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Flood in Kanpur: 22 गांवों में घुसा गंगा का पानी, सड़कों पर चली नाव...परिवारों ने छोड़ा गांव, पढ़े पूरा अपडेट

Fri, 25 Aug 2023 04:00 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: हिमांशु अवस्थी Updated Fri, 25 Aug 2023 04:00 PM IST
सार

Kanpur News: तहसीलदार रितेश कुमार की निगरानी में तीन अमीन, दो लेखपाल लगे हैं। लोगों को आवागमन के लिए तीन नाव लगाई गई हैं। इनसे दिनभर लोगों ने सुरक्षित जगह पर अपना सामान पहुंचाया।

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Flood in Kanpur, Ganga water entered 22 villages, boats plying on the roads, families left the village, read f
कानपुर में बाढ़, गांवों में घुसा पानी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कानपुर में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। गंगा किनारे बसे 22 गांवों में पानी घुस गया है। चैनपुरवा, भोपालपुरवा, भगवानदीनपुरवा गांव में तो घरों में पानी पहुंच गया है। गुरुवार को करीब 25 परिवारों ने गांव छोड़कर बैराज से सिंहपुर जाने वाले मार्ग पर तिरपाल के नीचे आशियाना बनाया है।

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ये लोग सड़क पर भरे पानी में नाव से यहां सामान लाए हैं। नरौरा डैम और हरिद्वार से लगातार पानी छोड़े जाने से बैराज से लेकर उन्नाव के कटरी से जुड़े गांवों में पानी पहुंच गया है। गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 58 सेमी ऊपर है। इस वजह से बुधवार तक 11 गांव बाढ़ के चपेट में थे।
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गुरुवार को करीब 11 गांव और बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। जलस्तर इतनी तेजी से बढ़ा कि गांव की बाहरी सीमा को छोड़कर अंदर के सभी मकानों में पानी घुस गया। ग्रामीण बुधवार देर रात को परिवार समेत छत पर पहुंच गए थे। जानवरों को बैराज से सिंहपुर को जाने वाले मार्ग के किनारे बांध दिए हैं।

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150 मकानों के अंदर घुसा पानी
बाढ़ से सबसे ज्यादा छह गांव प्रभावित हैं। इन गावों में बने घरों के अंदर तीन फुट तक पानी घुस गया है। यहां पर रहना खतरे से खाली नहीं है, लेकिन इसके बावजूद कुछ परिवार गांव में ही रुके हुए हैं। कई परिवार ने अपनी छत पर ही आशियाना बना लिया, तो कई गांव के बाहर जाकर बस गए हैं।

अभी राहत मिलने की उम्मीद नहीं
सिंचाई विभाग के पंप ऑपरेटर उमेश पाल के मुताबिक अभी जलस्तर कम होने की उम्मीद नहीं है। सुबह पानी और बढ़ेगा। स्थिति धीरे-धीरे भयावह होती जा रही है। अगर इसी रफ्तार से पीछे से पानी छोड़ा जाता रहा तो और गांव बाढ़ की चपेट में आ जाएंगे।

प्रशासन की टीम करती रही मदद
बाढ़ प्रभावित ग्रामीणों की मदद करने के लिए प्रशासन की टीम लगाई गई है। तहसीलदार रितेश कुमार की निगरानी में तीन अमीन, दो लेखपाल लगे हैं। लोगों को आवागमन के लिए तीन नाव लगाई गई हैं। इनसे दिनभर लोगों ने सुरक्षित जगह पर अपना सामान पहुंचाया। वहीं काशीराम प्राथमिक विद्यालय में रखे गए 16 परिवारों के सदस्यों को खाने पीने की व्यवस्था आपदा प्रबंधन की टीम कर रही है। साथ ही स्वास्थ्य विभाग की टीम लगी है।

एक नजर गंगा के जलस्तर पर

  • 114.71 मीटर बैराज पर जलस्तर (अपस्ट्रीम)।
  • 114.58 मीटर बैराज पर जलस्तर (डाउनस्ट्रीम)।
  • 425343 क्यूसेक पानी शुक्लागंज की ओर छोड़ा गया।
  • 113.19 मीटर शुक्लागंज गेट पर जलस्तर।
  • 126978 क्यूसेक पानी नरौरा डैम से छोड़ा गया।
  • 156422 क्यूसेक पानी हरिद्वार से छोड़ा गया।
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