{"_id":"62903bf30fbdf3704e10ae34","slug":"loan-fraud-in-kanpur-gang-busted-for-grabbing-loans-worth-lakhs-on-fake-documents-three-arrested","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Loan Fraud: फर्जी दस्तावेजों पर लाखों का लोन हड़पने वाली गैंग का राजफाश, तीन गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Loan Fraud: फर्जी दस्तावेजों पर लाखों का लोन हड़पने वाली गैंग का राजफाश, तीन गिरफ्तार
Fri, 27 May 2022 08:21 AM IST
हिमांशु अवस्थी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: हिमांशु अवस्थी
Updated Fri, 27 May 2022 08:21 AM IST
सार
उत्तर प्रदेश के कानपुर में ठगी का एक दिलचस्प किस्सा सामने आया है। वैसे तो ठगी के ज्यादातर मामले नियम तोड़कर होते हैं, लेकिन यहां फर्जी दस्तावेजों के आधार पर लाखों के लोन पास कराए गए हैं।
विज्ञापन
पुलिस की गिरफ्त में आरोपी तीनों युवक
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कानपुर में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर लाखों का लोन पास कराने वाले गिरोह का पुलिस ने गुरुवार को राजफाश किया। तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। ठग चार बार में बीस लाख रुपये का लोन लेकर बैंकों को चूना लगा चुके थे। बैंकों की शिकायत पर पुलिस ने खेल का खुलासा किया।
विज्ञापन
बंधन बैंक की अशोक नगर शाखा के मैनेजर रवि ओमर ने तीन दिन पहले नजीराबाद थाने में तहरीर दी थी। रवि ने दावा किया था कि आशीष खन्ना नाम से किसी पंकज शुक्ला नाम के शख्स ने छह लाख रुपये के लोन का आवेदन किया है। लोन मंजूर हो चुका था, लेकिन आशंका पर रकम खाते में ट्रांसफर नहीं की गई।
विज्ञापन
दस्तावेज खंगाले गए, तो पता चला कि आधार कार्ड समेत तमाम कागजात फर्जी हैं। तब पुलिस से शिकायत की। एडीसीपी साउथ मनीष सोनकर ने मामले में तत्काल जांच शुरू की। इसके बाद उन्नाव निवासी पंकज शुक्ला, रेलबाजार के चंदन शुक्ला व नयागंज के अनिल तिवारी को गिरफ्तार किया गया।
विज्ञापन
अनिल है गिरोह का सरगना
एडीसीपी के मुताबिक अनिल गिरोह का सरगना है। पूरा खेल उसी के इशारे पर होता है। पंकज फर्जी दस्तावेज तैयार कराता है। पुलिस को आशंका है कि कई अन्य बैंकों को भी आरोपियों ने चपत लगाई होगी। आरोपियों के खाते खंगाले जा रहे हैं। आरोपियों के पास से फर्जी आधार कार्ड, प्रिंटर, सीपीयू, स्कैनर आदि बरामद हुआ।
एडीसीपी के मुताबिक अनिल गिरोह का सरगना है। पूरा खेल उसी के इशारे पर होता है। पंकज फर्जी दस्तावेज तैयार कराता है। पुलिस को आशंका है कि कई अन्य बैंकों को भी आरोपियों ने चपत लगाई होगी। आरोपियों के खाते खंगाले जा रहे हैं। आरोपियों के पास से फर्जी आधार कार्ड, प्रिंटर, सीपीयू, स्कैनर आदि बरामद हुआ।