{"_id":"6748bb3798247f2892039544","slug":"if-nutritious-food-is-found-in-shops-instead-of-containers-action-will-be-taken-etawa-news-c-216-1-etw1005-118503-2024-11-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur News: पात्रों के बजाय दुकानों में मिला पोषाहार तो होगी कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur News: पात्रों के बजाय दुकानों में मिला पोषाहार तो होगी कार्रवाई
विज्ञापन
इटावा। सरकार शहर व ग्रामीण क्षेत्रों में नवजात, गर्भवती व धात्री महिलाओं को पोषाहार हर माह भेज रही है। यह उन तक न पहुंचकर दुकानों पर पहुंचने की शिकायत मिल रही है, जो गलत है। इसकी गोपनीय जांच करवाई जा रही है। अगर सत्यता पाई गई तो जिम्मेदार के खिलाफ कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा।
यह बातें महिला कल्याण बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने कहीं। वह गुरुवार को सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस में विभागीय अफसरों की बैठक ले रही थी। कहा, बच्चों, गर्भवती व धात्री महिलाओं को हर माह दाल, दलिया, तेल समेत अन्य राशन दिया जाता है। इससे उनका बेहतर से पोषण हो सके। सरकार की मंशा के विरुद्ध शहर व ग्रामीण अंचलों में कई आंगनबाड़ी केंद्र खुल ही नहीं रहे हैं।
जिले के जसवंतनगर में आंगनबाड़ी केंद्र न खुलने की शिकायत मिली है। इसकी जांच करवाई जा रही है। राज्यमंत्री ने जिला कार्यक्रम अधिकारी को शहर समेत ग्रामीण अंचलों के आंगनबाड़ी केंद्रों की मानीटरिंग करने के आदेश दिए। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की बात कही। इससे पहले राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने सड़कों पर भीख मांगने वाले बच्चों के बारे में अपडेट ली।
विज्ञापन
इसमें बाल कल्याण समिति के सदस्यों ने बताया कि बालश्रम व भीख मांगने वाले बच्चों के लिए लगातार भ्रमण किया जा रहा है। इसमें कई बच्चे मिले भी मिले थे। इसमें श्रम विभाग से सहयोग न मिलने से उनका संरक्षण नहीं हो पा रहा है। जिला कार्यक्रम अधिकारी अजय कुमार, जिला प्रोबेशन अधिकारी सूरज सिंह, वन स्टाप केंद्र प्रभारी, चाइल्ड लाइन समिति के सदस्य मौजूद रहे।
राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने बताया कि जिले में चकरनगर व ताखा तहसील को छोड़कर अन्य छह ब्लाकों में सीडीओ नहीं है। यहां सुपरवाइजर के कंधों पर ही सीडीपीओ की जिम्मेदारी है। इस पर राज्यमंत्री ने हैरानी व्यक्त की। वहीं, डीपीओ ने शासन से जल्द ही तैनाती होने की बात कही है।
राज्यमंत्री ने लछवई व सफई स्थित टीएचआर (टेक होम राशन) का औचक निरीक्षण किया। यहां दोनों जगह उन्हें प्लांट चलता मिला। यहां बिजली चले जाने व मशीन के खराब हो जाने पर यहां सही न होने की सुविधा होने की स्वयं सहायता समूह की महिलाओं की जानकारी दी। उन्होंने इसकी वैकल्पिक व्यवस्था तलाशने की बात कही, जिससे पोषाहार वितरण में कोई परेशानी न हो। सितंबर से पोषाहार न बंटने पर बोलीं, भगवान ही है इसका मालिक, डीपीओ को सुधार के दिए निर्देश।
विज्ञापन
यह बातें महिला कल्याण बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने कहीं। वह गुरुवार को सिंचाई विभाग के गेस्ट हाउस में विभागीय अफसरों की बैठक ले रही थी। कहा, बच्चों, गर्भवती व धात्री महिलाओं को हर माह दाल, दलिया, तेल समेत अन्य राशन दिया जाता है। इससे उनका बेहतर से पोषण हो सके। सरकार की मंशा के विरुद्ध शहर व ग्रामीण अंचलों में कई आंगनबाड़ी केंद्र खुल ही नहीं रहे हैं।
विज्ञापन
जिले के जसवंतनगर में आंगनबाड़ी केंद्र न खुलने की शिकायत मिली है। इसकी जांच करवाई जा रही है। राज्यमंत्री ने जिला कार्यक्रम अधिकारी को शहर समेत ग्रामीण अंचलों के आंगनबाड़ी केंद्रों की मानीटरिंग करने के आदेश दिए। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की बात कही। इससे पहले राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने सड़कों पर भीख मांगने वाले बच्चों के बारे में अपडेट ली।
विज्ञापन
इसमें बाल कल्याण समिति के सदस्यों ने बताया कि बालश्रम व भीख मांगने वाले बच्चों के लिए लगातार भ्रमण किया जा रहा है। इसमें कई बच्चे मिले भी मिले थे। इसमें श्रम विभाग से सहयोग न मिलने से उनका संरक्षण नहीं हो पा रहा है। जिला कार्यक्रम अधिकारी अजय कुमार, जिला प्रोबेशन अधिकारी सूरज सिंह, वन स्टाप केंद्र प्रभारी, चाइल्ड लाइन समिति के सदस्य मौजूद रहे।
राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने बताया कि जिले में चकरनगर व ताखा तहसील को छोड़कर अन्य छह ब्लाकों में सीडीओ नहीं है। यहां सुपरवाइजर के कंधों पर ही सीडीपीओ की जिम्मेदारी है। इस पर राज्यमंत्री ने हैरानी व्यक्त की। वहीं, डीपीओ ने शासन से जल्द ही तैनाती होने की बात कही है।
राज्यमंत्री ने लछवई व सफई स्थित टीएचआर (टेक होम राशन) का औचक निरीक्षण किया। यहां दोनों जगह उन्हें प्लांट चलता मिला। यहां बिजली चले जाने व मशीन के खराब हो जाने पर यहां सही न होने की सुविधा होने की स्वयं सहायता समूह की महिलाओं की जानकारी दी। उन्होंने इसकी वैकल्पिक व्यवस्था तलाशने की बात कही, जिससे पोषाहार वितरण में कोई परेशानी न हो। सितंबर से पोषाहार न बंटने पर बोलीं, भगवान ही है इसका मालिक, डीपीओ को सुधार के दिए निर्देश।