यूपी: आत्महत्या या ऑनर किलिंग, एक ही साड़ी से बने थे दो फंदे, चाबी मिली पर बाइक गायब, सवाल- कैसे पहुंचे खेत?
Kanpur News: महाराजपुर अंतर्गत सुबौली गांव में शनिवार को एक ही साड़ी के दो छोरों से लटके उन्नाव निवासी शादीशुदा महिला और उसके प्रेमी का शव मिलने से हड़कंप मच गया। मृतका दो बच्चों की मां थी और पति से विवाद के बाद मायके में रह रही थी। करीब 40 किलोमीटर दूर आकर आत्महत्या करने, मौके से बाइक न मिलने और मोबाइल से सिम निकला होने के कारण पुलिस हत्या व आत्महत्या दोनों कोणों से जांच कर रही है।
विस्तार
कानपुर में महाराजपुर के सुबौली गांव में शनिवार सुबह रेलवे लाइन किनारे खेत में उन्नाव निवासी प्रेमी युगल मालती (27) और ओम (22) के शव पेड़ से बंधी साड़ी के दोनों छोर से बने फंदे से लटके मिले। पुलिस ने परिजन को सूचना दी। एसीपी आशुतोष सिंह ने बताया कि महिला दो बच्चों की मां थी और पति से विवाद के चलते मायके में रह रही थी।
युवक बाइक मिस्त्री था। दोनों में करीब एक साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। एडीसीपी शिवा सिंह का कहना है कि उन्नाव से इतनी दूर आकर सुसाइड की वजह समझ से परे है। पुलिस दोनों के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाल रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मामले का खुलासा हो सकेगा।
युवक की पैंट की जेब से 200 रुपये मिले
एडीसीपी के मुताबिक शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे दोनों के शव फंदे से लटके होने की सूचना मिली। पुलिस को मौके पर पॉलिथीन मिली, जिसमें बाइक की चाबी, 4200 रुपये, महिला का आधार कार्ड और की-पैड मोबाइल फोन था। मोबाइल से सिम निकला था। युवक की पैंट की जेब से 200 रुपये मिले।
दोनों पक्षों की पंचायत भी हो चुकी थी
मोबाइल में मिले नंबर से पुलिस ने महिला के परिजन से संपर्क किया। बहन ने उसकी पहचान मालती (27) और युवक की पहचान मालती के प्रेमी ओम (22) के रूप में की। पुलिस के अनुसार बहन ने दोनों के बीच एक साल से प्रेम प्रसंग चलने की जानकारी दी। महिला दो बच्चों की मां थी और उसका पति उसे तलाक देने वाला था। कोतवाली में पूर्व में दोनों पक्षों की पंचायत भी हो चुकी थी।
सिर्फ बाइक की चाबी मिली, गांव तक कैसे पहुंचे
पुलिस की प्राथमिक जांच में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। उन्नाव से महाराजपुर की दूरी करीब 40 किलोमीटर है। यहां तक दोनों किस साधन से आए फिर जिस सुबौली गांव में दोनों के शव लटके मिले वह भी महाराजपुर के काफी भीतर है। पेड़ तक पहुंचने का रास्ता खेतों से होकर जाता है। घटनास्थल पर पुलिस को बाइक की चाबी तो, मिली लेकिन एक किलोमीटर की दूरी तक कोई बाइक नहीं मिली।
शवों के लटके होने की स्थिति भी संदेहास्पद
पुलिस का मानना है कि बिना बाइक के गांव तक पहुंचना संभव नहीं है। मालती के मोबाइल से सिम भी बाहर निकला पड़ा मिला है। इसकी वजह भी पता की जाएगी। शवों के लटके होने की स्थिति भी संदेहास्पद है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मालती के पति और ओम के माता-पिता दोनों से पूछताछ की जाएगी।
एक साल से मायके में रह रही थी
पुलिस ने मालती के अन्य परिजन से संपर्क किया तो पता चला कि सोहरामऊ थाना क्षेत्र के मिर्जापुर गांव निवासी मालती की शादी करीब आठ साल पहले अचलगंज के जवाहिर खेड़ा गांव के रामू से हुई थी। पति से विवाद के चलते मालती करीब एक साल से दो बच्चों के साथ पिता रामशंकर लोधी के घर में रह रही थी।
परिजनों ने गुमशुदगी दर्ज कराई थी
करीब 15 दिन पहले ससुरालवाले दोनों बच्चों को जवाहिर खेड़ा ले गए थे। सोमवार को मालती अपनी नवाबगंज निवासी बड़ी बहन आरती के यहां चली आई थी। तीन दिन पहले सुबह सात बजे मालती बहन से मायके जाने की बात कहकर निकली लेकिन पहुंची नहीं। परिजनों ने उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
पंचायत में पति ने तलाक तक देने की बात कही थी
उन्नाव के सदर कोतवाली क्षेत्र के खुमानखेड़ा गांव निवासी ओम के बड़े भाई भीम वर्मा ने पुलिस को बताया कि 17 सितंबर को ओम अपना मोबाइल गदनखेड़ा स्थित शॉकर की दुकान में रखकर बिना बताए कहीं चला गया था। बताया कि मालती से उसका करीब एक साल से प्रेम प्रसंग था।
मालती मायके चली गई थी
आठ महीने पहले मालती के पति को इसका पता चला, तो उसने विरोध किया। मामला कोतवाली में पहुंचा जहां कई घंटे तक पंचायत हुई। ओम ने मालती को साथ रखने की बात कही थी, लेकिन पहले पति ने तलाक के बाद ही ऐसा करने की इजाजत दे दी थी। इसके बाद वह दोनों बच्चों को साथ लेकर चला गया था और मालती मायके चली गई थी।