{"_id":"698f85434f031037a1036d81","slug":"rte-three-days-left-over-9500-applications-pending-verification-kanpur-news-c-362-1-lu11014-141575-2026-02-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"आरटीई : तीन दिन शेष, सत्यापन के लिए 9500 से अधिक आवेदन लंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरटीई : तीन दिन शेष, सत्यापन के लिए 9500 से अधिक आवेदन लंबित
विज्ञापन
कानपुर। आरटीई के तहत निजी विद्यालयों में बच्चों के प्रवेश के लिए आवेदन और उनका सत्यापन करने की अंतिम तिथि 17 फरवरी है। अब तक कुल 10058 आवेदन आ चुके हैं, लेकिन उनके सत्यापन की रफ्तार सुस्त है। दो फरवरी से शुरू हुई प्रक्रिया में खंड शिक्षा अधिकारियों की ओर से 437 आवेदन का सत्यापन किया गया है। वहीं 9500 से अधिक आवेदन लंबित हैं। बीएसए स्तर पर भी महज 275 आवेदनों का सत्यापन हो पाया है।
बीएसए कार्यालय के आंकड़ों के अनुसार नगर निगम क्षेत्र में सर्वाधिक 9388 आवेदन आए जिनमें 9229 लंबित हैं। कल्याणपुर में 241 में 88, बिधनू में 112 में 80 आवेदन लंबित हैं। घाटमपुर ब्लॉक में 29 में एक भी सत्यापन नहीं हुआ, जबकि नगर पालिका परिषद घाटमपुर के 44 आवेदन भी स्वीकृति की प्रतीक्षा में हैं। लाजपतनगर निवासी अभिभावक आयुष सिंह ने बताया कि कई दिनों से आवेदन सत्यापन की स्थित नहीं बदल रही है, जिससे बच्चों के प्रवेश को लेकर चिंता बनी हुई है।
पूजा ने कहा कि पोर्टल की सुस्त रफ्तार से पहले तो आवेदन ही नहीं हो पा रहे थे, अब सत्यापन भी लटका है। बीएसए सरजीत कुमार सिंह ने तकनीकी समस्या स्वीकार करते हुए कहा कि इस संबंध में उच्चाधिकारियों को सूचित कर दिया गया है। समय सीमा के भीतर लंबित आवेदनों का निस्तारण करने का प्रयास किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बीएसए कार्यालय के आंकड़ों के अनुसार नगर निगम क्षेत्र में सर्वाधिक 9388 आवेदन आए जिनमें 9229 लंबित हैं। कल्याणपुर में 241 में 88, बिधनू में 112 में 80 आवेदन लंबित हैं। घाटमपुर ब्लॉक में 29 में एक भी सत्यापन नहीं हुआ, जबकि नगर पालिका परिषद घाटमपुर के 44 आवेदन भी स्वीकृति की प्रतीक्षा में हैं। लाजपतनगर निवासी अभिभावक आयुष सिंह ने बताया कि कई दिनों से आवेदन सत्यापन की स्थित नहीं बदल रही है, जिससे बच्चों के प्रवेश को लेकर चिंता बनी हुई है।
विज्ञापन
पूजा ने कहा कि पोर्टल की सुस्त रफ्तार से पहले तो आवेदन ही नहीं हो पा रहे थे, अब सत्यापन भी लटका है। बीएसए सरजीत कुमार सिंह ने तकनीकी समस्या स्वीकार करते हुए कहा कि इस संबंध में उच्चाधिकारियों को सूचित कर दिया गया है। समय सीमा के भीतर लंबित आवेदनों का निस्तारण करने का प्रयास किया जा रहा है।
विज्ञापन