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Kanpur News: बासमती धान से किसान हो रहे मालामाल

Tue, 13 Aug 2024 12:13 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 13 Aug 2024 12:13 AM IST
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Farmers are becoming rich from Basmati paddy
फोटो 18:::
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- मोटे धान में नहीं निकल रही थी लागत, अब मिल रहा अच्छा पैसा, रकबा ढाई गुना बढ़ा
- किसान बोले-बाजार में मांग को देखते बढ़ाई पैदावार, आढ़ती भी अच्छी रकम दे रहे
संवाद न्यूज एजेंसी

इटावा (बकेवर)। जिले के अन्य क्षेत्रों के साथ बकेवर क्षेत्र में बासमती धान की फसल किसानों की पहली पसंद बनती जा रही है। यही वजह है कि धान का रकबा लक्ष्य से लगभग ढाई गुना से अधिक हो गया है। वहीं, मोटे धान व संकर प्रजाति के धान का रकबा लक्ष्य के विपरीत कम हुआ है।


बासमती धान की प्रजाति से किसानों को अच्छा लाभ मिल रहा है। धान किसानों की आमदनी बढ़ी है। इससे किसान इसकी तरफ आकर्षित हुए हैं। पहले जनपद में बहुत कम किसान ही सुगंधित बासमती प्रजाति के धान की फसल करते थे अधिकतर किसान मोटे धान की पैदावार ही करते थे। इसकी मंडी में बिक्री में भी किसानों को समस्या आती है।
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किसानों ने हाइब्रिड शंकर प्रजाति के धान की पैदावार शुरू की। मोटे धान व हाईब्रिड शंकर प्रजाति के धान की सापेक्ष बासमती धान की बिक्री अधिक मूल्य पर और बिना किसी समस्या के हो जाती है। बासमती धान की बिक्री सरकारी कांटे पर नहीं होती है हालांकि धान की खरीद तो सरकारी कांटों पर नाम मात्र के लिए ही होती है।
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50,000 हेक्टेयर से अधिक खेतों में किसान खरीफ की मुख्य फसल धान की पैदावार की थी। पिछले साल जिले में बासमती धान का रकबा 16,600 हेक्टेयर था जबकि यह अब बढ़कर 41,500 हेक्टेयर हो गया है।
कृषि विभाग ने इस साल जो धान के रकबा का लक्ष्य रखा था उस लक्ष्य से अधिक रकबे में धान की रोपाई हो चुकी है, लेकिन खास बात यह है कि इस बार किसानों ने सुगंधित बासमती धान की रोपाई अधिक की है। जिले में सुृगंधित बासमती धान का आच्छादन लक्ष्य कृषि विभाग ने 16 हजार 600 हेक्टेयर रखा था, जबकि इस समय तक 41 हजार 500 हेक्टेयर में रोपाई की जा चुका है।
शंकर प्रजाति व मोटे धान की रोपाई का लक्ष्य के आधे से भी कम है। मोटे धान का रकबा तो एक तिहाई से भी कम है। वहीं संकर प्रजाति के धान की रोपाई भी लक्ष्य के आधे ही पहुंच सकी है। धान की रोपाई का काम लगभग अंतिम चरण में है।




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इस साल धान का रकबा


लक्ष्य कुल रकबा
53213 हेक्टेयर 58160 हेक्टेयर

बासमती धान 16600 हेक्टेयर 41500 हेक्टेयर
शंकर धान 20000 हेक्टेयर 9115 हेक्टेयर

अन्य मोटा 16613 हेक्टेयर 4546 हेक्टेयर

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पिछले साल का निर्धारित रकबा
लक्ष्य रकबा
50477 हेक्टेयर 51000 हेक्टेयर

बासमती 4500 हेक्टेयर 16895 हेक्टेयर

शंकर 30000 हेक्टेयर 18110 हेक्टेयर

अन्य मोटा 16477, 15994 हेक्टेयर

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बिक्री का भाव प्रति क्विंटल
बासमती 3600 से 4000 रुपए

शंकर 2500 से 2800 रुपए

मोटा अन्य 1800 से 2000 रुपए

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वर्जन


इस साल सुगंधित बासमती धान प्रजाति का रकबा काफी बढ़ा है। पिछले साल की अपेक्षा दो गुने के करीब पहुंच गया है। आच्छादित लक्ष्य 16 हजार 600 हेक्टेयर था, जबकि 41 हजार पांच सौ हेक्टेयर के करीब रकबा हो गया है। जिले के किसानों में अब पिछले कुछ सालों में सुगंधित बासमती प्रजाति के धान की पैदवार करने के प्रति काफी रुझान बढ़ा है। यह किसानों के लिए लाभकारी साबित हो रहा है।


- प्रमोद कुमार, प्रभारी जिला कृषि अधिकारी
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