{"_id":"604b36f121dd1358d64866e0","slug":"preparations-to-destroy-missiles-in-maharashtra","type":"story","status":"publish","title_hn":"मिसाइलों को महाराष्ट्र में नष्ट करने की तैयारी, 16 वर्ष पहले विदेश से खरीदे स्क्रैप में आई थीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मिसाइलों को महाराष्ट्र में नष्ट करने की तैयारी, 16 वर्ष पहले विदेश से खरीदे स्क्रैप में आई थीं
Fri, 12 Mar 2021 03:10 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Fri, 12 Mar 2021 03:10 PM IST
विज्ञापन
भूमिगत जिंदा मिसाइल
- फोटो : demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कानपुर के जूही कंटेनर डिपो में रखीं सात जीवित और 70 मिसफायर मिसाइलों को अब महाराष्ट्र के वर्धा जिले में नष्ट करने की तैयारी चल रही है। कानपुर में इन मिसाइलों को निष्क्रिय करने के न तो संसाधन हैं और न ही उचित स्थान।
सीमा शुल्क विभाग ने तो पहले ही हाथ खड़े कर दिए थे। जिला प्रशासन और सेना के अधिकारियों के बीच हुई चर्चा के बाद तय हुआ कि इसे यहां नष्ट नहीं किया जाएगा। सात जीवित और 70 मिसफायर मिसाइलें जूही कंटेनर डिपो में रखी हैं।
गोविंदपुरी पुल के नीचे घनी आबादी के बीच यह डिपो मौजूद है। 16 वर्ष पहले शिकोहाबाद की प्रहलाद स्टील कंपनी ने संयुक्त अरब अमीरात से स्क्रैप आयात किया था। इसे जूही डिपो में ही उतारा गया था। स्क्रैप में ही ये मिसाइलें थीं।
विज्ञापन
16 वर्षों से इन्हें निष्क्रिय करने के लिए फाइलें इधर से उधर दौड़ रही हैं लेकिन हल नहीं निकला। एटीएम सिटी अतुल कुमार ने बताया कि अब सेना ने इन्हें महाराष्ट्र के वर्धा जिले में निष्क्रिय करने की योजना बनाई हैं।
विज्ञापन
सीमा शुल्क विभाग ने तो पहले ही हाथ खड़े कर दिए थे। जिला प्रशासन और सेना के अधिकारियों के बीच हुई चर्चा के बाद तय हुआ कि इसे यहां नष्ट नहीं किया जाएगा। सात जीवित और 70 मिसफायर मिसाइलें जूही कंटेनर डिपो में रखी हैं।
विज्ञापन
गोविंदपुरी पुल के नीचे घनी आबादी के बीच यह डिपो मौजूद है। 16 वर्ष पहले शिकोहाबाद की प्रहलाद स्टील कंपनी ने संयुक्त अरब अमीरात से स्क्रैप आयात किया था। इसे जूही डिपो में ही उतारा गया था। स्क्रैप में ही ये मिसाइलें थीं।
विज्ञापन
16 वर्षों से इन्हें निष्क्रिय करने के लिए फाइलें इधर से उधर दौड़ रही हैं लेकिन हल नहीं निकला। एटीएम सिटी अतुल कुमार ने बताया कि अब सेना ने इन्हें महाराष्ट्र के वर्धा जिले में निष्क्रिय करने की योजना बनाई हैं।