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शिक्षा मित्र की मौत, परिजनों ने कहा- समायोजन रद्द होने तनाव में थे
Wed, 01 May 2019 08:15 PM IST
प्रशांत कुमार
यूपी डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद
यूपी डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Wed, 01 May 2019 08:15 PM IST
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रोते बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
यूपी के फर्रुखाबाद में गांव हुसैनपुर तराई के प्राथमिक विद्यालय में तैनात शिक्षा मित्र की हालत बिगड़ने के बाद बुधवार सुबह मौत हो गई। परिजनों ने समायोजन रद्द हो जाने में अवसाद में चले जाने से मौत होने को आरोप लगाया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेज दिया।
शमसाबाद विकास खंड के गांव हुसैनपुर तराई निवासी अमर सिंह दिवाकर(44) पुत्र दीनदयाल 2014 में गांव के ही प्राथमिक विद्यालय में शिक्षामित्र के पद पर तैनात हुए थे। बाद में समायोजन होने पर वह सहायक अध्यापक हो गए थे। वह परिवार के साथ फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के भोलेपुर आंबेडकर नगर कॉलोनी में रह रहे थे। बाद में समायोजन रद्द होने पर वह फिर शिक्षामित्र हो गए थे।
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शमसाबाद विकास खंड के गांव हुसैनपुर तराई निवासी अमर सिंह दिवाकर(44) पुत्र दीनदयाल 2014 में गांव के ही प्राथमिक विद्यालय में शिक्षामित्र के पद पर तैनात हुए थे। बाद में समायोजन होने पर वह सहायक अध्यापक हो गए थे। वह परिवार के साथ फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के भोलेपुर आंबेडकर नगर कॉलोनी में रह रहे थे। बाद में समायोजन रद्द होने पर वह फिर शिक्षामित्र हो गए थे।
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परिजनों का आरोप- समायोजन रद्द होने से अमर सिंह अवसाद थे
परिजनों का आरोप है कि जब से समायोजन रद्द हुआ है उसी समय से अमर सिंह अवसाद थे। बुधवार सुबह स्कूल जाने के लिए वह तैयार रहे थे। तभी उनकी अचानक हालत बिगड़ गई। परिजन उन्हें आनन-फानन में लोहिया अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके चाचा राजू दिवकार ने बताया कि समायोजन रद्द होने की वजह से वह चार माह से कुछ ज्यादा ही परेशान थे। इसके चलते ही उनकी मौत हुई है।
खंड शिक्षा अधिकारी शमसाबाद बेगीश गोयल ने बताया कि शिक्षा मित्र अमर सिंह को देखने सुबह वह लोहिया अस्पताल गए थे। समायोजन रद्द होने के सदमे से मौत की उन्हें जानकारी नहीं है। पहले भी पैरालिसिस का अटैक पड़ने की बात बताई गई। बुधवार सुबह फिर अटैक पड़ा, लोहिया अस्पताल लाने तक मौत हो गई। समायोजन रद्द होने की बात को काफी समय हो गया है। शिक्षा मित्र के शव का पोस्टमार्टम डा. नीरज ने किया। इसमें मौत की वजह हृदय गति रुकना बताया गया है।
खंड शिक्षा अधिकारी शमसाबाद बेगीश गोयल ने बताया कि शिक्षा मित्र अमर सिंह को देखने सुबह वह लोहिया अस्पताल गए थे। समायोजन रद्द होने के सदमे से मौत की उन्हें जानकारी नहीं है। पहले भी पैरालिसिस का अटैक पड़ने की बात बताई गई। बुधवार सुबह फिर अटैक पड़ा, लोहिया अस्पताल लाने तक मौत हो गई। समायोजन रद्द होने की बात को काफी समय हो गया है। शिक्षा मित्र के शव का पोस्टमार्टम डा. नीरज ने किया। इसमें मौत की वजह हृदय गति रुकना बताया गया है।