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Kanpur: अधिकारियों ने छुपाई जानकारी, नहीं हो पाई भूमाफिया पर कार्रवाई, पढ़ें पूरा मामला
Sat, 15 Oct 2022 08:25 AM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sat, 15 Oct 2022 08:25 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
कानपुर में गंगा बैराज के उस पार कटरी शंकरपुर सराय की सरकारी जमीनों पर कब्जे को लेकर चल रही एसआईटी जांच इस वजह से रुकी हुई है, क्याेंकि इस जमीन की खतौनी व दूसरे कागजात की जानकारी राजस्व व तहसील प्रशासन एसआईटी को नहीं दे रहा है। यह आरोप एसआईटी की ओर से जिलाधिकारी को पत्र भेजकर लगाया गया है।
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शुक्रवार को इस मामले को जिला विकास समन्वय और निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में भी उठाया गया। सांसद देवेंद्र सिंह ने दिशा के अध्यक्ष को लिखित पत्र देकर इस गंभीर प्रकरण पर कार्रवाई की मांग की। इस पर अध्यक्ष ने जिलाधिकारी को निर्देशित किया कि जांच में विलंब करने वाले दोषी अधिकारियों के विरुद्घ कार्रवाई करें। साथ ही की गई कार्रवाई रिपोर्ट ग्रामीण विकास मंत्रालय को भेजें। कटरी शंकरपुर सराय की सरकारी जमीन जिसमें राजस्व की भूमि, पुलिस की शूटिंग रेंज की जमीन, सिंचाई विभाग की जमीन पर कब्जा है।
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इस संबंध में एसआईटी ने जिला प्रशासन से जून में एक पत्र भेजकर इन जमीनों को फर्जी तरीके से बेचने व खरीदने वाली कंपनी, फर्म और इससे जुड़े लोगों के नाम व जमीनों का पूरा विवरण देने को कहा था, जिससे वह जांच को आगे बढ़ा सकें। आरोप है कि अभी तक यह जानकारी एसआईटी को नहीं दी गई है।
इन गांवों में हैं जमीनें
कटरी शंकरपुर सराय, लुधवा खेड़ा, कटरी, लक्ष्मीखेड़ा की करीब 200 बीघा जमीनें शामिल हैं।
इन गांवों में हैं जमीनें
कटरी शंकरपुर सराय, लुधवा खेड़ा, कटरी, लक्ष्मीखेड़ा की करीब 200 बीघा जमीनें शामिल हैं।
इन जमीनों पर अवैध कब्जे को लेकर पूर्व में जो भ्रामक रिपोर्ट शासन को भेजी गई थी, उसकी वजह से ही मुख्यमंत्री की ओर से इस मामले की जांच एसआईटी को दी गई थी। इसके बावजूद एडीएम वित्त एवं राजस्व व एसडीएम सदर की ओर एसआईटी को जानकारी नहीं दी गई है। इसी वजह से मामले को फिर से उठाया गया है।- देवेंद्र सिंह भोले, सांसद, अकबरपुर रनियां