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पुखरायां हादसे की जांच से पसीने छोड़ रहे अफसर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
Updated Sat, 07 Jan 2017 10:22 PM IST
सार
सब हेड: पुखरायां में इंदौर-पटना एक्सप्रेस हादसे में 150 के हो चुके बयान
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पुखरायां रेल हादसे की तस्वीर
विस्तार
पुखरायां में 20 नवंबर को हुए इंदौर-पटना एक्सप्रेस हादसे की जांच में जीआरपी के सवालों के जवाब देने में इंजीनियरिंग विभाग (रेल पटरी की सुरक्षा से जुड़े) और सीएंडडब्लू विभाग (बोगियों से जुड़े) के अफसर पसीने छोड़ रहे हैं। जीआरपी 150 लोगों के बयान दर्ज कर चुकी है। जीआरपी ने विशेषज्ञों से राय लेकर सवाल तैयार किए हैं।
जीआरपी ने अज्ञात रेल कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। इसमें घायल, मृतकों के परिजनों के अलावा रेलवे के इंजीनियरिंग व सीएंडडब्लू विभाग के अफसर व कर्मचारियों के बयान दर्ज हुए हैं। ट्रेन के ड्राइवर ने अभी बयान नहीं दिए हैं।
जीआरपी अपनी पूछताछ में जो सवाल कर रही है, उसमें रास्ते में पड़ने वाले स्टेशनों में ट्रेन के प्रवेश व निकलते समय जांच, झांसी-पुखरायां के बीच कॉशन लेने की वजह, बोगियों की ओवरहालिंग की स्थिति, ट्रैक बदलने के समय होने पर न बदलने की वजह, रेल सेक्शन पर रात में पेट्रोलिंग न कराने की वजह आदि शामिल हैं।
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जीआरपी ने अज्ञात रेल कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। इसमें घायल, मृतकों के परिजनों के अलावा रेलवे के इंजीनियरिंग व सीएंडडब्लू विभाग के अफसर व कर्मचारियों के बयान दर्ज हुए हैं। ट्रेन के ड्राइवर ने अभी बयान नहीं दिए हैं।
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जीआरपी अपनी पूछताछ में जो सवाल कर रही है, उसमें रास्ते में पड़ने वाले स्टेशनों में ट्रेन के प्रवेश व निकलते समय जांच, झांसी-पुखरायां के बीच कॉशन लेने की वजह, बोगियों की ओवरहालिंग की स्थिति, ट्रैक बदलने के समय होने पर न बदलने की वजह, रेल सेक्शन पर रात में पेट्रोलिंग न कराने की वजह आदि शामिल हैं।
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