{"_id":"6ac5440515775241b707f0b4","slug":"register-births-and-deaths-on-time-avoid-delays-kanpur-news-c-214-1-knj1007-157298-2026-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur News: समय से जन्म-मृत्यु का पंजीकरण कराएं, विलंब से बचें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur News: समय से जन्म-मृत्यु का पंजीकरण कराएं, विलंब से बचें
विज्ञापन
कन्नौज। जन्म एवं मृत्यु का पंजीकरण निर्धारित समया में अनिवार्य रूप से कराएं। ताकि संबंधित युवक को भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने बताया कि जन्म-मृत्यु पंजीकरण अधिनियम प्रावधानों के तहत निर्धारित अवधि के पश्चात पंजीकरण के लिए विलंब शुल्क एवं सक्षम अधिकारी की अनुमति का प्रावधान है। यह बात सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने कही।
सीएमओ ने बताया कि जन्म अथवा मृत्यु की घटना के 21 दिन के भीतर पंजीकरण कराने पर निशुल्क प्रमाण-पत्र प्राप्त किया जा सकता है। निर्धारित अवधि के बाद पंजीकरण कराने पर नियमानुसार विलंब शुल्क देय होगा। 30 दिन के पश्चात, एक वर्ष के भीतर तथा एक वर्ष के बाद पंजीकरण के लिए क्रमशः 20, 50 एवं 100 विलंब शुल्क निर्धारित है।
उन्होंने बताया कि यदि जन्म अथवा मृत्यु की सूचना एक वर्ष के बाद, लेकिन दो वर्ष के भीतर दी जाती है तो पंजीकरण जिला रजिस्ट्रार, उप-विभागीय मजिस्ट्रेट अथवा जिला मजिस्ट्रेट की ओर से अधिकृत कार्यकारी मजिस्ट्रेट के आदेश पर किया जाएगा। वहीं, दो वर्ष से अधिक समय बीत जाने पर पंजीकरण प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट के आदेश के पश्चात किया जाएगा। जन्म एवं मृत्यु का पंजीकरण संबंधित घटनास्थल के स्थानीय रजिस्ट्रार (जन्म एवं मृत्यु) से कराया जाना चाहिए।
विज्ञापन
उन्होंने विशेष रूप से अभिभावकों से अपील की कि नवजात शिशु के जन्म का पंजीकरण समय से कराकर जन्म प्रमाण-पत्र अवश्य प्राप्त करें। जन्म प्रमाण-पत्र बच्चे के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण दस्तावेज है तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ प्राप्त करने में उपयोगी होता है। उन्होंने बताया कि जन्म पंजीकरण के लिए ऑनलाइन सुविधा भी उपलब्ध है। नागरिक पोर्टल dc.crsorgi.gov.in के माध्यम से जन्म के 21 दिन तक अभिभावक स्वयं आवेदन कर सकते हैं।
विज्ञापन
सीएमओ ने बताया कि जन्म अथवा मृत्यु की घटना के 21 दिन के भीतर पंजीकरण कराने पर निशुल्क प्रमाण-पत्र प्राप्त किया जा सकता है। निर्धारित अवधि के बाद पंजीकरण कराने पर नियमानुसार विलंब शुल्क देय होगा। 30 दिन के पश्चात, एक वर्ष के भीतर तथा एक वर्ष के बाद पंजीकरण के लिए क्रमशः 20, 50 एवं 100 विलंब शुल्क निर्धारित है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि यदि जन्म अथवा मृत्यु की सूचना एक वर्ष के बाद, लेकिन दो वर्ष के भीतर दी जाती है तो पंजीकरण जिला रजिस्ट्रार, उप-विभागीय मजिस्ट्रेट अथवा जिला मजिस्ट्रेट की ओर से अधिकृत कार्यकारी मजिस्ट्रेट के आदेश पर किया जाएगा। वहीं, दो वर्ष से अधिक समय बीत जाने पर पंजीकरण प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट के आदेश के पश्चात किया जाएगा। जन्म एवं मृत्यु का पंजीकरण संबंधित घटनास्थल के स्थानीय रजिस्ट्रार (जन्म एवं मृत्यु) से कराया जाना चाहिए।
विज्ञापन
उन्होंने विशेष रूप से अभिभावकों से अपील की कि नवजात शिशु के जन्म का पंजीकरण समय से कराकर जन्म प्रमाण-पत्र अवश्य प्राप्त करें। जन्म प्रमाण-पत्र बच्चे के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण दस्तावेज है तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ प्राप्त करने में उपयोगी होता है। उन्होंने बताया कि जन्म पंजीकरण के लिए ऑनलाइन सुविधा भी उपलब्ध है। नागरिक पोर्टल dc.crsorgi.gov.in के माध्यम से जन्म के 21 दिन तक अभिभावक स्वयं आवेदन कर सकते हैं।