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कारोबारी हत्याकांड: पुलिस का दावा- शालू ने फ्लैट की डुप्लीकेट चाबी बनवाने का काम विशाल को सौंपा था
Wed, 16 Sep 2026 06:28 PM IST
Shikha Pandey
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: Shikha Pandey
Updated Wed, 16 Sep 2026 06:28 PM IST
सार
विनीत मिनोचा हत्याकांड में आरोपी बहू की पुलिस रिमांड अर्जी पर आज सुनवाई नहीं हो सकी। अब सुनवाई 19 सितंबर को होगी।
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दवा कारोबारी हत्याकांड
- फोटो : amar ujala
विस्तार
कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड में जेल भेजी गई विनीत की बहू शालू का पुलिस कस्टडी रिमांड मांगा गया था। विवेचक की अर्जी पर कोर्ट ने बुधवार को शालू को जेल से तलब किया था। साथ ही नौकर विशाल और उसके साथी राजकिशोर को भी जेल से कोर्ट लाया गया था। सीजेएम के अवकाश पर होने के कारण एसीजेएम प्रथम की अदालत में रिमांड पर सुनवाई होनी थी लेकिन अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य बहिष्कार के चलते सुनवाई नहीं हो सकी। कोर्ट ने सुनवाई के लिए 19 सितंबर की तारीख तय की है।
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रिमांड की अर्जी में विवेचक ने दावा किया है कि शालू से जेल में लिए गए बयान में बताया गया है कि उसने फ्लैट की डुप्लीकेट चाबी बनवाने के लिए विशाल को दी थी। विशाल ने परेड में किसी दुकानदार से चाबी बनवाई थी। फ्लैट की चार चाबियां थी जिसमें दो चाबी फ्लैट के अंदर रखी रहती थीं। उनमें से एक चाबी विशाल को दी गई थी। शालू ने कौन सी चाबी विशाल को दी थी उसकी बरामदगी करनी है और विशाल ने परेड में जिस दुकानदार से चाबी बनवाई थी उस जगह की ही तस्दीक पुलिस को करनी है।
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पुलिस का यह भी कहना है कि शालू ने ही विशाल को अपार्टमेंट में घुसने के लिए सारी व्यवस्था करवाई थी। उसे गमछा व कुछ कपड़े भी दिए गए थे। इन सब बातों की जानकारी भी रिमांड के दौरान करनी है। इसके लिए पुलिस को 24 घंटे का रिमांड दिया जाए। वहीं शालू के अधिवक्ता शिवाकांत दीक्षित का कहना है कि रिमांड अर्जी का कोर्ट में विरोध किया जाएगा। जो कारण बताया गया है वह रिमांड का कोई आधार नहीं है। पुलिस फर्जी बरामदगी दिखाकर कहानी गढ़ना चाहती है। कोर्ट में सुनवाई के दौरान पक्ष रखा जाएगा।