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Kanpur News: स्मार्ट क्लास और आईसीटी लैब की होगी ऑनलाइन निगरानी
Mon, 28 Sep 2026 01:43 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Mon, 28 Sep 2026 01:43 AM IST
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कानपुर देहात। जनपद के माध्यमिक विद्यालयों में स्मार्ट क्लास और आईसीटी लैब के सही इस्तेमाल को सुनिश्चित करने के लिए ऑनलाइन निगरानी की व्यवस्था शुरू की जा रही है। अब पढ़ाई और स्मार्ट क्लास की गतिविधियां सीधी शासन की निगरानी में रहेंगी।
जनपद के सभी माध्यमिक विद्यालय जल्द ही राज्य स्तरीय निगरानी व्यवस्था से जुड़ जाएंगे। कुल 20 राजकीय हाईस्कूल और इंटरमीडिएट कॉलेज संचालित हैं। इनमें छह इंटर कॉलेज तथा 14 हाईस्कूल हैं। इन 20 विद्यालयों में 8 में आईसीटी लैब व 6 में स्मार्ट क्लास संचालित हैं। इसके अलावा 67 एडेड विद्यालय भी हैं। जिसमें 15 में स्मार्ट क्लास व आईसीटी लैब और वित्तविहीन के 244 स्कूलों में से 15 में स्मार्ट क्लास व आईसीटी लैब संचालित हैं। राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम से प्रतिदिन 10 विद्यालयों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। इसके तहत सुबह 10 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक कक्षाओं में चल रही पढ़ाई की निगरानी होगी।
इसमें देखा जाएगा कि शिक्षक निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार पढ़ा रहे हैं या नहीं। साथ ही विद्यार्थियों को तकनीकी सुविधाओं का लाभ मिल रहा है या नहीं, इसकी भी पड़ताल की जाएगी। डीआईओएस बृजभूषण चौधरी ने बताया कि शासन ने स्मार्ट क्लास और आईसीटी संसाधनों के इस्तेमाल की निगरानी के निर्देश दिए हैं। सभी प्रधानाचार्यों को विद्यालयों में लगे सीसीटीवी कैमरे दुरुस्त कराने को कहा गया है। विभाग की तैयारी के अनुसार सभी विद्यालय राज्य स्तरीय ऑनलाइन निगरानी व्यवस्था से जुड़ेंगे। इसका उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता लाना, तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करना है।
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जनपद के सभी माध्यमिक विद्यालय जल्द ही राज्य स्तरीय निगरानी व्यवस्था से जुड़ जाएंगे। कुल 20 राजकीय हाईस्कूल और इंटरमीडिएट कॉलेज संचालित हैं। इनमें छह इंटर कॉलेज तथा 14 हाईस्कूल हैं। इन 20 विद्यालयों में 8 में आईसीटी लैब व 6 में स्मार्ट क्लास संचालित हैं। इसके अलावा 67 एडेड विद्यालय भी हैं। जिसमें 15 में स्मार्ट क्लास व आईसीटी लैब और वित्तविहीन के 244 स्कूलों में से 15 में स्मार्ट क्लास व आईसीटी लैब संचालित हैं। राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम से प्रतिदिन 10 विद्यालयों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। इसके तहत सुबह 10 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक कक्षाओं में चल रही पढ़ाई की निगरानी होगी।
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इसमें देखा जाएगा कि शिक्षक निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार पढ़ा रहे हैं या नहीं। साथ ही विद्यार्थियों को तकनीकी सुविधाओं का लाभ मिल रहा है या नहीं, इसकी भी पड़ताल की जाएगी। डीआईओएस बृजभूषण चौधरी ने बताया कि शासन ने स्मार्ट क्लास और आईसीटी संसाधनों के इस्तेमाल की निगरानी के निर्देश दिए हैं। सभी प्रधानाचार्यों को विद्यालयों में लगे सीसीटीवी कैमरे दुरुस्त कराने को कहा गया है। विभाग की तैयारी के अनुसार सभी विद्यालय राज्य स्तरीय ऑनलाइन निगरानी व्यवस्था से जुड़ेंगे। इसका उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता लाना, तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करना है।
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