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UP: कान में लीड लगाए सिपाही की ट्रेन की चपेट में आने से मौत, दीपदान मेले की डयूटी पर आया था चित्रकूट
Wed, 30 Oct 2024 08:47 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
Published by: शिखा पांडेय
Updated Wed, 30 Oct 2024 08:47 PM IST
सार
Chitrakoot News: ट्रेन की चपेट में आने से सिपाही की मौत हो गई। एटा निवासी सिपाही वाराणसी में तैनात था। दीपदान मेले की डयूटी पर चित्रकूट आया था।
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विकास कुमार पांडेय की फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
दीपदान मेले में ड्यूटी पर आए जीआरपी में तैनात सिपाही की बुधवार को कर्वी स्टेशन के आउटर पर मालगाड़ी की चपेट में आने से मौत हो गई। स्थानीय लोगों ने बताया कि सिपाही कान में लीड लगाए था। इससे दूसरे छोर से आ रही ट्रेन की आवाज नहीं सुन सका। जीआरपी थाना प्रभारी अजय भदौरिया ने बताया कि एटा जिले के अलीगंज तहसील क्षेत्र के ग्राम बिल्सड़, थाना राजा का रामपुर निवासी सिपाही विकास कुमार पांडेय (47) वाराणसी में तैनात थे।
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सोमवार को चित्रकूट दीपदान मेले में ड्यूटी पर आए थे। मंगलवार की रात कर्वी स्टेशन के मानिकपुर की तरफ आउटर पर टहल रहे थे। तभी मानिकपुर की ओर से आ रही मालगाड़ी की चपेट में आने मौत हो गई। जानकारी होने पर जीआरपी ने परिजनों को सूचना दी और शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा। घटनास्थल पर मौजूद कुछ यात्रियों व स्थानीय लोगों ने बताया कि विकास के कान में लीड लगी थी। टहलते हुए पटरी के बेहद करीब आ गए थे। इसी बीच ट्रेन को आता देख कुछ लोगों ने चिल्लाकर हटने के लिए कहा, लेकिन उन्हें सुनाई नहीं दिया। इसी दौरान वह ट्रेन की चपेट में आ गए।
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सिपाही विकास के तीन पुत्र ऋतिक, वंशगोपाल, भविष्य पांडेय हैं। दो भाइयों में सबसे बड़े थे। इस घटना से सिपाही के घर में दिवाली की खुशियां गम में बदल गईं। बेटों ने बताया कि दिवाली में घर की सजावट और पटाखे के लिए पापा ने पैसे दिए थे। काफी सामान खरीद भी लिया था, लेकिन उन्हें यह पता नहीं था कि ड्यूटी पर जा रहे पापा फिर कभी नहीं लौटेंगे। घटना की जानकारी होने पर एसपी अरुण कुमार सिंह, अपर एसपी चक्रपाणि त्रिपाठी, सीओ राजकमल व कोतवाल उपेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे। पोस्टमार्टम के बाद शव विशेष वाहन से परिजनों के साथ उनके गांव भेजा गया।