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Kanpur News: छात्राओं वाली बस में महिला कंडक्टर या शिक्षिका जरूरी वरना होगी कार्रवाई

Sun, 10 Aug 2025 01:42 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 10 Aug 2025 01:42 AM IST
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It is necessary to have a female conductor or teacher in a bus carrying girl students, otherwise action will be taken
कानपुर। स्कूली बसों में सफर करने वाली छात्राओं की सुरक्षा में प्रबंधन लापरवाही बरतता है। जिन बसों से छात्राएं आती-जाती हैं उनमें न तो महिला कंडक्टर तैनात होती हैं और न ही कोई शिक्षिका की ड्यूटी लगाई जाती है। बस में चालक और कंडक्टर दोनों ही पुरुष होते हैं। ऐसे में यातायात विभाग ने स्कूलों को इस व्यवस्था में सुधार के आदेश दिए हैं। पालन न करने पर स्कूली वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही है। बसों में तैनात होने वाली महिला कंडक्टर के लिए ड्रेस कोड नेवी ब्लू साड़ी लागू की है।
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डीसीपी ट्रैफिक की ओर से स्कूलों को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि विद्यालयों के वाहनों की जांच में हर बार कमियां सामने आ रही हैं। कई बार जांच के बावजूद स्कूली वाहनों में महिला कंडक्टर नहीं मिलती हैं, जबकि उनमें छात्राएं सफर कर रही होती हैं। वहीं बसों की अधिकतम रफ्तार 40 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित होने के बावजूद इनको इससे ज्यादा गति से दौड़ाया जा रहा है। चालक के लिए खाकी पैंट-शर्ट और कंडक्टर के लिए नेवी ब्लू रंग की यूनीफार्म निर्धारित है। इसी तरह स्कूली वैन के चालक की यूनिफार्म स्लेटी पैंट शर्ट और कंडक्टर की नेवी ब्लू पैंट शर्ट निर्धारित है। हालांकि अक्सर जांच में किसी को निर्धारित वर्दी में नहीं पाया जाता है। उन्होंने क्षमता से अधिक छात्र-छात्राओं को बैठाने पर भी आपत्ति जताई है।
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चालक को दें छात्रों से जुड़ी जानकारी व दुर्घटना बहुल क्षेत्र की सूची
स्कूली वाहन में सफर करने वाले छात्र-छात्राओं के नाम, पता, मोबाइल नंबर और संरक्षक के नाम की सूची चालक के पास होना अनिवार्य है। इसके साथ ही कानपुर के दुर्घटना बहुल क्षेत्र का रूट चार्ट चालक के पास होना चाहिए। इन क्षेत्रों में स्कूली वाहनों की अधिकतम रफ्तार 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटा होनी चाहिए। इन क्षेत्रों में फतेहपुर हाईवे की ओर कुलगांव, महाराजपुर नर्वल मोड़ सरसौल, सकरा ओवर ब्रिज शामिल हैं। इसी तरह भौंती ओवर ब्रिज, सचेंडी एवं रमईपुर, बिधनू, संभुआ पुल, पतारा, कुष्मांडा देवी मंदिर, आनूपुर मोड़ पर भी सतर्कता बरतने की जरूरत रहती है। मूसानगर-घाटमपुर-जहानाबाद मार्ग पर परास मोड़, बिल्लू ढाबा, मंधना, बिठूर, गंगा बैराज एवं पारस हाॅस्पिटल के पास का इलाका भी दुर्घटना बहुल क्षेत्र में शामिल है। इन क्षेत्रों में चालक को गति सीमा का पालन करने की हिदायत दी जाए। डीसीपी ट्रैफिक रविंद्र कुमार ने बताया कि प्रबंधकों को नियमों का पालन कराने के लिए पत्र भेजा गया है। अनदेखी पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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