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टॉपरों को लेकर स्कूल संचालकों में छिड़ी जंग
ब्यूरो/अमर उजाला कौशाम्बी
Updated Tue, 19 May 2015 01:38 AM IST
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मंझनपुर। यूपी बोर्ड परीक्षा के टॉपरों को लेकर जिले में स्कूल संचालकों के बीच जंग छिड़ गई है। भरवारी एनडी ग्रुप के चेयरमैन संजय गुप्ता ने यूपी बोर्ड के सचिव को भेजे पत्र में टॉपरों की उत्तर पुस्तिका का दोबारा मूल्यांकन कराने के साथ ही जन्मतिथि और हैंडराइटिंग की जांच कराए जाने की मांग की है। सोमवार को मंझनपुर में पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि जांच नहीं हुई तो वह हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे। इसे लेकर शिक्षा माफियाओं में खलबली मची ही हुई है, साथ में परीक्षा की शुचिता पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।
बता दें कि 2015 की यूपी बोर्ड परीक्षा में प्रशासन की सख्ती के चलते जिले की मेरिट भले ही खराब हुई हो लेकिन टॉपरों में कमी नहीं आई है। पिछले साल की तरह इस साल भी परीक्षार्थी अच्छे नम्बरों से पास हुए हैं। इंटर में धर्मा देवी इंटर कॉलेज केन कनवार की छात्रा माधवी ने 93.60 फीसदी अंकों के साथ जिला टॉप किया है। हाईस्कूल में गांधी मेमोरियल इंटर कॉलेज दारानगर के छात्र मूलचंद्र ने 88 फीसदी अंकों के साथ जनपद में पहला स्थान प्राप्त किया। जिले के टॉप-10 परीक्षार्थियों को लेकर स्कूलों के जिम्मेदार आमने-सामने आ गए हैं। दबी जुबान से सभी स्कूलों के जिम्मेदार एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं।
भरवारी स्थित एनडी एजूकेशनल ग्रुप के चेयरमैन संजय गुप्ता ने टॉप-10 की सूची में आए परीक्षार्थियों की काबलियत पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मंझनपुर में पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले तीन सालों के बीच टॉप-10 की सूची में आए परीक्षार्थियों की उत्तर पुस्तिकाओं का दोबारा मूल्यांकन करवा लिया जाए तो हकीकत सामने आ जाएगी। यूपी बोर्ड के सचिव को शिकायती पत्र देकर उन्होेंने दोबारा मूल्यांकन की मांग की है। इसके साथ ही परीक्षार्थी की जन्म तिथि और उसकी हैंडराइरिंग की भी जांच कराने की मांग की है। कहाकि बोर्ड ने उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया तो वह हाईकोर्ट जाएंगे।
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क्या कहते हैं धर्मा देवी के प्रबंधक
मंझनपुर (ब्यूरो)। अधिकारियों ने केन्द्र में बैठकर परीक्षा करवाई है। ऐसे में नकल की बात करना अफसरों की ईमानदारी पर सवाल खड़ा करना है। कुछ लोग ऐेसे हैं जो हमारे स्कूल के लगातार बढ़ रहे शिक्षा के स्तर से हैरान हैं। वही इस तरह की अफवाह फैला रहे हैं। जांच में कोई परेशानी नहीं है। एक नहीं दो बार मूल्यांकन करवा लिया जाए।
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बता दें कि 2015 की यूपी बोर्ड परीक्षा में प्रशासन की सख्ती के चलते जिले की मेरिट भले ही खराब हुई हो लेकिन टॉपरों में कमी नहीं आई है। पिछले साल की तरह इस साल भी परीक्षार्थी अच्छे नम्बरों से पास हुए हैं। इंटर में धर्मा देवी इंटर कॉलेज केन कनवार की छात्रा माधवी ने 93.60 फीसदी अंकों के साथ जिला टॉप किया है। हाईस्कूल में गांधी मेमोरियल इंटर कॉलेज दारानगर के छात्र मूलचंद्र ने 88 फीसदी अंकों के साथ जनपद में पहला स्थान प्राप्त किया। जिले के टॉप-10 परीक्षार्थियों को लेकर स्कूलों के जिम्मेदार आमने-सामने आ गए हैं। दबी जुबान से सभी स्कूलों के जिम्मेदार एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे हैं।
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भरवारी स्थित एनडी एजूकेशनल ग्रुप के चेयरमैन संजय गुप्ता ने टॉप-10 की सूची में आए परीक्षार्थियों की काबलियत पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मंझनपुर में पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले तीन सालों के बीच टॉप-10 की सूची में आए परीक्षार्थियों की उत्तर पुस्तिकाओं का दोबारा मूल्यांकन करवा लिया जाए तो हकीकत सामने आ जाएगी। यूपी बोर्ड के सचिव को शिकायती पत्र देकर उन्होेंने दोबारा मूल्यांकन की मांग की है। इसके साथ ही परीक्षार्थी की जन्म तिथि और उसकी हैंडराइरिंग की भी जांच कराने की मांग की है। कहाकि बोर्ड ने उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया तो वह हाईकोर्ट जाएंगे।
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क्या कहते हैं धर्मा देवी के प्रबंधक
मंझनपुर (ब्यूरो)। अधिकारियों ने केन्द्र में बैठकर परीक्षा करवाई है। ऐसे में नकल की बात करना अफसरों की ईमानदारी पर सवाल खड़ा करना है। कुछ लोग ऐेसे हैं जो हमारे स्कूल के लगातार बढ़ रहे शिक्षा के स्तर से हैरान हैं। वही इस तरह की अफवाह फैला रहे हैं। जांच में कोई परेशानी नहीं है। एक नहीं दो बार मूल्यांकन करवा लिया जाए।