{"_id":"6a1f2005b2818884a301d32b","slug":"six-buffaloes-died-under-suspicious-circumstances-treatment-of-more-than-half-a-dozen-continues-kaushambi-news-c-261-1-kmb1014-142505-2026-06-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaushambi News: संदिग्ध परिस्थितियों में छह भैंस की मौत, आधा दर्जन से अधिक का इलाज जारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaushambi News: संदिग्ध परिस्थितियों में छह भैंस की मौत, आधा दर्जन से अधिक का इलाज जारी
Tue, 02 Jun 2026 11:55 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Tue, 02 Jun 2026 11:55 PM IST
विज्ञापन
विकास खंड नेवादा के मखदूमपुर गांव में मंगलवार दोपहर संदिग्ध परिस्थितियों में छह भैंस की मौत हो गई। वहीं, आधा दर्जन से अधिक मवेशियों की हालत बिगड़ने पर उनका इलाज जारी है। सूचना पर पशुपालन विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
मखदूमपुर गांव के बाहर खेतों में मंगलवार को पशुपालक अपने मवेशियों को चरा रहे थे। इस दौरान दो दर्जन से अधिक छोटे-बड़े मवेशी तड़पने लगीं और उनकी तबीयत बिगड़ गई। जब तक पशुपालक कुछ समझ पाते, तब तक कैलाश की तीन, ज्ञान की दो और प्रेम की एक भैंस की मौत हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। पशुपालकों ने तत्काल निजी पशु चिकित्सकों को बुलाकर बीमार मवेशियों का उपचार शुरू कराया। आधा दर्जन से अधिक मवेशियों का इलाज जारी है। पशुपालकों ने घटना की सूचना पशुपालन विभाग को दे दी है।
विज्ञापन
इस संबंध में नेवादा के पशु चिकित्साधिकारी डॉ. पीके सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया अधिक धूप के कारण चरने वाली घास में किसी प्रकार की विषाक्तता का मामला प्रतीत हो रहा है। मामले की जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मवेशियों की मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा।
विज्ञापन
मखदूमपुर गांव के बाहर खेतों में मंगलवार को पशुपालक अपने मवेशियों को चरा रहे थे। इस दौरान दो दर्जन से अधिक छोटे-बड़े मवेशी तड़पने लगीं और उनकी तबीयत बिगड़ गई। जब तक पशुपालक कुछ समझ पाते, तब तक कैलाश की तीन, ज्ञान की दो और प्रेम की एक भैंस की मौत हो गई।
विज्ञापन
घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। पशुपालकों ने तत्काल निजी पशु चिकित्सकों को बुलाकर बीमार मवेशियों का उपचार शुरू कराया। आधा दर्जन से अधिक मवेशियों का इलाज जारी है। पशुपालकों ने घटना की सूचना पशुपालन विभाग को दे दी है।
विज्ञापन
इस संबंध में नेवादा के पशु चिकित्साधिकारी डॉ. पीके सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया अधिक धूप के कारण चरने वाली घास में किसी प्रकार की विषाक्तता का मामला प्रतीत हो रहा है। मामले की जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मवेशियों की मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा।