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ऐप से बुक कर सकते एसी बस में सीट, आईआईटी कानपुर के पुरा छात्र का स्टार्टअप दिल्ली में छाया
Tue, 02 Apr 2019 02:33 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Tue, 02 Apr 2019 02:33 PM IST
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दीपांशु मालवीय
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आईआईटी कानपुर के पुरा छात्र दीपांशु मालवीय की स्टार्टअप कंपनी को दिल्ली सरकार ने बस एग्रीगेशन प्लेटफार्म में सबसे बेहतर माना है। दीपांशु ने शटल नामक मोबाइल ऐप बनाया है। इससे दिल्ली और गुरुग्राम में चलने वाली एसी बसों में सीटों की ऑनलाइन बुकिंग आसानी से की जा सकती है।
हाल ही में उनकी कंपनी में कई निवेशकों ने कुल 48.3 करोड़ रुपये की फंडिंग की है। दीपांशु ने आईआईटी कानपुर से वर्ष 2006 में मैटेरियल्स एंड मेटलर्जिकल इंजीनियरिंग से बीटेक किया है। 2015 में उन्होंने अपने साथियों के साथ शटल नाम से एक स्टार्टअप शुरू किया।
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हाल ही में उनकी कंपनी में कई निवेशकों ने कुल 48.3 करोड़ रुपये की फंडिंग की है। दीपांशु ने आईआईटी कानपुर से वर्ष 2006 में मैटेरियल्स एंड मेटलर्जिकल इंजीनियरिंग से बीटेक किया है। 2015 में उन्होंने अपने साथियों के साथ शटल नाम से एक स्टार्टअप शुरू किया।
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यह टैक्सी, कार बुक करने की ही तरह था लेकिन इसके जरिये बस में सीट रिजर्व की जा सकती थी। इसके जरिये जिन बसों में सीट रिजर्व होती है, वे सभी जीपीएस से जुड़ी हैं और उसे चलने वाले अनुभवी चालक होते हैं। वर्तमान में दीपांशु का स्टार्टअप बस एग्रीगेशन प्लेटफार्म पर सबसे ऊपर है।
इस कामयाबी पर इंस्टीट्यूट के निदेशक प्रो. अभय करंदीकर, डिप्टी डायरेक्टर प्रो. मणिंद्र अग्रवाल, सिडबी इनोवेशन एंड इंक्यूबेशन सेंटर के प्रभारी प्रो. अमिताभ बंदोपाध्याय ने दीपांशु को बधाई दी है।
इस कामयाबी पर इंस्टीट्यूट के निदेशक प्रो. अभय करंदीकर, डिप्टी डायरेक्टर प्रो. मणिंद्र अग्रवाल, सिडबी इनोवेशन एंड इंक्यूबेशन सेंटर के प्रभारी प्रो. अमिताभ बंदोपाध्याय ने दीपांशु को बधाई दी है।