फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Kanpur Mandhana Char Yojana will be implemented after 16 years acquisition of 26.84 hectares of land

Kanpur: 16 साल बाद धरातल पर उतरेगी मंधना चार योजना, छह अगस्त को 26.84 हेक्टेयर भूमि के अधिग्रहण की होगी घोषणा

Sun, 27 Jul 2025 06:44 AM IST
हिमांशु अवस्थी रजत यादव, अमर उजाला, कानपुर
रजत यादव, अमर उजाला, कानपुर Published by: हिमांशु अवस्थी Updated Sun, 27 Jul 2025 06:44 AM IST
सार

Kanpur News: आवास विकास परिषद की योजना संख्या चार के तहत मंधना के पांच गांवों की जमीन पर आवासीय भूखंड बनाए जाएंगे। इसमें 700 किसानों की परगही बांगर की 21.39 हेक्टेयर, बगदौधी बांगर की 8.29 हेक्टेयर, बगदौधी कछार की 34.95 हेक्टेयर, पेम की 108.42 हेक्टेयर व बिरतियान बिठूर की 26.84 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहीत की जानी है।

विज्ञापन
Kanpur Mandhana Char Yojana will be implemented after 16 years acquisition of 26.84 hectares of land
आवास विकास परिषद - फोटो : amar ujala

विस्तार

कानपुर में आवास विकास परिषद की आवास विकास मंधना संख्या चार योजना 16 वर्ष बाद धरातल पर उतरने जा रही है। छह अगस्त को जिला प्रशासन योजना की जद में आने वाले पांच गांव में से एक गांव बिरतियान बिठूर की 26.84 हेक्टेयर भूमि के अधिग्रहण की घोषणा करेगा। इसके लिए गांव के करीब 255 किसानों को नोटिस भेज दिया गया है। अगर सब कुछ ठीक रहा तो अधिग्रहण की घोषणा होते ही मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। किसानों को 2009 के सर्किल रेट के आधार पर मुआवजा देने का फैसला किया गया है।

विज्ञापन

आवास विकास परिषद ने वर्ष 2009 में मंधना से बिठूर के बीच में (परगही बांगर, बगदौधी बांगर, बगदौधी कछार, पेम, बिरतियान गांव) में 199.91 हेक्टेयर जमीन अर्जन की प्रक्रिया शुरू कर दी थी। इसके लिए गजट भी जारी कर दिया था, लेकिन किसी कारण से योजना कागजों में ही अटकी रह गई। कई बार भूमि अधिग्रहण की योजना बनाई गई, लेकिन किसान मुआवजे की राशि बढ़ाने की मांग पर अड़े रहे। जून 2024 में तत्कालीन एडीएम भूमि और आवास विकास परिषद के अधिकारियों ने गांव-गांव जाकर किसानों की आपत्तियां सुनीं।

विज्ञापन

500 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार कर राजस्व परिषद को भेजा था
कई किसानों ने तत्कालीन सर्किल रेट के अनुसार, तो कई किसानों ने आठ गुना मुआवजा देने की मांग की। आवास विकास परिषद की इसी साल फरवरी में हुई 26वीं बोर्ड बैठक में वर्ष 2014 के सर्किल रेट पर मुआवजा देने का निर्णय लिया गया। इस पर एडीएम भूमि ने करीब 500 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार कर राजस्व परिषद को भेजा था। हालांकि इस पर भी किसान राजी नहीं हुए। इसके बाद मार्च में शासन ने फिर से 2009 सर्किट रेट के अनुसार गजट जारी होने की तारीख से लेकर अब तक के ब्याज समेत मुआवजा देने का अंतिम निर्णय लिया, लेकिन किसान ज्यादा मुआवजा देने की मांग पर अड़े रहे।

विज्ञापन

छह अगस्त को जमीन अधिग्रहण की घोषणा की जाएगी
अब शासन ने जिलाधिकारी को पत्र भेजकर योजना के तहत छह अगस्त को जमीन अधिग्रहीत करने की आधिकारिक रूप से घोषणा करने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए जिला प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है। एडीएम भूमि संतोष कुमार राय ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार छह अगस्त को बिरतियान बिठूर गांव की जमीन के अधिग्रहण की घोषणा की जाएगी। इसके बाद अन्य गांवों में जमीन अधिग्रहीत की जाएगी। 2009 के सर्किल रेट के अनुसार गजट जारी होने की तिथि से अब तक के ब्याज समेत किसानों को मुआवजा दिया जाएगा।

विज्ञापन

पहले सिर्फ एक गांव की 26 हेक्टेयर भूमि का होगा अधिग्रहण
किसानों की रजामंदी न होने के कारण जिला प्रशासन पहले सिर्फ बिरतियान बिठूर की 26.84 हेक्टेयर जमीन के अधिग्रहण की घोषणा करने जा रहा है। इस गांव के करीब 255 किसानों की जमीन है। सभी को नोटिस जारी किया जा चुका है।

पांच गांवों की 199.91 हेक्टेयर जमीन पर बनाए जाएंगे भूखंड
आवास विकास परिषद की योजना संख्या चार के तहत मंधना के पांच गांवों की जमीन पर आवासीय भूखंड बनाए जाएंगे। इसमें 700 किसानों की परगही बांगर की 21.39 हेक्टेयर, बगदौधी बांगर की 8.29 हेक्टेयर, बगदौधी कछार की 34.95 हेक्टेयर, पेम की 108.42 हेक्टेयर व बिरतियान बिठूर की 26.84 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहीत की जानी है। अभी सिर्फ बिरतियान बिठूर की जमीन अधिग्रहीत की जाएगी। इसके बाद शेष गांवों की जमीन अधिग्रहीत होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed