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कोतवालियों से रिश्वत के दम पर दौड़ती है फाइल!
Updated Mon, 20 Aug 2018 12:24 AM IST
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मंझनपुर। दोआबा की कोतवालियों में तैनात पुलिस कर्मचारियों ने रिश्वत लेने की हद पार कर दी है। पासपोर्ट से लेकर शस्त्र लाइसेंस तक की फाइल बिना रुपये लिए वे आगे नहीं बढ़ाते हैं। हाल ही में पइंसा कोतवाली का एक ऑडियो वायरल हुआ है। इसमें एक मुंशी आवेदक से पासपोर्ट की फाइल में रिपोर्ट लगाने के लिए डेढ़ हजार रुपये की मांग कर रहा है।
बताया जाता है कि हर फाइल आगे बढ़ाने का बाकायदा रेट फिक्स है। पासपोर्ट की फाइल के लिए करीब डेढ़ हजार तो शस्त्र लाइसेंस के लिए 15 सौ से लेकर दो हजार तक लिया जाता है। चरित्र सहित अन्य सत्यापनों की फाइल भी रिश्वत के दम पर ही दौड़ती हैं। कुछ असरदार लोग ही होते हैं, जिनका काम नि:शुल्क कर दिया जाता है। जो लोग रिश्वत नहीं देते, उन्हें इतना दौड़ा दिया जाता है कि हारकर रकम दे देता है। शनिवार शाम पइंसा कोतवाली के एक मुंशी का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। बताया जाता है कि इसमें मुंशी पासपोर्ट की फाइल में रिपोर्ट लगाने के लिए आवेदक से 15 सौ रुपये मांग रहा है। वह खुलेआम कह रहा है कि इन रुपयों में उसे सिर्फ दो सौ मिलते हैं। बाकी साहब को देना पड़ता है। साफ सुनाई पड़ रहा है कि आवेदक सात सौ रुपये से अधिक किसी भी कीमत पर नहीं देने की जिद पर अड़ा है।
बाद में मुंशी सात सौ रुपये ही लेकर उससे जरूरी कागजातों पर हस्ताक्षर कराता है। ऑडियो वायरल होने के बाद से आरोपी मुंशी के होश उड़े हुए हैं। माना जा रहा है कि जल्द ही उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। लेकिन सवाल है कि रिश्वत का खेल कोतवालियों में कब बंद कराया जाएगा। वहीं एएसपी का कहना है कि कोतवालियों में रिश्वत लेकर लोगों का काम किया जा रहा है तो गंभीर बात है। मुझे इसकी जानकारी नहीं है। वायरल ऑडियो अभी मैंने नहीं सुना है। ऐसा कुछ है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
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बताया जाता है कि हर फाइल आगे बढ़ाने का बाकायदा रेट फिक्स है। पासपोर्ट की फाइल के लिए करीब डेढ़ हजार तो शस्त्र लाइसेंस के लिए 15 सौ से लेकर दो हजार तक लिया जाता है। चरित्र सहित अन्य सत्यापनों की फाइल भी रिश्वत के दम पर ही दौड़ती हैं। कुछ असरदार लोग ही होते हैं, जिनका काम नि:शुल्क कर दिया जाता है। जो लोग रिश्वत नहीं देते, उन्हें इतना दौड़ा दिया जाता है कि हारकर रकम दे देता है। शनिवार शाम पइंसा कोतवाली के एक मुंशी का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। बताया जाता है कि इसमें मुंशी पासपोर्ट की फाइल में रिपोर्ट लगाने के लिए आवेदक से 15 सौ रुपये मांग रहा है। वह खुलेआम कह रहा है कि इन रुपयों में उसे सिर्फ दो सौ मिलते हैं। बाकी साहब को देना पड़ता है। साफ सुनाई पड़ रहा है कि आवेदक सात सौ रुपये से अधिक किसी भी कीमत पर नहीं देने की जिद पर अड़ा है।
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बाद में मुंशी सात सौ रुपये ही लेकर उससे जरूरी कागजातों पर हस्ताक्षर कराता है। ऑडियो वायरल होने के बाद से आरोपी मुंशी के होश उड़े हुए हैं। माना जा रहा है कि जल्द ही उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। लेकिन सवाल है कि रिश्वत का खेल कोतवालियों में कब बंद कराया जाएगा। वहीं एएसपी का कहना है कि कोतवालियों में रिश्वत लेकर लोगों का काम किया जा रहा है तो गंभीर बात है। मुझे इसकी जानकारी नहीं है। वायरल ऑडियो अभी मैंने नहीं सुना है। ऐसा कुछ है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
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