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धातु शोभायात्रा से बुद्धमय हुआ कुशीनगर
Sun, 24 Feb 2019 12:00 AM IST
राकेश पांडेय
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो
Published by: राकेश पांडेय
Updated Sun, 24 Feb 2019 12:00 AM IST
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शोभा यात्रा।
- फोटो : अमर उजाला
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कसया(कुशीनगर)। थाई मंदिर से शनिवार को गाजे-बाजे के साथ पवित्र बुद्ध धातु शोभायात्रा निकाली गई। मुख्य महापरिनिर्वाण मंदिर पर विधि-विधान से बौद्ध भिक्षुओं और थाईलैंड से आए मेहमानों व पर्यटकों ने विशेष पूजन किया।
माघी पूर्णिमा पर थाई मंदिर की तरफ से तीन दिवसीय विभिन्न तरह के सामाजिक, सांस्कृतिक व आध्यात्मिक आयोजन चल रहा है। दूसरे दिन शनिवार को मंदिर से पवित्र बुद्ध धातु शोभायात्रा निकाली गई। इसके पूर्व मुख्य अतिथि हथुआ नरेश मृगेंद्र प्रताप नारायण शाही व महारानी पूनम शाही ने परिवार के साथ विधिवत पूजा कीं।
थाई राजदूत ने चैत्य में बुलेट प्रूफ कांच में बंद भगवान बुद्ध की अस्थि का ताला खोला और अस्थि को शोभायात्रा में बने रथ पर कांच के बने सुशोभित जार में रखा गया। मंदिर से निकली शोभायात्रा में थाई कलाकार टोलियों में नृत्य कर रहे थे, तो रथों पर बौद्ध भिक्षु व थाई लैंड के विशेष अतिथि चल रहे थे।
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शोभायात्रा में विधायक रजनीकांत मणि त्रिपाठी भी विशेष मेहमान के रूप में कार्यकर्ताओं के साथ शामिल थे। हथुआ नरेश की 400 वर्ष पुरानी दो बग्गी व एक सिंपनी शोभायात्रा के आकर्षण का केंद्र रही। एक बग्गी पर हथुआ नरेश व उनकी पत्नी व बच्चे तथा दूसरे पर उनके पिता व माता विराजमान थीं। सिंपनी में शोभायात्रा के आयोजक पोंग्रिथ श्रीस्मिथ परिवार के साथ चल रहे थे। कलाकारों में सेंट्रल थाईलैंड, नार्दन थाईलैंड, साउथ थाईलैंड के लोग शामिल थे। इसके अलावा हथुआ नरेश के साथ 65 सदस्यीय दल शामिल हुआ। शोभायात्रा में बुद्ध इंटर कॉलेज के एनसीसी कैडेट्स ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया। इनकी अगुवाई लेफ्टिनेंट वेदप्रकाश मिश्र कर रहे थे।
विधायक ने कहा कि इस आयोजन से भारत-थाई के बीच संबंध मजबूत होंगे। ऐसे आयोजन में हम सबको बढ़-चढ़कर भाग लेना चाहिए। इस दौरान संघ मंत्री सोमदेज, फ्रा सोंक्रान, एबी ज्ञानेश्वर, डॉ. एके सिन्हा, दिव्येंदु मणि त्रिपाठी, रजनीश तिवारी, अंबरीष चौबे, अमित पांडेय, भंते नंदरतन, भंते महेंद्र, अंबिकेश त्रिपाठी, जितेंद्र राय, ओमप्रकाश कुशवाहा, विवेक गोंड, आदित्य राय, किरन सिंह, मनोज पांडेय समेत बड़ी संख्या में बौद्ध भिक्षु, उपासक, पर्यटक व स्कूलों के बच्चे शामिल रहे।
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माघी पूर्णिमा पर थाई मंदिर की तरफ से तीन दिवसीय विभिन्न तरह के सामाजिक, सांस्कृतिक व आध्यात्मिक आयोजन चल रहा है। दूसरे दिन शनिवार को मंदिर से पवित्र बुद्ध धातु शोभायात्रा निकाली गई। इसके पूर्व मुख्य अतिथि हथुआ नरेश मृगेंद्र प्रताप नारायण शाही व महारानी पूनम शाही ने परिवार के साथ विधिवत पूजा कीं।
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थाई राजदूत ने चैत्य में बुलेट प्रूफ कांच में बंद भगवान बुद्ध की अस्थि का ताला खोला और अस्थि को शोभायात्रा में बने रथ पर कांच के बने सुशोभित जार में रखा गया। मंदिर से निकली शोभायात्रा में थाई कलाकार टोलियों में नृत्य कर रहे थे, तो रथों पर बौद्ध भिक्षु व थाई लैंड के विशेष अतिथि चल रहे थे।
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शोभायात्रा में विधायक रजनीकांत मणि त्रिपाठी भी विशेष मेहमान के रूप में कार्यकर्ताओं के साथ शामिल थे। हथुआ नरेश की 400 वर्ष पुरानी दो बग्गी व एक सिंपनी शोभायात्रा के आकर्षण का केंद्र रही। एक बग्गी पर हथुआ नरेश व उनकी पत्नी व बच्चे तथा दूसरे पर उनके पिता व माता विराजमान थीं। सिंपनी में शोभायात्रा के आयोजक पोंग्रिथ श्रीस्मिथ परिवार के साथ चल रहे थे। कलाकारों में सेंट्रल थाईलैंड, नार्दन थाईलैंड, साउथ थाईलैंड के लोग शामिल थे। इसके अलावा हथुआ नरेश के साथ 65 सदस्यीय दल शामिल हुआ। शोभायात्रा में बुद्ध इंटर कॉलेज के एनसीसी कैडेट्स ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया। इनकी अगुवाई लेफ्टिनेंट वेदप्रकाश मिश्र कर रहे थे।
विधायक ने कहा कि इस आयोजन से भारत-थाई के बीच संबंध मजबूत होंगे। ऐसे आयोजन में हम सबको बढ़-चढ़कर भाग लेना चाहिए। इस दौरान संघ मंत्री सोमदेज, फ्रा सोंक्रान, एबी ज्ञानेश्वर, डॉ. एके सिन्हा, दिव्येंदु मणि त्रिपाठी, रजनीश तिवारी, अंबरीष चौबे, अमित पांडेय, भंते नंदरतन, भंते महेंद्र, अंबिकेश त्रिपाठी, जितेंद्र राय, ओमप्रकाश कुशवाहा, विवेक गोंड, आदित्य राय, किरन सिंह, मनोज पांडेय समेत बड़ी संख्या में बौद्ध भिक्षु, उपासक, पर्यटक व स्कूलों के बच्चे शामिल रहे।