Kanpur: जमीन कब्जाने पर नारायण सिंह भदौरिया समेत 15 पर केस, फर्जीवाड़ा कर जमीन की कराई रजिस्ट्री
पूर्व भाजपा नेता नारायण सिंह भदौरिया पर एक और एफआईआर दर्ज हुई है। अब बाबूपुरवा में फर्जीवाड़ा कर एक शख्स की जमीन बेचने का आरोप है। पुलिस कमिश्नर के आदेश पर दर्ज हुए केस में नारायण समेत 15 आरोपी बनाए गए हैं। पनकी इंडस्ट्रियल एरिया निवासी राजेंद्र कुमार ने बताया कि अजीतगंज बाबूपुरवा में उनकी एक जमीन है।
उनके दादा ने जमीन की वसीयत की थी। आरोप है कि राकेश अवस्थी ने नारायण सिंह भदौरिया से मिलकर इस जमीन को खुद की बताकर बेच डाली। जानकारी होने पर जब विरोध किया दोनों ने अपने गुर्गों से जान से मारने की धमकी दिलवाई।
शुरुआती जांच के बाद बाबूपुरवा थाने में राकेश, नारायण सिंह, चांद खां, मनोज अवस्थी, विद्यानंद पांडेय, अजमत उल्ला, छोटू शमशाद, सरताज अली, प्रशांत सिंह व 6 अज्ञात पर धोखाधड़ी व कूटरचित दस्तावेज तैयार कर उनका इस्तेमाल करने व धमकी देने की धारा में केस दर्ज किया गया है। एसीपी बाबूपुरवा आलोक सिंह ने बताया कि वादी ने इस संबंध में साक्ष्य उपलब्ध कराए हैं। उसी आधार विवेचना शुरू की गई है।
नारायण रहा विवादों में
नारायण सिंह भदौरिया पिछले सवा साल से चर्चा में है। कमिश्नरी लागू होने के कुछ महीने बाद नौबस्ता में एक हिस्ट्रीशीटर को फरार कराने में नारायण की मुख्य भूमिका सामने आई थी। जिसमें वह जेल गया था। हाल में चकेरी में टेनरी कब्जाने के प्रयास व बवाल में वह जेल भेजा गया था। वह जमानत पर बाहर है।
नारायण पर पुलिस की नरमी
नारायण पर दस केस दर्ज हैं। सत्ताधारी कई बड़े नेताओं तक उसकी पहुंच है। उनकी शह पर ही वह बचता है। पुलिस दबाव में रहती है।
रेस्टोरेंट में खुलेआम घूम रहा रॉकी यादव
टेनरी मामले में पुलिसकर्मी का लड़का रॉकी यादव भी आरोप है। वह नारायण का खास गुर्गा है। अब तक पुलिस की गिरफ्त से दूर है। 22 अगस्त की शाम को वह सिविल लाइंस में स्थित एक रेस्टोरेंट में नारायण के साथ पहुंचा था। पुलिस को जानकारी भी हुई थी लेकिन कार्रवाई नहीं की गई।