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दहेज के लिए विवाहिता को घर से निकाला
अमर उजाला ब्यूरो कौशाम्बी
Updated Sun, 26 Jun 2016 12:21 AM IST
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दहेज में मोटर साइकिल मायके से नहीं लाने पर ससुराली विवाहिता के जान के दुश्मन बने हुए हैं। आए दिन उसके साथ मार पीट कर प्रताड़ित किया जा रहा है। दगाबाज निकले पति और ससुरालियों के सितम से सहमी विवाहिता शनिवार को मंझनपुर पहुंची। और मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से करते हुए न्याय की गुहार लगाई। एसपी ने स्थानीय कोतवाली को जांच कराकर कार्रवाई का निर्देश दिया है।
कौशाम्बी थाना क्षेत्र के बिंदाव गांव की रहने वाली सुनीता देवी ने बताया कि उसकी शादी 10 वर्ष पूर्व शिवलोचन के साथ हुई थी। शादी के दो महीने बाद उसका पति कमाई करने के लिए परदेश चला गया। इसके बाद से ससुराली मायके से दहेज में बाइक लाने को लेकर उस पर सिमत ढाने लगे। शिकायत पति से की तो वह घर वालों को मना कर दिया। और कुछ दिनों बाद वह वापस घर लौट आया। धीरे-धीरे समय दस वर्ष बीत गये। दस वर्ष बाद पति भी सुनीता से दूरी बनाने लगा और अपने घर वालों का साथ देने लगा। 24 जून को पति बाहर से लौटा तो पूरे नसे मे था और घर आते ही पत्नी पर टूट पड़ा। साथ में घर के अन्य लोग भी सुनीता को मारने पीटने लगे।
मां को पिटता देख बच्चे शोर मचाने लगे। बच्चों की चिल्लाने की आवाज सुनकर आस पास के लोग इक्कठ्ठा हो गये। बीच बचाव के बाद मामला शांत कराया गया। लोगों के वापस चले जाने के बाद ससुरालियों ने बच्चों को छीनकर विवाहिता को घर से निकाल दिया। विवाहिता अपने मायके आ गई। विवाहिता शनिवार को मंझनपुर पहुंची। और मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से करते हुए न्याय की गुहार लगाई।
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कौशाम्बी थाना क्षेत्र के बिंदाव गांव की रहने वाली सुनीता देवी ने बताया कि उसकी शादी 10 वर्ष पूर्व शिवलोचन के साथ हुई थी। शादी के दो महीने बाद उसका पति कमाई करने के लिए परदेश चला गया। इसके बाद से ससुराली मायके से दहेज में बाइक लाने को लेकर उस पर सिमत ढाने लगे। शिकायत पति से की तो वह घर वालों को मना कर दिया। और कुछ दिनों बाद वह वापस घर लौट आया। धीरे-धीरे समय दस वर्ष बीत गये। दस वर्ष बाद पति भी सुनीता से दूरी बनाने लगा और अपने घर वालों का साथ देने लगा। 24 जून को पति बाहर से लौटा तो पूरे नसे मे था और घर आते ही पत्नी पर टूट पड़ा। साथ में घर के अन्य लोग भी सुनीता को मारने पीटने लगे।
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मां को पिटता देख बच्चे शोर मचाने लगे। बच्चों की चिल्लाने की आवाज सुनकर आस पास के लोग इक्कठ्ठा हो गये। बीच बचाव के बाद मामला शांत कराया गया। लोगों के वापस चले जाने के बाद ससुरालियों ने बच्चों को छीनकर विवाहिता को घर से निकाल दिया। विवाहिता अपने मायके आ गई। विवाहिता शनिवार को मंझनपुर पहुंची। और मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से करते हुए न्याय की गुहार लगाई।
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