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Inspiration: इशारों से सपनों को दे रहे उड़ान, शोर मचाती मूक बधिर बच्चों की सफलता, कोच सत्येंद्र बने मार्गदर्शक

Thu, 02 Apr 2026 09:49 PM IST
Himanshu Awasthi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: Himanshu Awasthi Updated Thu, 02 Apr 2026 09:49 PM IST
सार

Kanpur News: शहर के कोच सत्येंद्र सिंह यादव प्रेरणा स्पेशल स्कूल के माध्यम से मूक-बधिर बच्चों को अंतरराष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी बना रहे हैं। उनके शिष्य कृष्णा अग्रवाल ने स्वीडन में और आदर्श ने नेशनल स्केटिंग में स्वर्ण जीतकर शहर का नाम रोशन किया है।

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Kanpur Giving Wings to Dreams Resounding Success of Deaf and Mute Children  Coach Satyendra
दिव्यांग खिलाड़ियों को ट्रेनिंग देते कोच सत्येंद्र यादव - फोटो : amar ujala

विस्तार

जन्म से बोलने और सुनने में असमर्थ बच्चों के जीवन को नई दिशा देने में शहर के कोच सत्येंद्र सिंह यादव महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। प्रेरणा स्पेशल स्कूल में खेल प्रशिक्षक के रूप में कार्यरत सत्येंद्र ने अब तक कई विशेष खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं तक पहुंचाया है। उनके मार्गदर्शन में प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले खिलाड़ियों ने खेल के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है।

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उनकी देखरेख में प्रशिक्षण पाकर शहर निवासी विशेष खिलाड़ी कृष्णा अग्रवाल ने भारतीय स्पेशल फुटबॉल टीम में जगह बनाई और स्वीडन में हुए गोथिया कप में देश को जीत दिलाने में अहम योगदान दिया। वहीं हाशिम ने एथलेटिक्स, प्रीति ने सॉफ्टबॉल थ्रो और आदर्श ने स्केटिंग में स्वर्ण पदक जीतकर अपनी प्रतिभा साबित की। ताइक्वांडो में प्रशिक्षण लेकर विशाल साई सेंटर तक पहुंचने में सफल रहे।

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बच्चे वैश्विक मंच पर अपनी पहचान बना सकते हैं
सत्येंद्र इशारों की भाषा के माध्यम से बच्चों को खेल की बारीकियां सिखाते हैं और उनके आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाते हैं। उनका मानना है कि जिन्हें समाज अक्सर कमजोर समझता है, वे वास्तव में असाधारण प्रतिभा के धनी होते हैं। सही मार्गदर्शन मिलने पर ये बच्चे वैश्विक मंच पर अपनी पहचान बना सकते हैं। वह प्रत्येक खिलाड़ी की क्षमता को समझकर उसके अनुसार खेल का चयन करते हैं।

राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में जीत चुके हैं पदक
इसके बाद डेमो के माध्यम से प्रशिक्षण देते हैं। वह कहते हैं कि विशेष बच्चों की स्मरण शक्ति बेहद मजबूत होती है, जिससे वे एक बार सीखी चीज को लंबे समय तक याद रखते हैं। इसी कारण उनके मार्गदर्शन में अब तक 20 से अधिक खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीत चुके हैं।

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उनसे प्रशिक्षण पाने वाले खिलाड़ियों की उपलब्धियां

  • 2024 में स्वीडन में हुए गोथिया फुटबॉल कप में शहर के कृष्णा ने भारतीय टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
  • 2023 में गुरुग्राम में हुई राष्ट्रीय स्केटिंग प्रतियोगिता में शहर के आदर्श ने स्वर्ण पदक हासिल किया।
  • 2020 में बरेली में हुई राष्ट्रीय स्पेशल एथलेटिक्स मीट में हाशिम ने स्वर्ण और प्रीति ने रजत पदक जीता।
  • 2022 में लखनऊ की राज्य स्तरीय स्पेशल एथलेटिक्स प्रतियोगिता में शहर के खिलाड़ियों ने 17 पदक जीते।
  • 2021 में लखनऊ में हुई प्रतियोगिता में शहर के खिलाड़ियों ने 10 पदक जीते।
  • 2016-17 और 2019 में प्रेरणा स्पेशल स्कूल को उत्कृष्ट कार्य के लिए तीन बार राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त हुआ।
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