UP Weather: दिन भर छाया रहा कोहरा, 5.8 डिग्री लुढ़का पारा, मौसम एक्सपर्ट बोले- गलन के साथ बनी रहेगी ठंड
कानपुर में कोहरे की चादर में शनिवार लिपटा रहा। पूरे दिन धूप नहीं निकली। सुबह से शाम तक चलीं बर्फीली हवाओं से गलन बढ़ी। वहीं, पारा 5.8 डिग्री लुढ़का। मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली, कानपुर मंडल व लखनऊ मंडल में इसी तरह की ठंड बनी रहेगी।
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कानपुर में जाते हुए साल का आखिरी दिन कड़ाके की ठंड से अलसाया रहा। कोहरे की रजाई ओढ़े सूरज ने दोपहर बाद थोड़ी देर के लिए आंखें खोली। पूरे दिन बर्फीली हवाओं के झोंके से शहर कंपकंपाता रहा। 2022 का आखिरी दिन सीजन का सबसे ठंडा रहा। अधिकतम पारा 5.8 डिग्री लुढ़ककर 16.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
वहीं, रात का तापमान एक दिन पहले की तरह 7.8 डिग्री रहा। मौसम विभाग के अनुसार, नए साल का आगाज भी कड़ाके की ठंड के साथ होने के आसार हैं। इस बीच प्रदेश से सटे पर्वतीय क्षेत्रों में होने वाली बर्फबारी की वजह से मैदानी क्षेत्रों में बर्फीली हवाएं चल रही हैं।
इसकी वजह से गलन बढ़ती जा रही है। शनिवार ठंड के कारण कार्यालयों में कर्मचारियों की संख्या कम रही। मोहल्ले के नुक्कड़ वाली चाय की दुकान पर लोगों का सुबह से शाम तक जमावड़ा। इस बीच स्कूल बंद होने से पिकनिक स्थलों पर लोगों की अच्छी खासी भीड़ देखी गई।
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के मौसम विभाग प्रमुख डॉ. एसएन पांडेय के अनुसार दिल्ली, कानपुर मंडल व लखनऊ मंडल में इसी तरह की ठंड बनी रहेगी। इन क्षेत्रों में अधिकतम तापमान 18 और न्यूनतम तापमान सात डिग्री सेल्सियस से कम रहने के आसार हैं।
पिछले कुछ वर्षों में 31 दिसंबर का अधिकतम पारा
2022 16.8
2021 14.8
2020 16.4
2019 09.8
2018 21.6
2016 15.0
2015 24.4
2014 18.5
2013 14.2
2012 21.4
सांस रोगियों की बढ़ी मुसीबत, प्रदूषण पहुंचा 500 पीएम 10
सड़क किनारे पड़ी धूल-मिट्टी और निर्माण में इस्तेमाल होने वाली सामग्री के निस्तारण में लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। शनिवार को रिहायशी क्षेत्र कल्याणपुर में 500 पीएम 10 दर्ज किया गया। वहीं, नेहरू नगर और किवईनगर में पीएम 10 अधिकतम 341 रहा।
धूल के बड़े कणों के इतने घातक स्तर पर पहुंचने की वजह से लोगों को खांसी में जलन, सांस लेने में तकलीफ के साथ ही फेफड़ों तक में नुकसान हो सकता है। पिछले तीन महीने प्रशासनिक बैठकों में हर बार जिम्मेदार विभागों को सड़कों की सफाई और निर्माण सामग्री को ढककर रखने व पानी का छिड़काव करने जैसे निर्देश दिए जा रहे हैं।
डीएम विशाख जी ने तो पिछली बैठक में नगर निगम के अधिकारियों से सफाई करने वाली मशीनों का रूट उपलब्ध न कराने पर जवाब तलब भी कर लिया था। इसके बावजूद हालात में कोई सुधार नहीं हुआ। नतीजतन अब सर्दी बढ़ने के बाद शहरवासियों को धूल और गंदगी की वजह से परेशानी झेलनी पड़ रही है।