{"_id":"5f144dd68ebc3e9f700835d6","slug":"brahmin-society-angry-over-alleged-indecent-statement-of-mp-sonkar","type":"story","status":"publish","title_hn":"सांसद सोनकर के कथित अमर्यादित बयान पर बिफरा ब्राह्मण समाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सांसद सोनकर के कथित अमर्यादित बयान पर बिफरा ब्राह्मण समाज
Sun, 19 Jul 2020 07:12 PM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कौशाम्बी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कौशाम्बी
Published by: विनोद सिंह
Updated Sun, 19 Jul 2020 07:12 PM IST
विज्ञापन
भाजपा अनुसूचित जाति-जनजाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सांसद विनोद सोनकर
- फोटो : अमर उजाला
भाजपा सांसद विनोद सोनकर ने एक टीवी डिबेट के दौरान ब्राह्मण समाज के खिलाफ अमर्यादित टिप्पणी कर मुसीबत मोल ले ली है। सोशल मीडिया पर समाज के लोग उनकी घेराबंदी कर रहे हैं। आक्रोश व्यक्त करने के साथ ही सांसद से माफी मांगने की भी मांग की जा रही है। चेताया जा रहा है कि ऐसा नहीं करने पर आगामी चुनाव में परिणाम भुगतना होगा।
भारतीय जनता पार्टी के कौशाम्बी सांसद विनोद सोनकर ने पिछले दिनों एक टीवी चैनल में डिबेट के दौरान ब्राह्मण समाज के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की थी। उस डिबेट का लाइव प्रसारण हुआ था। टीवी पर सांसद के बिगड़े बोल सुन ब्राह्मण समाज के लोग बिफर पड़े। पिछले कई दिनों से देखा जा रहा है कि समाज के लोग सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक, ट्वीटर, व्हाट्सएप आदि पर सांसद की घेराबंदी कर रहे हैं। भाजपा कार्यकर्ता प्रेमू मिश्रा लिखते हैं कि ‘सांसद जी आपने पूरे ब्राह्मण समाज को अपमानित करने का काम किया है।
आपसे ये उम्मीद नहीं थी। अभी भी समय है, माननीय जी माफी मांग लीजिए’। पंडित अन्नू तिवारी ने लिखा है कि ‘पुतला फूंका जाय कि नहीं या ज्ञापन दिया जाए डीएम साहब को? आप लोग अपनी-अपनी राय दीजिए। ब्राह्ण विरोधी भाषण कौशाम्बी’। दीपक प्रधान लिखते हैं कि ‘ऐसा लगता है ब्राह्मण होना ही अभिषाप है। कानून सबसे के लिए समान होना चाहिए, वो किसी जाति धर्म का हो’।
विज्ञापन
वरिष्ठ अधिवक्ता हरिणांक द्विवेदी लिखते हैं कि ‘अब राष्ट्रीय स्तर पर ब्राह्मण महामोर्चा गठित करना जरुरी है, विप्र बंधुओं बैशाखी छोड़ो, देश की राजनीति तुम्हारी गुलामी करेगी’। इस तरह की तमाम गुस्से भरी पोस्ट सोशल मीडिया पर देखने को मिल रही है। वहीं, राजनीति के जानकारों का कहना है कि एक जिम्मेदार पद पर होते हुए सांसद को ऐसी बयानबाजी नहीं करनी चाहिए। निश्चित तौर पर होने वाले चुनाव में ये बयान मुद्दा बनकर नुकसान पहुंचाने का काम करेगा।
विज्ञापन
भारतीय जनता पार्टी के कौशाम्बी सांसद विनोद सोनकर ने पिछले दिनों एक टीवी चैनल में डिबेट के दौरान ब्राह्मण समाज के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की थी। उस डिबेट का लाइव प्रसारण हुआ था। टीवी पर सांसद के बिगड़े बोल सुन ब्राह्मण समाज के लोग बिफर पड़े। पिछले कई दिनों से देखा जा रहा है कि समाज के लोग सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक, ट्वीटर, व्हाट्सएप आदि पर सांसद की घेराबंदी कर रहे हैं। भाजपा कार्यकर्ता प्रेमू मिश्रा लिखते हैं कि ‘सांसद जी आपने पूरे ब्राह्मण समाज को अपमानित करने का काम किया है।
विज्ञापन
आपसे ये उम्मीद नहीं थी। अभी भी समय है, माननीय जी माफी मांग लीजिए’। पंडित अन्नू तिवारी ने लिखा है कि ‘पुतला फूंका जाय कि नहीं या ज्ञापन दिया जाए डीएम साहब को? आप लोग अपनी-अपनी राय दीजिए। ब्राह्ण विरोधी भाषण कौशाम्बी’। दीपक प्रधान लिखते हैं कि ‘ऐसा लगता है ब्राह्मण होना ही अभिषाप है। कानून सबसे के लिए समान होना चाहिए, वो किसी जाति धर्म का हो’।
विज्ञापन
वरिष्ठ अधिवक्ता हरिणांक द्विवेदी लिखते हैं कि ‘अब राष्ट्रीय स्तर पर ब्राह्मण महामोर्चा गठित करना जरुरी है, विप्र बंधुओं बैशाखी छोड़ो, देश की राजनीति तुम्हारी गुलामी करेगी’। इस तरह की तमाम गुस्से भरी पोस्ट सोशल मीडिया पर देखने को मिल रही है। वहीं, राजनीति के जानकारों का कहना है कि एक जिम्मेदार पद पर होते हुए सांसद को ऐसी बयानबाजी नहीं करनी चाहिए। निश्चित तौर पर होने वाले चुनाव में ये बयान मुद्दा बनकर नुकसान पहुंचाने का काम करेगा।