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Kaushambi News: नगर का हिस्सा बनने के बाद भी नहीं बदले तिलक नगर के हालात
Mon, 28 Aug 2023 12:49 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Mon, 28 Aug 2023 12:49 AM IST
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दारा नगर के तिलक नगर में नाली पर लगा गंदगी का अंबार व बदहाल कुंआ स्रोत : संवाद
कड़ा। करीब तीन साल पहले जब दारा नगर कड़ाधाम नगर पंचायत का गठन हुआ और म्योहरा गांव को तिलक नगर का नाम देकर वार्ड नंबर एक बनाया गया तो ग्रामीणों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। पानी, जलनिकासी और सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं की उम्मीदें परवान चढ़ने लगीं, लेकिन जिम्मेदारों की अनदेखी के चलते इस वार्ड के हालात अब जस के तस बने हुए हैं।
करीब ढाई हजार की आबादी वाले इस वार्ड में विकास के नाम पर तीन साल में नगर पंचायत ने यहां केवल स्ट्रीट लाइटें ही लगवाई हैं। ज्यादातर सड़कें पहले से ही दुरुस्त थीं। जलनिकासी, पेयजल और सफाई जो समस्या पहले थी, वह अब भी लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। हाल यह है कि हल्की बारिश भी हो जाए तो सड़कें पानी से लबालब हो जाती हैं। लोग परेशान हैं, लेकिन नगर पंचायत प्रशासन इसे गंभीरता से नहीं ले रहा है।
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वार्ड की प्रमुख समस्याएं
-- पाइप लाइनें क्षतिग्रस्त होने के कारण आधे वार्ड में नहीं पहुंचता पेयजल
-- दूषित पानी की हो रही आपूर्ति, बीमारियां फैलने की आशंका से लोग परेशान
-- गलियों में बनीं नालियों पर लोगों ने कर लिया अतिक्रमण, नहीं हो पाती सफाई
-- सिर्फ सड़कों पर झाड़ू लगाने तक सीमित हैं सफाईकर्मी, कूड़े से पटी नालियां
-- हल्की बारिश में ही सड़कों पर हो जाता जलभराव, आवागमन की होती दिक्कतें
-- तमाम जरूरतमंदों को नहीं मिले पीएम आवास, कोठरी और झोपड़ी में गुजर-बसर
पानी की बड़ी समस्या है। पहले पाइप लाइन से पानी आता था, लेकिन अब बंद हो गया है। मजबूरी में सबमर्सिबल की बोरिंग करानी पड़ी।-मुमताज अली
नगर पंचायत की ओर से दूषित पेयजल की आपूर्ति की जा रही है। जो पानी आता है वह पीने के लायक ही नहीं रहता। कोई इसे लेकर गंभीर नहीं है।- मो. अली
आवास की पात्रता सूची में उसका नाम था, लेकिन उसे हटा दिया गया। पात्र होने के बाद भी पीएम आवास नहीं बना। कच्ची कोठरी में गुजर-बसर हो रहा।- श्याम बाबू अग्रहरि
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मोहल्ले में सफाईकर्मी तो आते हैं, लेकिन काम के नाम पर महज खानापूरी होती है। सड़कों पर झाड़ू लगा देते हैं। कूड़े से पटी नालियों की सफाई नहीं करते।- बृजेश कुमार
कूड़ा निस्तारण की कोई उचित व्यवस्था नहीं है। लोगों ने मोहल्ले के पुराने कुएं को ही कूड़ाघर बना दिया है। कूड़ा कलेक्शन की व्यवस्था के साथ कुएं का सौंदर्यीकरण होना चाहिए।-लक्ष्मीकांत पांडेय
जलनिकासी की व्यवस्था ध्वस्त है। थोड़ी सी बारिश में ही सड़कें जलमग्न हो जाती हैं। यह मुद्दा कई बार उठाया गया, लेकिन समस्या दूर नहीं हुई।- रमेश अग्रहरि
विकास के नाम पर सिर्फ स्ट्रीट लाइटें लगवाई गई हैं। जलनिकासी और पेयजल की समस्या के निस्तारण के लिए कोई प्रयास नहीं हुए।-अनूप अग्रहरि
वार्ड में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था ध्वस्त है। शिकायत की, लेकिन जब समस्या दूर न हुई तो कनेक्शन ही कटवा दिया। अब खुद सबमर्सिबल की बोरिंग करा ली।- श्रीनाथ
वार्ड में सफाई, पानी और जलनिकासी की बड़ी समस्या है। यह मुद्दे लगातार नगर पंचायत में उठाए जा रहे हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।- राम आसरे, सभासद वार्ड नंबर एक
नगरवासियों की समस्याओं को दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। तीन जगह नलकूपों की बोरिंग कराने की कार्य योजना बनाई गई है। इन नलकूपों के लगने के बाद पानी की दिक्कत दूर हो जाएगी। सफाई व्यवस्थ को और बेहतर बनाया जाएगा। जिन पात्रों को पीएम आवास नहीं मिले हैं, उन्हें लाभान्वित कराया जाएगा। -रागिनी केसरवानी, अध्यक्ष नगर पंचायत, दारानगर कड़ाधाम
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करीब ढाई हजार की आबादी वाले इस वार्ड में विकास के नाम पर तीन साल में नगर पंचायत ने यहां केवल स्ट्रीट लाइटें ही लगवाई हैं। ज्यादातर सड़कें पहले से ही दुरुस्त थीं। जलनिकासी, पेयजल और सफाई जो समस्या पहले थी, वह अब भी लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। हाल यह है कि हल्की बारिश भी हो जाए तो सड़कें पानी से लबालब हो जाती हैं। लोग परेशान हैं, लेकिन नगर पंचायत प्रशासन इसे गंभीरता से नहीं ले रहा है।
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वार्ड की प्रमुख समस्याएं
पानी की बड़ी समस्या है। पहले पाइप लाइन से पानी आता था, लेकिन अब बंद हो गया है। मजबूरी में सबमर्सिबल की बोरिंग करानी पड़ी।-मुमताज अली
नगर पंचायत की ओर से दूषित पेयजल की आपूर्ति की जा रही है। जो पानी आता है वह पीने के लायक ही नहीं रहता। कोई इसे लेकर गंभीर नहीं है।- मो. अली
आवास की पात्रता सूची में उसका नाम था, लेकिन उसे हटा दिया गया। पात्र होने के बाद भी पीएम आवास नहीं बना। कच्ची कोठरी में गुजर-बसर हो रहा।- श्याम बाबू अग्रहरि
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मोहल्ले में सफाईकर्मी तो आते हैं, लेकिन काम के नाम पर महज खानापूरी होती है। सड़कों पर झाड़ू लगा देते हैं। कूड़े से पटी नालियों की सफाई नहीं करते।- बृजेश कुमार
कूड़ा निस्तारण की कोई उचित व्यवस्था नहीं है। लोगों ने मोहल्ले के पुराने कुएं को ही कूड़ाघर बना दिया है। कूड़ा कलेक्शन की व्यवस्था के साथ कुएं का सौंदर्यीकरण होना चाहिए।-लक्ष्मीकांत पांडेय
जलनिकासी की व्यवस्था ध्वस्त है। थोड़ी सी बारिश में ही सड़कें जलमग्न हो जाती हैं। यह मुद्दा कई बार उठाया गया, लेकिन समस्या दूर नहीं हुई।- रमेश अग्रहरि
विकास के नाम पर सिर्फ स्ट्रीट लाइटें लगवाई गई हैं। जलनिकासी और पेयजल की समस्या के निस्तारण के लिए कोई प्रयास नहीं हुए।-अनूप अग्रहरि
वार्ड में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था ध्वस्त है। शिकायत की, लेकिन जब समस्या दूर न हुई तो कनेक्शन ही कटवा दिया। अब खुद सबमर्सिबल की बोरिंग करा ली।- श्रीनाथ
वार्ड में सफाई, पानी और जलनिकासी की बड़ी समस्या है। यह मुद्दे लगातार नगर पंचायत में उठाए जा रहे हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।- राम आसरे, सभासद वार्ड नंबर एक
नगरवासियों की समस्याओं को दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। तीन जगह नलकूपों की बोरिंग कराने की कार्य योजना बनाई गई है। इन नलकूपों के लगने के बाद पानी की दिक्कत दूर हो जाएगी। सफाई व्यवस्थ को और बेहतर बनाया जाएगा। जिन पात्रों को पीएम आवास नहीं मिले हैं, उन्हें लाभान्वित कराया जाएगा। -रागिनी केसरवानी, अध्यक्ष नगर पंचायत, दारानगर कड़ाधाम