फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   VSSD College will publish Yeti Journal, research will get recognition

Kanpur News: वीएसएसडी कॉलेज प्रकाशित करेगा यति जर्नल, शोध को मिलेगी पहचान

Sun, 06 Jul 2025 01:37 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 06 Jul 2025 01:37 AM IST
विज्ञापन
VSSD College will publish Yeti Journal, research will get recognition
सीएसजेएमयू में यति जर्नल के कवर पेज का अनावरण करते कुलपति व प्रबंध सचिव सीए नीतू सिंह।  - फोटो : संवाद
कानपुर। वीएसएसडी कॉलेज अपनी 100 वर्ष की समृद्ध विरासत को नई पहचान देने के लिए यति : द जर्नल ऑफ इंटरडिसिप्लिनरी थॉट्स एंड इनिशिएटिव का प्रकाशन करेगा।
विज्ञापन


शनिवार को छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय में कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक और कॉलेज की प्रबंध समिति की सचिव सीए नीतू सिंह ने संयुक्त रूप से जर्नल के कवर पेज का अनावरण किया। इस अंतरराष्ट्रीय जनरल का पहला अंक पांच सितंबर को प्रकाशित होगा।

कवर पेज के अनावरण के लिए आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलपति प्रो. पाठक ने की। उन्होंने कहा कि वीएसएसडी कॉलेज ने शोध के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। इस जर्नल की शुरुआत रिसर्च एवं शिक्षा की गुणवत्ता में वृद्धि का संकेत है।
विज्ञापन


यति जर्नल विवि के शोध और शैक्षणिक उत्कृष्टता की दिशा में एक सशक्त कदम है, जो आने वाले समय में नवाचार, विचारों के समागम और अकादमिक संवाद को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा। उन्होंने कहा कि हमें समय के साथ-साथ टेक्नोलॉजी से भी लैस होना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


शोध और रिसर्च के लिए एआई में पारंगत होना आवश्यक है। हर छात्र के आइडिया को उत्पाद में बदलने की जरूरत है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस जर्नल से शोध को नई पहचान मिलेगी।

सचिव सीए नीतू सिंह ने विश्वविद्यालय को नैक में मिले ए प्लस प्लस ग्रेड और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान के लिए कुलपति के नेतृत्व की सराहना की। कहा कि यह जर्नल निश्चित रूप से शोधकर्ताओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा और विचारों के आदान-प्रदान का एक सशक्त मंच प्रदान करेगा।

इस शोध पत्रिका का उद्देश्य मानविकी, समाज विज्ञान, विज्ञान एवं तकनीक, विधि, शिक्षा और पर्यावरण अध्ययन जैसे विविध विषयों के बीच संवाद को सशक्त बनाना है। यह प्रयास बहुविषयक अनुसंधान को बढ़ावा देगा। उन्होंने बताया कि जर्नल साल में दो बार प्रकाशित होंगे जो हिंदी और अंग्रेजी भाषा में रहेंगे।


ग्रीष्म ऋतु वाले अंक के लिए 31 मार्च और शीत वाले अंक के लिए 30 सितंबर तक प्रविष्टियां ली जाएंगी। मौके पर यति जर्नल के मुख्य संपादक प्रो. आनंद शुक्ला, कार्यकारी संपादक प्रो. नीरू टंडन, डॉ. अंशू सिंह, प्रतिकुलपति प्रो. सुधीर अवस्थी, रजिस्ट्रार राकेश कुमार, प्रो. सुधांशु पांड्या, प्रो. वृष्टि मित्रा, विश्वविद्यालय के प्राचार्य प्रो. बिपिन चंद्र कौशिक आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed