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कानपुर: फर्जी पत्रकार बनकर फैक्ट्री मालिक से वसूली और ब्लैकमेलिंग करने वाले गिरोह का भंडाफोड़, दो गिरफ्तार
Thu, 07 May 2020 11:33 AM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Thu, 07 May 2020 11:33 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : गूगल
कानपुर में पनकी पुलिस ने बुधवार दोपहर फर्जी पत्रकार बनकर फैक्ट्री मालिक से वसूली और ब्लैकमेलिंग करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर दो आरोपियों को दबोच लिया जबकि इनका एक साथी भाग निकला। आरोपियों के पास से पोर्टल चैनल का प्रेस कार्ड, आईडी और दो बाइकें बरामद हुई हैं। पुलिस ने फैक्ट्री मालिक की तहरीर पर दोनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
पनकी इंडस्ट्रियल एरिया के चौकी प्रभारी अमित कुमार तिवारी ने बताया कि लाजपतनगर, नजीराबाद निवासी संदीप भाटिया की पनकी इंडस्ट्रियल एरिया में रैपर बनाने की फैक्ट्री है। बीती चार अप्रैल को खुद को पोर्टल चैनल का पत्रकार बताने वाले सचेंडी निवासी राजकांत और कानपुर देहात, रनिया निवासी रामेंद्र दो साथियों संग संदीप की फैक्ट्री पर पहुंचे।
वहां बिना परमिशन फैक्ट्री खोलने की बात कहकर वीडियो बना लिया। वीडियो वायरल न करने के एवज में उनसे एक लाख रुपये की मांग की। इस पर संदीप ने उन्हें दस हजार रुपये दे दिए। बाकी रुपये दो दिन में देने का वादा किया।
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आरोप है कि बुधवार को दोनों अपने एक अन्य साथी के साथ फैक्ट्री पर पहुंचे तो फैक्ट्री मालिक की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दो युवकों को दबोच लिया जबकि तीसरा साथी भाग गया। पुलिस के मुताबिक शहर में फर्जी पत्रकारों का गिरोह सक्रिय है जो पत्रकार बनकर लोगों को ब्लैकमेल कर वसूली करता है। आरोपियों से पूछताछ हो रही है।
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पनकी इंडस्ट्रियल एरिया के चौकी प्रभारी अमित कुमार तिवारी ने बताया कि लाजपतनगर, नजीराबाद निवासी संदीप भाटिया की पनकी इंडस्ट्रियल एरिया में रैपर बनाने की फैक्ट्री है। बीती चार अप्रैल को खुद को पोर्टल चैनल का पत्रकार बताने वाले सचेंडी निवासी राजकांत और कानपुर देहात, रनिया निवासी रामेंद्र दो साथियों संग संदीप की फैक्ट्री पर पहुंचे।
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वहां बिना परमिशन फैक्ट्री खोलने की बात कहकर वीडियो बना लिया। वीडियो वायरल न करने के एवज में उनसे एक लाख रुपये की मांग की। इस पर संदीप ने उन्हें दस हजार रुपये दे दिए। बाकी रुपये दो दिन में देने का वादा किया।
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आरोप है कि बुधवार को दोनों अपने एक अन्य साथी के साथ फैक्ट्री पर पहुंचे तो फैक्ट्री मालिक की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दो युवकों को दबोच लिया जबकि तीसरा साथी भाग गया। पुलिस के मुताबिक शहर में फर्जी पत्रकारों का गिरोह सक्रिय है जो पत्रकार बनकर लोगों को ब्लैकमेल कर वसूली करता है। आरोपियों से पूछताछ हो रही है।