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कोशिश है बारिश में न बढ़ें मरीज, अगर बढ़े तो 77 हजार बेड तैयार: चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुरेश खन्ना
Fri, 29 May 2020 12:10 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Fri, 29 May 2020 12:10 PM IST
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हैलट अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे मंत्री सुरेश खन्ना
- फोटो : amar ujala
उत्तर प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुरेश खन्ना शुक्रवार को कानपुर हैलट अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने पीपीई किट और फेस शील्ड पहनकर कोरोना वार्ड का भी निरीक्षण किया।
मंत्री ने बताया कि पूरे प्रदेश में 77 हजार बेड की व्यव्स्था कर दी गई है। कोरोना से निपटने के लिए सारी व्यवस्थाएं चाक-चौबंद हैं। कोशिश है कि बारिश में मरीज न बढ़े लेकन अगर बढ़ते हैं तो उनका इलाज किया जाएगा।
इस दौरान उन्होंने नॉन कोविड रोगियों की मौत पर अफसोस जाहिर करते हुए कहा कि सारे मर्ज के गंभीर रोगियों को इलाज मिलेगा। बताया कि कोरोना संदिग्ध रोगियों को पहले होल्डिंग एरिया में रखा जाता है।
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इसके बाद अगर वाे कोरोना पॉजिटिव आते हैं तो उन्हें कोविड अस्पताल में शिफ्ट कर दिया जाता है। मंत्री यहां सुबह पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले हैलट इमरजेंसी की निरीक्षण किया।
इमरजेंसी में उन्होंने छह मरीजों से बात कर उनका हालचाल पूछा। इसके बाद न्यूरो साइंसेज और मैटरनिटी के कोविड अस्पताल का निरीक्षण किया और अधिकारयाें से फीड बैक लिया। इसके बाद वो झांसी के लिए रवाना हो गए।
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मंत्री ने बताया कि पूरे प्रदेश में 77 हजार बेड की व्यव्स्था कर दी गई है। कोरोना से निपटने के लिए सारी व्यवस्थाएं चाक-चौबंद हैं। कोशिश है कि बारिश में मरीज न बढ़े लेकन अगर बढ़ते हैं तो उनका इलाज किया जाएगा।
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इस दौरान उन्होंने नॉन कोविड रोगियों की मौत पर अफसोस जाहिर करते हुए कहा कि सारे मर्ज के गंभीर रोगियों को इलाज मिलेगा। बताया कि कोरोना संदिग्ध रोगियों को पहले होल्डिंग एरिया में रखा जाता है।
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इसके बाद अगर वाे कोरोना पॉजिटिव आते हैं तो उन्हें कोविड अस्पताल में शिफ्ट कर दिया जाता है। मंत्री यहां सुबह पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले हैलट इमरजेंसी की निरीक्षण किया।
इमरजेंसी में उन्होंने छह मरीजों से बात कर उनका हालचाल पूछा। इसके बाद न्यूरो साइंसेज और मैटरनिटी के कोविड अस्पताल का निरीक्षण किया और अधिकारयाें से फीड बैक लिया। इसके बाद वो झांसी के लिए रवाना हो गए।