Kanpur: जाजमऊ एसटीपी का कचरा कॉलोनी के बाहर फेंका, सांस लेना दूभर…बीमारी की आशंका, लोगों का विरोध
Kanpur News: कॉलोनी में रह रहे जल निगम और जलकल विभाग कर्मियों ने बताया कि सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट से निकलने वाला स्लज पहले कानपुर देहात स्थित रैमकी के प्लांट में निस्तारण के लिए भेजा जाता था। इसका भुगतान नगर निगम करता है।
विस्तार
कानपुर में जाजमऊ सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट से निकल रहा स्लज (खतरनाक कचरा) पास में स्थित जल निगम कॉलोनी के बाहर फेंका जा रहा है। इससे सांस लेना दूभर हो गया है। कॉलोनी की महिलाओं ने विरोध किया। कचरा फेंकने डंपर के साथ आए कर्मियों से नोकझोंक भी हुई। वहां रहने वालों ने नगर आयुक्त सुधीर कुमार से जांच कराकर कार्रवाई करने और स्लज हटवाने की मांग की है।
लोगों ने नगर निगम के अधिकारियों और ठेकेदार पर मिलीभगत का आरोप लगाया है। जल निगम कॉलोनी निवासी सुमन सक्सेना, प्रीति सिंह, गीता, नेहा, शकुंतला, नीलू, रमाकांति आदि ने बताया कि छह दिन से सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट से निकल रहा स्लज टैंकरों से कॉलोनी के गेट के पास फेंका जा रहा है। इससे निकलने वाली मीथेन गैस से लोग बीमार हो रहे हैं।
ठेकेदार और नगर निगम के अधिकारियों की मिलीभगत
कॉलोनी में रह रहे जल निगम और जलकल विभाग कर्मियों ने बताया कि सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट से निकलने वाला स्लज पहले कानपुर देहात स्थित रैमकी के प्लांट में निस्तारण के लिए भेजा जाता था। इसका भुगतान नगर निगम करता है। आरोप लगाया कि ठेकेदार, नगर निगम के अधिकारियों की मिलीभगत से खतरनाक कचरे को यहां फिंकवा रहा है। उधर, इस संबंध में नगर निगम के अधिशासी अभिंयता (प्रोजेक्ट) दिवाकर भास्कर ने जानकारी से इन्कार किया है।