज्ञापन
55 ग्राम पंचायतों ने जीएसटी में कराया पंजीकरण, अन्य को कड़े निर्देश
पडरौना। ढाई लाख रुपये से ऊपर की आपूर्ति लेने वाली सभी सरकारी संस्थानों का जीएसटी में पंजीकरण कराना अनिवार्य है। 55 ग्राम पंचायतों ने इसके तहत पंजीकरण कराया है। डीएम के निर्देश पर सीडीओ ने सभी ग्राम पंचायत अधिकारियों सहित संबंधित को पत्र भेजकर पंजीकरण कराने के निर्देश दिए हैं। है।
पंजीकरण के लिए ब्लॉकवार कैंप लगाने के लिए तिथि भी मुकर्रर कर दी गई है। जिन ग्राम पंचायतों का जीएसटी में पंजीकरण नहीं होगा, जुर्माना लगने पर वह धनराशि संबंधित ग्राम पंचायत अधिकारी के वेतन से जमा करने की सीडीओ ने चेतावनी दी है।
सरकारी विभाग भी जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) के दायरे में आ गए हैं। ढाई लाख रुपये से अधिक की आपूर्ति लेने वाले समस्त विभागों के लिए जीएसटी में पंजीकरण कराना अनिवार्य है। ढाई लाख से ऊपर की आपूर्ति पर एक प्रतिशत सीजीएसटी और एक प्रतिशत एसजीएसटी देना है। इसके तहत समस्त सरकारी विभागों के आहरण वितरण अधिकारियों को वेबसाइट पर जीएसटी में अपना पंजीकरण कराना है। यह पंजीकरण विभाग की वेबसाइट डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डॉट जीएसटी डॉट जीओवी डॉट इन पर होगा।
विज्ञापन
इस बारे में डीएम और सीडीओ की तरफ से निर्देश दिया जा चुका है, लेकिन ज्यादातर ग्राम पंचायतें उसकी अदायगी नहीं कर रही हैं। इसकी खबर अमर उजाला में 28 अगस्त के अंक में प्रकाशित हुई थी। उसके बाद से अब तक 55 ग्राम पंचायतों ने जीएसटी में पंजीकरण करा लिया है। हालांकि अब भी लगभग साढ़े नौ सौ ग्राम पंचायतों का पंजीकरण होना बाकी है।
भ्रष्टाचार रोकने के लिए जरुरी है जीएसटी में पंजीकरण
सहायक आयुक्त राज्य कर डॉ. सुनील कुमार का कहना है कि ग्राम पंचायतें या अन्य संस्थाएं फर्जी बिल लगाकर सामग्री की आपूर्ति का भुगतान करा लेती हैं। इस तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए शासन ने ढाई लाख से ऊपर की आपूर्ति लेने पर जीएसटी में पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है, लेकिन 1003 ग्राम पंचायतों में से अब तक 55 ने ही जीएसटी में पंजीकरण कराया है। यह मामला डीएम और सीडीओ के संज्ञान में लाया गया है।
सीडीओ ने जारी किया पत्र
सीडीओ गुंजन द्विवेदी ने डीपीआरओ, सभी बीडीओ, एडीओ पंचायत और ग्राम पंचायत सचिवों को बुधवार के दिन पत्र जारी किया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी ग्राम पंचायतों का जीएसटी में पंजीकरण कराया जाए। ऐसा संज्ञान में आया है कि पूर्व में निर्देश देने के बावजूद 1003 में से 55 ग्राम पंचायतों ने ही पंजीकरण कराया है। यह अत्यंत खेदजनक है। उन्होंने कहा है कि यदि संबंधित विभाग की तरफ से जुर्माना लगाया जाता है तो उसकी वसूली ग्राम पंचायत सचिव के वेतन से की जाएगी। जुर्माना की राशि 20 हजार रुपये है।
इन तिथियों पर प्रत्येक ब्लॉक पर लगेगा शिविर
सीडीओ ने बताया है कि जीएसटी में पंजीकरण कराने के लिए निर्धारित तिथि पर ग्राम पंचायत सचिव अपनी ग्राम पंचायतों का टैन नंबर, सक्षम अधिकारी की ओर से जारी अथॉरिटी लेटर, स्वयं का मोबाइल नंबर, पैन, आधार, फोटो और ईमेल आईडी के साथ अपने ब्लॉक पर उपस्थित रहेंगे। नोडल अधिकारी की उपस्थिति में जीएसटी की वेबसाइट पर आवेदन कराया जाएगा। दुदही, सेवरही, तमकुही और फाजिलनगर ब्लॉक पर 22 सितंबर, कसया, हाटा, सुकरौली व मोतीचक ब्लॉक पर 23 सितंबर को शिविर लगेगा। कप्तानगंज, रामकोला, नेबुआ नौरंगिया में 24 तथा पडरौना, विशुनपुरा एवं खड्डा ब्लॉक मुख्यालय पर 26 सितंबर को शिविर लगाया जाएगा।
विज्ञापन
पडरौना। ढाई लाख रुपये से ऊपर की आपूर्ति लेने वाली सभी सरकारी संस्थानों का जीएसटी में पंजीकरण कराना अनिवार्य है। 55 ग्राम पंचायतों ने इसके तहत पंजीकरण कराया है। डीएम के निर्देश पर सीडीओ ने सभी ग्राम पंचायत अधिकारियों सहित संबंधित को पत्र भेजकर पंजीकरण कराने के निर्देश दिए हैं। है।
पंजीकरण के लिए ब्लॉकवार कैंप लगाने के लिए तिथि भी मुकर्रर कर दी गई है। जिन ग्राम पंचायतों का जीएसटी में पंजीकरण नहीं होगा, जुर्माना लगने पर वह धनराशि संबंधित ग्राम पंचायत अधिकारी के वेतन से जमा करने की सीडीओ ने चेतावनी दी है।
विज्ञापन
सरकारी विभाग भी जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) के दायरे में आ गए हैं। ढाई लाख रुपये से अधिक की आपूर्ति लेने वाले समस्त विभागों के लिए जीएसटी में पंजीकरण कराना अनिवार्य है। ढाई लाख से ऊपर की आपूर्ति पर एक प्रतिशत सीजीएसटी और एक प्रतिशत एसजीएसटी देना है। इसके तहत समस्त सरकारी विभागों के आहरण वितरण अधिकारियों को वेबसाइट पर जीएसटी में अपना पंजीकरण कराना है। यह पंजीकरण विभाग की वेबसाइट डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डॉट जीएसटी डॉट जीओवी डॉट इन पर होगा।
विज्ञापन
इस बारे में डीएम और सीडीओ की तरफ से निर्देश दिया जा चुका है, लेकिन ज्यादातर ग्राम पंचायतें उसकी अदायगी नहीं कर रही हैं। इसकी खबर अमर उजाला में 28 अगस्त के अंक में प्रकाशित हुई थी। उसके बाद से अब तक 55 ग्राम पंचायतों ने जीएसटी में पंजीकरण करा लिया है। हालांकि अब भी लगभग साढ़े नौ सौ ग्राम पंचायतों का पंजीकरण होना बाकी है।
भ्रष्टाचार रोकने के लिए जरुरी है जीएसटी में पंजीकरण
सहायक आयुक्त राज्य कर डॉ. सुनील कुमार का कहना है कि ग्राम पंचायतें या अन्य संस्थाएं फर्जी बिल लगाकर सामग्री की आपूर्ति का भुगतान करा लेती हैं। इस तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए शासन ने ढाई लाख से ऊपर की आपूर्ति लेने पर जीएसटी में पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है, लेकिन 1003 ग्राम पंचायतों में से अब तक 55 ने ही जीएसटी में पंजीकरण कराया है। यह मामला डीएम और सीडीओ के संज्ञान में लाया गया है।
सीडीओ ने जारी किया पत्र
सीडीओ गुंजन द्विवेदी ने डीपीआरओ, सभी बीडीओ, एडीओ पंचायत और ग्राम पंचायत सचिवों को बुधवार के दिन पत्र जारी किया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी ग्राम पंचायतों का जीएसटी में पंजीकरण कराया जाए। ऐसा संज्ञान में आया है कि पूर्व में निर्देश देने के बावजूद 1003 में से 55 ग्राम पंचायतों ने ही पंजीकरण कराया है। यह अत्यंत खेदजनक है। उन्होंने कहा है कि यदि संबंधित विभाग की तरफ से जुर्माना लगाया जाता है तो उसकी वसूली ग्राम पंचायत सचिव के वेतन से की जाएगी। जुर्माना की राशि 20 हजार रुपये है।
इन तिथियों पर प्रत्येक ब्लॉक पर लगेगा शिविर
सीडीओ ने बताया है कि जीएसटी में पंजीकरण कराने के लिए निर्धारित तिथि पर ग्राम पंचायत सचिव अपनी ग्राम पंचायतों का टैन नंबर, सक्षम अधिकारी की ओर से जारी अथॉरिटी लेटर, स्वयं का मोबाइल नंबर, पैन, आधार, फोटो और ईमेल आईडी के साथ अपने ब्लॉक पर उपस्थित रहेंगे। नोडल अधिकारी की उपस्थिति में जीएसटी की वेबसाइट पर आवेदन कराया जाएगा। दुदही, सेवरही, तमकुही और फाजिलनगर ब्लॉक पर 22 सितंबर, कसया, हाटा, सुकरौली व मोतीचक ब्लॉक पर 23 सितंबर को शिविर लगेगा। कप्तानगंज, रामकोला, नेबुआ नौरंगिया में 24 तथा पडरौना, विशुनपुरा एवं खड्डा ब्लॉक मुख्यालय पर 26 सितंबर को शिविर लगाया जाएगा।