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Kaushambi News: झलकी अव्यवस्था... बारिश से गोदाम में भरा पानी, 200 बोरी उर्वरक भीगे
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पानी में डूबी गोदाम के भीतर रखी उर्वरक, बिजली की मोटर पंप से पानी निकालते ग्रामीण। संवाद,
जानकीपुर सुधवर स्थित बहुउद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति में बारिश में अव्यवस्था झलक पड़ी। शनिवार को बारिश होने पर समिति के गोदाम में पानी भर गया और करीब 200 बोरी उर्वरक भीग गए। इसमें यूरिया, डीएपी और पोटाश समेत अन्य उर्वरक थे।
जल निकासी की उचित व्यवस्था न होने से मोटर लगाकर करीब ढाई घंटे तक पानी निकाला गया। इस दौरान कई बोरी खाद पानी लगने की वजह से गल गई।
समिति के सचिव देवेंद्र यादव के मुताबिक, शनिवार दोपहर से शाम तक रुक-रुककर बारिश होने से परिसर में पानी भर गया। पानी की निकासी नहीं होने से कुछ ही देर में पानी गोदाम तक पहुंच गया। गोदाम में रखी करीब 20 बोरी पोटाश, 80 बोरी एनपीके और करीब 100 बोरी यूरिया पानी में डूब गई। इससे उर्वरक खराब हो गया। बारिश बंद होने के बाद मोटर लगाकर गोदाम से पानी बाहर निकाला गया।
ग्रामीणों का आरोप है कि समिति परिसर में जलभराव की समस्या नई नहीं है। हर बारिश में पानी भरने के बावजूद विभाग की ओर से स्थायी जल निकासी की व्यवस्था नहीं कराई गई। इसका असर किसानों पर पड़ता है। किसानों को खाद नहीं मिलती है। लंबी लाइन लगानी पड़ती है। जबकि हर साल बारिश में यहां सैकड़ों बोरी खाद पानी में खराब हो जाती है और किसानों को भटकना पड़ता है।
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जल निकासी की उचित व्यवस्था न होने से मोटर लगाकर करीब ढाई घंटे तक पानी निकाला गया। इस दौरान कई बोरी खाद पानी लगने की वजह से गल गई।
समिति के सचिव देवेंद्र यादव के मुताबिक, शनिवार दोपहर से शाम तक रुक-रुककर बारिश होने से परिसर में पानी भर गया। पानी की निकासी नहीं होने से कुछ ही देर में पानी गोदाम तक पहुंच गया। गोदाम में रखी करीब 20 बोरी पोटाश, 80 बोरी एनपीके और करीब 100 बोरी यूरिया पानी में डूब गई। इससे उर्वरक खराब हो गया। बारिश बंद होने के बाद मोटर लगाकर गोदाम से पानी बाहर निकाला गया।
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ग्रामीणों का आरोप है कि समिति परिसर में जलभराव की समस्या नई नहीं है। हर बारिश में पानी भरने के बावजूद विभाग की ओर से स्थायी जल निकासी की व्यवस्था नहीं कराई गई। इसका असर किसानों पर पड़ता है। किसानों को खाद नहीं मिलती है। लंबी लाइन लगानी पड़ती है। जबकि हर साल बारिश में यहां सैकड़ों बोरी खाद पानी में खराब हो जाती है और किसानों को भटकना पड़ता है।

पानी में डूबी गोदाम के भीतर रखी उर्वरक, बिजली की मोटर पंप से पानी निकालते ग्रामीण। संवाद,

पानी में डूबी गोदाम के भीतर रखी उर्वरक, बिजली की मोटर पंप से पानी निकालते ग्रामीण। संवाद,
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