कानपुर: खतरे के निशान से सात सेमी ऊपर पहुंचा गंगा का जलस्तर, 26 गांवों-मोहल्लों में घुसा पानी, नावों से आवागमन
Kanpur News: शुक्लागंज में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से सात सेमी ऊपर पहुंचने से 26 गांव व मोहल्लों में पानी भर गया है। चार संपर्क मार्ग डूबने से लोग नावों के सहारे आवागमन कर रहे हैं और कई परिवार छतों पर रहने को मजबूर हैं।
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शुक्लागंंज में उफनाई गंगा का जलस्तर थम नहीं रहा। खतरे के निशान 113 मीटर से सात सेंटीमीटर ऊपर पानी बह रहा है। शुक्रवार को शुक्लागंज के कई रिहायसी इलाकों में पानी पहुंचने से लोगों की धड़कनें बढ़ गई हैं। हाल यह है कि 26 गांव व मोहल्लों में बाढ़ का पानी घुस चुका है। ऐसे में लोगों की दुश्वारियां बढ़ गई हैं। लोग नावों से आवागमन कर रोजमर्रा का कामकाज निपटा रहे हैं।
जिला प्रशासन की ओर 56 नावें आवागमन के लिए लगाई गई हैं। वहीं, कुछ घरों में पानी घुसने से लोग छतों पर गुजर बसर कर रहे हैं। नायब तहसीलदार पूर्णिमा तिवारी ने श्रीनगर में शिविर लगाकर बाढ़ पीड़ितों की समस्याएं सुनी। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार शुक्रवार शाम छह बजे गंगा का जलस्तर 113.070 मीटर पर पहुंच गया है, जो खतरे के निशान से सात सेमी. ऊपर है।
जलभराव होने के कारण आवागमन प्रभावित
वहीं, गगनीखेड़ा बैराज संपर्क मार्ग, फत्तेखेड़ा संपर्क मार्ग, एरा भदियार संपर्क मार्ग समेत चार मार्ग पर जलभराव होने के कारण आवागमन प्रभावित है। गांव सरैया, गगनीखेड़ा, फत्तेखेड़ा, हरिहरपुर, मझरा पीपरखेड़ा, मझरा पीपरखेड़ा गैर एहतमाली, निहाल खेड़ा, कटरी समेत 12 गांवों में बाढ़ का पानी घुस चुका है। शहरी क्षेत्र के मोहल्ला मनोहर नगर, शक्ति नगर, इंद्रा नगर, रविदास नगर, श्रीनगर, ब्रह्मनगर कटरी, चंपापुरवा, तेजीपुरवा, कर्बला, हुसैन नगर आदि के किनारों के क्षेत्र में पानी घुस गया है।
राशन और शुद्ध पेयजल को लेकर भी दिक्कतें
ऐसे में लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त है। मोहल्ला श्रीनगर में नायब तहसीलदार ने नाव से बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का भ्रमण कर लोगों की दिक्कतें सुनी। लोगों ने बताया कि आवागमन के लिए नाव पर्याप्त नहीं है, बिजली की समस्या है, गंदगी की भरमार है, राशन और शुद्ध पेयजल को लेकर भी दिक्कतें है। इस पर उन्होंने समस्याओं का जल्द समाधान कराने का भरोसा दिया।