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नगर निगम सदन में अहम फैसला: गुमनाम सेनानियों के नाम पर शिलालेख, मोहल्लों से मिटेगा अंग्रेजों का नाम
Mon, 20 Dec 2021 11:44 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 20 Dec 2021 11:44 PM IST
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नगर निगम सदन
- फोटो : अमर उजाला
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कानपुर में गुमनाम सेनानियों के नाम के शिलालेख लगेंगे। उनका रखरखाव और मरम्मत भी होगी। सोमवार को पहली बार सदन ने इसके लिए पुनरीक्षित बजट में धन का प्रावधान किया। आगामी वित्तीय वर्षों के बजट में भी इस मद में धन का प्रावधान करने का प्रस्ताव पास किया।
इस दौरान अंग्रेजों के नाम वाले मोहल्लों के नाम बदलने का भी फैसला हुआ। सदन में सपा पार्षद दल के नेता सुहेल अहमद ने आजादी के अमृत महोत्सव में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों मौलाना हसरत मोहानी, लाला लाजपत राय के साथ ही गुमनाम सेनानियों शिव वर्मा, जयदेव कपूर, डॉ. गया प्रसाद, अजीजन बाई, अजीमुल्ला खां, मौलाना अब्दुल कादिर आजाद सुब्हानी, खलीलुर्रहमान, हमीद खां, अब्दुल सत्तार, अब्दुल मजीद, अब्दुल मन्नान, अब्दुल राशिद, अहमद खां, कसीमुलनवी, दीन मोहम्मद, सलीमुद्दीन, फजल अली, बशीर अली, मुस्तफा अहमद, मोहम्मद इस्माइल, शुजाअत खां, हुसैन अली, रहमतुल्लाह, मोहम्मद नाजिर, शफीक अहमद खां तातरी, हुसैन अली शाह, याकूब खां, अब्दुल शकूर के शिलालेख चमनगंज स्थित मोहम्मद अली पार्क में स्थापित करने का प्रस्ताव रखा।
अन्य पार्षदों ने भी नगर निगम में सेनानियों के शिलालेख के नाम पर बजट आवंटित करने पर जोर दिया। महापौर ने सेनानियों के शिलालेखों के लिए चालू वित्तीय वर्ष के पुनरीक्षित बजट में 25 लाख का प्रावधान करने और अगले वित्तीय वर्षों के बजट में भी इस मद में धन की व्यवस्था करने का फैसला लिया।
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इस दौरान अंग्रेजों के नाम वाले मोहल्लों के नाम बदलने का भी फैसला हुआ। सदन में सपा पार्षद दल के नेता सुहेल अहमद ने आजादी के अमृत महोत्सव में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों मौलाना हसरत मोहानी, लाला लाजपत राय के साथ ही गुमनाम सेनानियों शिव वर्मा, जयदेव कपूर, डॉ. गया प्रसाद, अजीजन बाई, अजीमुल्ला खां, मौलाना अब्दुल कादिर आजाद सुब्हानी, खलीलुर्रहमान, हमीद खां, अब्दुल सत्तार, अब्दुल मजीद, अब्दुल मन्नान, अब्दुल राशिद, अहमद खां, कसीमुलनवी, दीन मोहम्मद, सलीमुद्दीन, फजल अली, बशीर अली, मुस्तफा अहमद, मोहम्मद इस्माइल, शुजाअत खां, हुसैन अली, रहमतुल्लाह, मोहम्मद नाजिर, शफीक अहमद खां तातरी, हुसैन अली शाह, याकूब खां, अब्दुल शकूर के शिलालेख चमनगंज स्थित मोहम्मद अली पार्क में स्थापित करने का प्रस्ताव रखा।
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अन्य पार्षदों ने भी नगर निगम में सेनानियों के शिलालेख के नाम पर बजट आवंटित करने पर जोर दिया। महापौर ने सेनानियों के शिलालेखों के लिए चालू वित्तीय वर्ष के पुनरीक्षित बजट में 25 लाख का प्रावधान करने और अगले वित्तीय वर्षों के बजट में भी इस मद में धन की व्यवस्था करने का फैसला लिया।
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शहीदों के नाम पर गरमाया माहौल, बीच में आया धर्म
शहीद मेजर सलमान के परिजनों को महाबलीपुरम में आधी कीमत पर प्लॉट आवंटित करने का प्रस्ताव पेश करने के दौरान सदन का माहौल गरमा गया। भाजपा पार्षद धीरेंद्र त्रिपाठी ने यह कहकर विवाद खड़ा कर दिया कि अन्य शहीदों के परिजनों को भी इसी तरह प्लॉट दिए जाने चाहिए।
एजेंडे में शामिल इस प्रस्ताव पर चर्चा शुरू होते ही कांग्रेस पार्षद दल के नेता कमल शुक्ल बेबी ने मामला 15 साल से अटका होने का हवाला देते हुए मंजूरी की सिफारिश की। अभिषेक गुप्ता मोनू ने नगर निगम की प्रस्तावित योजनाओं में प्लॉट, दुकानें आवंटित करने में शहीदों के परिजनों को पांच फीसदी रियायत का प्रस्ताव रखा।
इस बीच, धीरेंद्र त्रिपाठी ने विवाद खड़ा कर दिया। कांग्रेस और सपा पार्षद चाहते थे कि यह प्रस्ताव पास हो जाए। बाद में अन्य शहीदों के परिजनों को भी चिह्नित कर प्रस्ताव लाया जाए, जबकि भाजपा के कई पार्षद शहर के सभी शहीदों के परिजनों को एक साथ यह लाभ देने पर जोर दे रहे थे।
धीरेंद्र त्रिपाठी के बार-बार सवाल उठाने पर एक पार्षद ने कह दिया कि यहां हिंदू-मुस्लिम हो रहा है। कमल शुक्ला ने कहा कि सदन की गरिमा टूट रही है। इस पर भाजपा और विपक्षी पार्षदों में नोकझोंक भी हुई। मामला तूल पकड़ते देख महापौर ने इस शर्त के साथ मेजर सलमान के परिजनों को आधी कीमत पर प्लॉट देने का प्रस्ताव पास कर दिया कि अन्य शहीदों के परिजनों की तरफ से प्रस्ताव आने पर इतनी ही छूट के साथ उपलब्धता के आधार पर प्लॉट दिए जाएंगे।
महापौर ने कहा कि सीमा पर शहीद होने वाले हमारे लिए महापुरुष हैं। उनका कोई धर्म नहीं होता। इस पर विवाद नहीं होना चाहिए। शहीद मेजर सलमान के परिजनों को आधी कीमत पर प्लाट देने के साथ ही 50 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग देने पर सभी ने सहमति जताई।
शहीद मेजर सलमान के परिजनों को महाबलीपुरम में आधी कीमत पर प्लॉट आवंटित करने का प्रस्ताव पेश करने के दौरान सदन का माहौल गरमा गया। भाजपा पार्षद धीरेंद्र त्रिपाठी ने यह कहकर विवाद खड़ा कर दिया कि अन्य शहीदों के परिजनों को भी इसी तरह प्लॉट दिए जाने चाहिए।
एजेंडे में शामिल इस प्रस्ताव पर चर्चा शुरू होते ही कांग्रेस पार्षद दल के नेता कमल शुक्ल बेबी ने मामला 15 साल से अटका होने का हवाला देते हुए मंजूरी की सिफारिश की। अभिषेक गुप्ता मोनू ने नगर निगम की प्रस्तावित योजनाओं में प्लॉट, दुकानें आवंटित करने में शहीदों के परिजनों को पांच फीसदी रियायत का प्रस्ताव रखा।
इस बीच, धीरेंद्र त्रिपाठी ने विवाद खड़ा कर दिया। कांग्रेस और सपा पार्षद चाहते थे कि यह प्रस्ताव पास हो जाए। बाद में अन्य शहीदों के परिजनों को भी चिह्नित कर प्रस्ताव लाया जाए, जबकि भाजपा के कई पार्षद शहर के सभी शहीदों के परिजनों को एक साथ यह लाभ देने पर जोर दे रहे थे।
धीरेंद्र त्रिपाठी के बार-बार सवाल उठाने पर एक पार्षद ने कह दिया कि यहां हिंदू-मुस्लिम हो रहा है। कमल शुक्ला ने कहा कि सदन की गरिमा टूट रही है। इस पर भाजपा और विपक्षी पार्षदों में नोकझोंक भी हुई। मामला तूल पकड़ते देख महापौर ने इस शर्त के साथ मेजर सलमान के परिजनों को आधी कीमत पर प्लॉट देने का प्रस्ताव पास कर दिया कि अन्य शहीदों के परिजनों की तरफ से प्रस्ताव आने पर इतनी ही छूट के साथ उपलब्धता के आधार पर प्लॉट दिए जाएंगे।
महापौर ने कहा कि सीमा पर शहीद होने वाले हमारे लिए महापुरुष हैं। उनका कोई धर्म नहीं होता। इस पर विवाद नहीं होना चाहिए। शहीद मेजर सलमान के परिजनों को आधी कीमत पर प्लाट देने के साथ ही 50 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग देने पर सभी ने सहमति जताई।
बेलगाम हैं अफसर, हमें जनता के बीच जाना है
पार्षदों द्वारा अफसरों को फोन करने पर भी सुनवाई न होने और विधायकों को तवज्जो देने का मामला उठाने पर महापौर ने कहा, अफसर बेलगाम हैं। हमें चुनाव में जनता के बीच जाना है। अफसर कान खोलकर सुन लें कि विधायक जो कहें, वही बात सही नहीं हो सकती। पार्षद जो कहेगा, वह ठीक कहेगा। उन्हें पार्षदों की बात सुननी पड़ेगी। सदन में उठे मामलों में संबंधित अधिकारी अगली बैठक में जवाब दें।
हाथ कूड़ा गाड़ियों में खेल, जांच के आदेश
हाथ कूड़ा गाड़ियों में भी गड़बड़ी का मामला सदन में उठा। महापौर ने इस मामले की जांच के लिए कहा। पार्षद अमित मेहरोत्रा बबलू ने कहा कि सदन की पिछली बैठक में हर पार्षद को 10-10 हाथ गाड़ियां देने का निर्णय हुआ था, पर नहीं मिलीं। अन्य पार्षदों ने भी गाड़ियां न मिलने की शिकायत की। इस पर महापौर ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमित सिंह को सदन पटल पर तलब किया। डॉ. अमित ने सदन को बताया कि 551 हाथ कूड़ा गाड़ियां आई थीं। इन्हें वार्डों को आवंटित कर दिया गया है। महापौर ने कहा कि इस हिसाब से हर पार्षद को पांच-पांच गाड़ियां मिल जानी चाहिए थीं। आखिर गाड़ियां कहां गईं? नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि यदि गाड़ी नहीं मिलीं तो जोनल स्वास्थ्य अधिकारी और स्वच्छता निरीक्षक पर कार्रवाई की जाएगी। नगर आयुक्त शिवशरणप्पा जीएन ने बताया कि इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। वहीं, पार्षद रमेश हठी ने सदन से पूछा कि हाल ही 100 सफाई कर्मियों की भर्ती किस आधार पर हुई?
पार्षदों द्वारा अफसरों को फोन करने पर भी सुनवाई न होने और विधायकों को तवज्जो देने का मामला उठाने पर महापौर ने कहा, अफसर बेलगाम हैं। हमें चुनाव में जनता के बीच जाना है। अफसर कान खोलकर सुन लें कि विधायक जो कहें, वही बात सही नहीं हो सकती। पार्षद जो कहेगा, वह ठीक कहेगा। उन्हें पार्षदों की बात सुननी पड़ेगी। सदन में उठे मामलों में संबंधित अधिकारी अगली बैठक में जवाब दें।
हाथ कूड़ा गाड़ियों में खेल, जांच के आदेश
हाथ कूड़ा गाड़ियों में भी गड़बड़ी का मामला सदन में उठा। महापौर ने इस मामले की जांच के लिए कहा। पार्षद अमित मेहरोत्रा बबलू ने कहा कि सदन की पिछली बैठक में हर पार्षद को 10-10 हाथ गाड़ियां देने का निर्णय हुआ था, पर नहीं मिलीं। अन्य पार्षदों ने भी गाड़ियां न मिलने की शिकायत की। इस पर महापौर ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमित सिंह को सदन पटल पर तलब किया। डॉ. अमित ने सदन को बताया कि 551 हाथ कूड़ा गाड़ियां आई थीं। इन्हें वार्डों को आवंटित कर दिया गया है। महापौर ने कहा कि इस हिसाब से हर पार्षद को पांच-पांच गाड़ियां मिल जानी चाहिए थीं। आखिर गाड़ियां कहां गईं? नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि यदि गाड़ी नहीं मिलीं तो जोनल स्वास्थ्य अधिकारी और स्वच्छता निरीक्षक पर कार्रवाई की जाएगी। नगर आयुक्त शिवशरणप्पा जीएन ने बताया कि इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। वहीं, पार्षद रमेश हठी ने सदन से पूछा कि हाल ही 100 सफाई कर्मियों की भर्ती किस आधार पर हुई?
आठ माह पहले बनी फूलमती रोड काटी, जलकल अफसर तलब
फूलमती चौराहे से सीसामऊ चौराहे तक आठ माह पहले बनी सीसी रोड जलकल विभाग ने काट डाली। बेकनगंज के पार्षद मोहम्मद अमीन ने यह मामला उठाते हुए फोटो दिखाईं। महापौर ने जलकल विभाग के जीएम नीरज गौड़ को सदन में बुलाया, पर वह रोड कटिंग शुल्क जमा हुआ या नहीं? ये नहीं बता पाए तो अगली बैठक में जवाब मांगा गया।
नए साल के पहले दिन फिर होगी सदन की बैठक
महापौर ने सदन को बताया कि नए साल के पहले दिन यानी एक जनवरी को फिर सदन की बैठक होगी। उसमें कार्यकारिणी समिति के चुनाव भी होंगे।
ये भी हुए फैसले
- नगर निगम सदन ने चालू वित्तीय वर्ष का 1443 करोड़ रुपये का पुनरीक्षित बजट पास किया।
- विज्ञापन नियमावली पर लगी सदन की मुहर।
- सदन की बीती तीन बैठकों में न आने वाले पार्षदों पर होगी कार्रवाई, महापौर ने तलब किया ब्योरा।
- न्यूनतम 340 रुपये से कम वेतन पा रहे कर्मियों का पैसा बढ़ाने के लिए कमेटी गठित।
फूलमती चौराहे से सीसामऊ चौराहे तक आठ माह पहले बनी सीसी रोड जलकल विभाग ने काट डाली। बेकनगंज के पार्षद मोहम्मद अमीन ने यह मामला उठाते हुए फोटो दिखाईं। महापौर ने जलकल विभाग के जीएम नीरज गौड़ को सदन में बुलाया, पर वह रोड कटिंग शुल्क जमा हुआ या नहीं? ये नहीं बता पाए तो अगली बैठक में जवाब मांगा गया।
नए साल के पहले दिन फिर होगी सदन की बैठक
महापौर ने सदन को बताया कि नए साल के पहले दिन यानी एक जनवरी को फिर सदन की बैठक होगी। उसमें कार्यकारिणी समिति के चुनाव भी होंगे।
ये भी हुए फैसले
- नगर निगम सदन ने चालू वित्तीय वर्ष का 1443 करोड़ रुपये का पुनरीक्षित बजट पास किया।
- विज्ञापन नियमावली पर लगी सदन की मुहर।
- सदन की बीती तीन बैठकों में न आने वाले पार्षदों पर होगी कार्रवाई, महापौर ने तलब किया ब्योरा।
- न्यूनतम 340 रुपये से कम वेतन पा रहे कर्मियों का पैसा बढ़ाने के लिए कमेटी गठित।