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जीवित को मृत बता बंद कर दी पेंशन, कार्रवाई के निर्देश
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कानपुर देहात। भोगनीपुर तहसील में शनिवार को डीएम ने पूर्व के संपूर्ण समाधान दिवस में आई नौ शिकायतों के निस्तारण की हकीकत जांची। सत्यापन में सिर्फ एक शिकायत का निस्तारण गुणवत्तापरक मिला। आठ शिकायतों के निस्तारण बेहद निमभन श्रेणी के पाए गए। अमरौधा ब्लॉक के दुर्गदासपुर की बुजुर्ग महिला को मृत बताकर पेंशन बंद करने का खुलासा हुआ। एसडीएम भोगनीपुर को सरसरी जांच करने वाले अधिकारी पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
अमरौधा ब्लॉक के दुर्गदासपुर की बुजुर्ग रानी देवी ने 21 अगस्त को भोगनीपुर तहसील में वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने की शिकायत की थी। ब्लॉक के अधिकारी ने शासन से पैसा आने पर खाते में पेंशन पहुंचने की टिप्पणी कर शिकायत निस्तारित कर दी। वहीं, 4 सितंबर को भोगनीपुर तहसील में डीएम जेपी सिंह ने शिकायतों के निस्तारण की हकीकत जांची। रानी देवी के प्रकरण का सत्यापन सहायक निबंधक सहकारिता से कराया गया। शिकायतकर्ता के पति रामनाथ ने फोन पर बताया कि पत्नी की पेंशन नहीं आई है।
इधर, समाज कल्याण अधिकारी ने बताया कि कार्यालय रिकार्ड के अनुसार रानी देवी मृतक है। वहीं, गांव के प्रधान आशीष ने जांच अधिकारी को बताया कि वृद्धा जीवित है। डीएम ने एसडीएम भोगनीपुर को प्रकरण की जांच कर लापरवाही करने वाले अधिकारी पर कार्रवाई के निर्देश दिए। इसी गांव के दूसरे प्रकरण में रामप्रकाश की वृद्धावस्था पेंशन बंद होने की शिकायत का सत्यापन उपायुक्त मनरेगा से कराया गया। ब्लॉक अमरौधा के जांच अधिकारी ने पेंशन फार्म डिजिटल करके समाज कल्याण विभाग को भेजने और पैसा आने पर खाते में भेजने की टिप्पणी दर्ज कर शिकायत निस्तारित की थी। उपायुक्त मनरेगा की जांच में पेंशन बंद होने का कारण पता नहीं चल सका। स्तरीय निस्तारण नहीं होने पर डीएम ने समाज कल्याण अधिकारी ने जवाब तलब किया है।
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शौचालय की किस्त अटकी, बीडीओ से स्पष्टीकरण तलब
कानपुर देहात। अमरौधा ब्लॉक के बिरोहा निवासी प्रियंका पाल को ग्राम निधि खाता संचालित न होने से शौचालय की किस्त का भुगतान नहीं हुआ। उसने 21 अगस्त को संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायत कर किस्त की मांग की। बीडीओ अमरौधा ने 28 अगस्त की जांच में प्रधान व सचिव का ग्राम निधि खाता बंद होने और ग्राम प्रधान के संयुक्त बैंक खाता खुलवाने से इन्कार का जिक्र कर किस्त भुगतान न करने की बात कही और शिकायत निस्तारित कर दी। डीएम के निर्देश पर जिला विकास अधिकारी ने सत्यापन किया। इसमें समस्या समाधान नहीं होने की बात शिकायतकर्ता ने कही। डीएम जेपी सिंह ने सीडीओ को शिकायत समाधान कराने और बीडीओ अमरौधा का स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए हैं। (संवाद)
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अमरौधा ब्लॉक के दुर्गदासपुर की बुजुर्ग रानी देवी ने 21 अगस्त को भोगनीपुर तहसील में वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने की शिकायत की थी। ब्लॉक के अधिकारी ने शासन से पैसा आने पर खाते में पेंशन पहुंचने की टिप्पणी कर शिकायत निस्तारित कर दी। वहीं, 4 सितंबर को भोगनीपुर तहसील में डीएम जेपी सिंह ने शिकायतों के निस्तारण की हकीकत जांची। रानी देवी के प्रकरण का सत्यापन सहायक निबंधक सहकारिता से कराया गया। शिकायतकर्ता के पति रामनाथ ने फोन पर बताया कि पत्नी की पेंशन नहीं आई है।
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इधर, समाज कल्याण अधिकारी ने बताया कि कार्यालय रिकार्ड के अनुसार रानी देवी मृतक है। वहीं, गांव के प्रधान आशीष ने जांच अधिकारी को बताया कि वृद्धा जीवित है। डीएम ने एसडीएम भोगनीपुर को प्रकरण की जांच कर लापरवाही करने वाले अधिकारी पर कार्रवाई के निर्देश दिए। इसी गांव के दूसरे प्रकरण में रामप्रकाश की वृद्धावस्था पेंशन बंद होने की शिकायत का सत्यापन उपायुक्त मनरेगा से कराया गया। ब्लॉक अमरौधा के जांच अधिकारी ने पेंशन फार्म डिजिटल करके समाज कल्याण विभाग को भेजने और पैसा आने पर खाते में भेजने की टिप्पणी दर्ज कर शिकायत निस्तारित की थी। उपायुक्त मनरेगा की जांच में पेंशन बंद होने का कारण पता नहीं चल सका। स्तरीय निस्तारण नहीं होने पर डीएम ने समाज कल्याण अधिकारी ने जवाब तलब किया है।
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शौचालय की किस्त अटकी, बीडीओ से स्पष्टीकरण तलब
कानपुर देहात। अमरौधा ब्लॉक के बिरोहा निवासी प्रियंका पाल को ग्राम निधि खाता संचालित न होने से शौचालय की किस्त का भुगतान नहीं हुआ। उसने 21 अगस्त को संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायत कर किस्त की मांग की। बीडीओ अमरौधा ने 28 अगस्त की जांच में प्रधान व सचिव का ग्राम निधि खाता बंद होने और ग्राम प्रधान के संयुक्त बैंक खाता खुलवाने से इन्कार का जिक्र कर किस्त भुगतान न करने की बात कही और शिकायत निस्तारित कर दी। डीएम के निर्देश पर जिला विकास अधिकारी ने सत्यापन किया। इसमें समस्या समाधान नहीं होने की बात शिकायतकर्ता ने कही। डीएम जेपी सिंह ने सीडीओ को शिकायत समाधान कराने और बीडीओ अमरौधा का स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए हैं। (संवाद)