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Kanpur News: बेड रखेगा रोगी का ध्यान, करेगा सेहत की रखवाली

Fri, 23 Jan 2026 03:05 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 23 Jan 2026 03:05 AM IST
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The bed will take care of the patient and protect his health.
कानपुर। अब अस्पताल का बेड खुद रोगी की सेहत का ध्यान रखेगा। रोगी की तबीयत बिगड़ने से पहले बेड डॉक्टर और नर्स को मैसेज करेगा और बुलाएगा। बेड का आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वाला मस्तिष्क हृदय गति, ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर, ऑक्सीजन लेवल की भी मॉनीटरिंग करेगा। मेक इन इंडिया के तहत बने ऐसे एआई युक्त पांच डोजी बेड हैलट में लगेंगे।
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डोजी बेड की तरह ही अन्य रोगों के इलाज के लिए एआई युक्त मेडिकल टूल विकसित किए जाएंगे। इससे डॉक्टर और रोगी दोनों को आसानी होगी। मेडिकल टूल के संबंध में जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के साथ आईआईटी, सीएसजेएमयू में करार हो चुका है। इसके अलावा मेक इन इंडिया के तहत स्टार्टअप शुरू करने वाली 200 कंपनियां भी विभिन्न प्रोजेक्ट से जुड़ेंगी। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि शासन में इन कंपनियों ने एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट दिया है।
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डॉ. काला ने बताया कि डोजी बेड अभियान का एक नमूना है। यह बेड जरूरत के हिसाब से रोगी की दवा भी घटा-बढ़ा सकता है। इन बेड की व्यवस्था दान के मद से की जाएगी। उन्होंने बताया कि जीएसवीएम जरूरत के लिहाज से टूल की परिकल्पना और इसके लिए सैंपल, डाटा वगैरह की व्यवस्था करेगा। आईआईटी और दूसरी कंपनियां उस लिहाज सॉफ्टवेयर और टूल की तकनीक विकसित करेंगी। इससे चिकित्सा बहुत आसान प्रभावी और सटीक हो जाएगी।
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इसके साथ ही मीरा एप का ट्रायल चल रहा है। एप रोगी की दवा की डोज, स्थिति और उसके इलाज के तरीकों के संबंध में सुझाव देगा। जो उपकरण तैयार होंगे, उनका ट्रायल और शोध मेडिकल कॉलेज की अगुवाई में किए जाएंगे। इसके बाद उनका अन्य स्थानों पर इस्तेमाल किया जाएगा। मेक इन इंडिया स्टार्टअप से जुड़ी कंपनियां अपने प्रोजेक्ट लेकर जल्दी ही आएंगी।
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ऐसे होंगे टूल
-शरीर के बहुत अंदर सूक्ष्म गांठ को देखकर टूल बता देगा कि कैंसर है या नहीं
-बाॅयोप्सी की जरूरत नहीं पड़ेगी, टूल की जांच से ही डायग्नोसिस बन जाएगी
-इंडोस्कोपी करते वक्त उपकरण सचेत कर देगी गांठ से कौन सी नर्व जुड़ी है
-सर्जरी करते समय एआई सचेत करेगा कि आगे नर्व है या नसों का गुच्छा
-जांचों में पकड़ में न आने वाले पॉलिप का पता चल जाएगा
-जटिल बीमारियों का टूल से आसान होगा इलाज
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