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Kanpur News: चार दिन में छिनी नगर ग्रामीण लोहिया वाहिनी की अध्यक्षी, पार्टी से भी निष्कासित
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कानपुर। समाजवादी पार्टी की नगर ग्रामीण जिला इकाई के लोहिया वाहिनी के जिलाध्यक्ष अमर बहादुर सिंह यादव को चार दिन में ही पद से हटा दिया गया। इसके साथ ही यादव को पार्टी से भी निष्कासित कर दिया गया। सपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य अरविंद सिंह की ओर से जारी पत्र में किसी आरोप का जिक्र नहीं किया गया।
समाजवादी लोहिया वाहिनी के प्रदेश अध्यक्ष रामकरन निर्मल ने 27 जून को पत्र जारी करके अमर बहादुर सिंह यादव को लोहिया वाहिनी का जिलाध्यक्ष नामित किया था। अध्यक्ष बनते ही उनके खिलाफ पार्टी के ही लोगों ने सोशल मीडिया पर अभियान छेड़ दिया। यादव के ऊपर चार मुकदमों के मैसेज के साथ एफआईआर की प्रति भी वायरल की गई थी। हालांकि नगर ग्रामीण इकाई के जिलाध्यक्ष पूर्व विधायक मुनींद्र शुक्ला उनके बचाव में रहे हैं। उनका कहना है कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व का फैसला स्वीकार है। इस संबंध में राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य का फोन उनके पास आया था।
वहीं, पद से हटाए गए अमर बहादुर यादव का कहना है कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व का फैसला मानेंगे लेकिन राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिलकर अपना पक्ष जरूर रखेंगे। वह पूरी तरह समाजवादी हैं और रहेंगे। उनके बारे में शीर्ष नेतृत्व से क्या-क्या शिकायत की गई, यह अभी पता नहीं है।
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समाजवादी लोहिया वाहिनी के प्रदेश अध्यक्ष रामकरन निर्मल ने 27 जून को पत्र जारी करके अमर बहादुर सिंह यादव को लोहिया वाहिनी का जिलाध्यक्ष नामित किया था। अध्यक्ष बनते ही उनके खिलाफ पार्टी के ही लोगों ने सोशल मीडिया पर अभियान छेड़ दिया। यादव के ऊपर चार मुकदमों के मैसेज के साथ एफआईआर की प्रति भी वायरल की गई थी। हालांकि नगर ग्रामीण इकाई के जिलाध्यक्ष पूर्व विधायक मुनींद्र शुक्ला उनके बचाव में रहे हैं। उनका कहना है कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व का फैसला स्वीकार है। इस संबंध में राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य का फोन उनके पास आया था।
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वहीं, पद से हटाए गए अमर बहादुर यादव का कहना है कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व का फैसला मानेंगे लेकिन राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिलकर अपना पक्ष जरूर रखेंगे। वह पूरी तरह समाजवादी हैं और रहेंगे। उनके बारे में शीर्ष नेतृत्व से क्या-क्या शिकायत की गई, यह अभी पता नहीं है।
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