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Kannauj: रेल की पटरी चटकी, लाल झंडी दिखाकर रोकी ट्रेन, धीमी गति में गुजरेंगी सभी ट्रेनें
Thu, 03 Nov 2022 09:56 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कन्नौज
Published by: शिखा पांडेय
Updated Thu, 03 Nov 2022 09:56 PM IST
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ट्रेन हादसा बचा
- फोटो : अमर उजाला
कानपुर-कासगंज रेलवे ट्रैक पर मानीमऊ में तिखवा क्रासिंग के पास गुरुवार को एक बड़ा हादसा बच गया। यहां ठंड के कारण रेल की पटरी चिटक गई थी। गश्त कर रहे कीमैन ने इसे देखते ही अधिकारियों को सूचना दी। इसके बाद ट्रैक पर लाल झंडी लगाकर लखनऊ-कासगंज पैसेंजर को रोका गया।
कर्मचारियों ने तत्काल लोहे के टुकड़े को क्लिप से कसकर एक घंटे बाद ट्रेन को रवाना किया। पटरी बदले जाने तक अब सभी ट्रेनों को धीमी गति (कॉशन) से गुजारा जाएगा। सुबह नौ बजे रेलवे कर्मचारी (कीमैन) नीतेश कुमार कानपुर-कासगंज रेलवे ट्रैक पर गश्त कर रहे थे। इस दौरान मानीमऊ में तिखवा रेलवे क्रासिंग-85 के पास उन्होंने रेल लाइन को टूटा देखा।
उन्होंने क्रासिंग के गेटमैन विकास कुमार और कंट्रोल रूम पर सूचना दी। इधर, कानपुर से लखनऊ-कासगंज पैसेंजर ट्रेन के गुजरने का समय हो गया। थोड़ी ही देर में ट्रेन पहुंचने वाली थी। इस पर नीतेश कुमार ने लाल झंडी लगा दी। कुछ देर बाद पहुंची पैसेंजर के चालक ने लाल झंडी देख ट्रेन रोक दी।
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कर्मचारियों ने तत्काल लोहे के टुकड़े को क्लिप से कसकर एक घंटे बाद ट्रेन को रवाना किया। पटरी बदले जाने तक अब सभी ट्रेनों को धीमी गति (कॉशन) से गुजारा जाएगा। सुबह नौ बजे रेलवे कर्मचारी (कीमैन) नीतेश कुमार कानपुर-कासगंज रेलवे ट्रैक पर गश्त कर रहे थे। इस दौरान मानीमऊ में तिखवा रेलवे क्रासिंग-85 के पास उन्होंने रेल लाइन को टूटा देखा।
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उन्होंने क्रासिंग के गेटमैन विकास कुमार और कंट्रोल रूम पर सूचना दी। इधर, कानपुर से लखनऊ-कासगंज पैसेंजर ट्रेन के गुजरने का समय हो गया। थोड़ी ही देर में ट्रेन पहुंचने वाली थी। इस पर नीतेश कुमार ने लाल झंडी लगा दी। कुछ देर बाद पहुंची पैसेंजर के चालक ने लाल झंडी देख ट्रेन रोक दी।
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मामले की जानकारी मिलते ही सीनियर सेक्शन इंजीनियर संतोष कुमार पहुंच गए। तत्काल लोहे का टुकड़ा और क्लिप लगाकर ट्रैक को ठीक किया गया। एक घंटे बाद करीब साढ़े दस बजे लखनऊ-कासगंज पैसेंजर ट्रेन को रवाना किया गया। संतोष कुमार ने बताया कि ठंड के कारण ट्रैक टूट गया था, जिसे दुरुस्त कर दिया गया है। जल्द ट्रैक को बदलने का काम शुरू किया जाएगा।
कासगंज रूट पर बेपटरी हुई थी ट्रेन
कानपुर-कासगंज रेल मार्ग पर 28 अक्तूबर को खुदागंज के पास पटरी टूटने से पैसेंजर ट्रेन बेपटरी हो गई थी। ट्रैक ठीक होने के बाद यात्रियों और अफसरों ने राहत की सांस ली।
कासगंज रूट पर बेपटरी हुई थी ट्रेन
कानपुर-कासगंज रेल मार्ग पर 28 अक्तूबर को खुदागंज के पास पटरी टूटने से पैसेंजर ट्रेन बेपटरी हो गई थी। ट्रैक ठीक होने के बाद यात्रियों और अफसरों ने राहत की सांस ली।