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संदिग्धदशा में युवती की मौत
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 22 Apr 2016 12:04 AM IST
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नगर कोतवाली क्षेत्र के नारा गांव की एक युवती की बुधवार की रात संदिग्धदशा में मौत हो गई। बृहस्पतिवार की सुबह वह बिस्तर पर मृत मिली। अचानक हुई युवती की मौत से घर में कोहराम मच गया। परिजन रात में पेटदर्द होने से बिगड़ी तबीयत के कारण मौत होना बता रहे हैं। वहीं गांव में इसे लेकर तमाम चर्चाएं हैं। घरवालों ने चुपचाप शव का अंतिम संस्कार भी कर दिया।
नगर कोतवाली मंझनपुर क्षेत्र के नारा गांव की रहने वाली शांति देवी (28) पुत्री शारदा प्रसाद विकलांग थी। सेरीब्रल पैरालाइसिस के कारण वह चलने की मोहताज थी। उसके मां-बाप की मौत हो चुकी थी। इसके बाद से वह भाई, भाभी के साथ रहा करती थी। इधर, बुधवार की रात शांति देवी की संदिग्धदशा में मौत हो गई। सुबह बिस्तर पर वह मृत मिली। भाई, भाभी की ओर से बताया जा रहा है कि रात में उसे पेट में दर्द की शिकायत थी। घरवालों का मानना है कि इसी पेट दर्द के कारण उसकी मौत हो गई। सुबह लोगों को जब घटना की जानकारी हुई, तो भीड़ जमा हो गई। दोपहर में परिजनों ने चुपचाप उसका अंतिम संस्कार कर दिया। घटना को लेकर गांव में तमाम चर्चाएं हैं। मामले में नारा चौकी प्रभारी पंधारी सरोज ने ऐसी किसी भी घटना की जानकारी होने से ही इंकार किया है।
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नगर कोतवाली मंझनपुर क्षेत्र के नारा गांव की रहने वाली शांति देवी (28) पुत्री शारदा प्रसाद विकलांग थी। सेरीब्रल पैरालाइसिस के कारण वह चलने की मोहताज थी। उसके मां-बाप की मौत हो चुकी थी। इसके बाद से वह भाई, भाभी के साथ रहा करती थी। इधर, बुधवार की रात शांति देवी की संदिग्धदशा में मौत हो गई। सुबह बिस्तर पर वह मृत मिली। भाई, भाभी की ओर से बताया जा रहा है कि रात में उसे पेट में दर्द की शिकायत थी। घरवालों का मानना है कि इसी पेट दर्द के कारण उसकी मौत हो गई। सुबह लोगों को जब घटना की जानकारी हुई, तो भीड़ जमा हो गई। दोपहर में परिजनों ने चुपचाप उसका अंतिम संस्कार कर दिया। घटना को लेकर गांव में तमाम चर्चाएं हैं। मामले में नारा चौकी प्रभारी पंधारी सरोज ने ऐसी किसी भी घटना की जानकारी होने से ही इंकार किया है।
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