फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kaushambi News ›   शत्रु संपत्ति भूमि और तालाब पर कब्जा

शत्रु संपत्ति भूमि और तालाब पर कब्जा

Sun, 10 Nov 2013 05:39 AM IST
Kaushambi
Kaushambi Updated Sun, 10 Nov 2013 05:39 AM IST
विज्ञापन
मंझनपुर। जिले में खाली पड़ी शत्रु संपत्ति की जमीन और तालाब को पाटकर कब्जा जारी है। शनिवार को मंझनपुर के लोगों ने इसकी शिकायत अतिरिक्त मजिस्ट्रेट से की। लोगों का आरोप है कि तालाब पाटकर मकान निर्माण भी कराया जा रहा है। इसमें लेखपाल की भी मिलीभगत है। अतिरिक्त मजिस्ट्रेट ने एसडीएम को मामले की जांच करने का निर्देश दिया है। डीएम का कहना है कि जांच कराकर कब्जेदारों के खिलाफ एफआईआर कराई जाएगी।
विज्ञापन

दोआबा में भू-माफिया के हौसले इतने बुलंद है कि वे धड़ाधड़ सरकारी जमीन कब्जा करते जा रहे हैं। जिला मुख्यालय में ही शत्रु संपत्ति की भूमि और तालाब पर लगातार कब्जा हो रहा है। शनिवार को मंझनपुर कस्बे के अशोक कुमार, अमित कुमार, मोहम्मद महरूफ, अजय कुमार, रोशनलाल, अशफाक अहमद आदि ने इसकी शिकायत अतिरिक्त मजिस्ट्रेट से की। लोगों का कहना है कि मुख्यालय में स्थित तालाब को पाटकर कब्जा करके उसमें सड़क और मकान का निर्माण कराया जा रहा है। लोगों ने सरकारी जमीन पर कब्जे में लेखपाल की मिलीभगत होने का भी आरोप लगाया है। बताया कि विरोध करने पर धमकी दी जाती है। मामले को गंभीरता से लेते हुए अतिरिक्त मजिस्ट्रेट ने एसडीएम मंझनपुर को जांच करने को कहा है। उधर, जिलाधिकारी सत्येंद्र सिंह का कहना है कि जमीन की पैमाइश और सीमांकन कराया जाएगा। यदि तालाब अथवा किसी भी सरकारी जमीन पर कब्जा मिला, तो कब्जेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
विज्ञापन

देश के बंटवारे के दौरान जो लोग यहां से पाकिस्तान चले गए, उनका घर-बार और जमीन-जायदाद शत्रु संपत्ति घोषित हो जाता है। उस पर सिर्फ सरकार का अधिकार होता है। कोई अन्य व्यक्ति उस पर न तो बस सकता है और न ही ग्रहण नहीं कर सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed