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Kanpur News: दूसरे दिन भी बहाल नहीं हो सकी 200 गांवों की बिजली
Mon, 28 Sep 2026 01:36 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Mon, 28 Sep 2026 01:36 AM IST
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कानपुर देहात। तेज हवा संग शनिवार को हुई अतिवृष्टि ने बिजली तंत्र को खासा नुकसान पहुंचाया है। हालात ये हुए कि फीडर तो बहाल करा लिए गए लेकिन एलटी लाइनों में फॉल्ट दुरुस्त नहीं होने से दूसरे दिन रविवार को भी 200 से अधिक गांवों की बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। इससे करीब एक लाख आबादी को पेयजल किल्लत रही। मोबाइल चार्ज नहीं होने से लोग एक-दूसरे से संपर्क भी नहीं कर पा रहे हैं।
कहिंजरी उपकेंद्र से जुड़े बानपुरवा, सिद्धपुरवा व भुवन समेत 13 गांवों और मैथा उपकेंद्र से जुड़े दौलतपुर, तातमऊ, हथिका, कोढवा समेत 20 गांवों की बिजली आपूर्ति रविवार दोपहर तक बहाल नहीं हो सकी। इसी प्रकार मिंडाकुआ उपकेंद्र से जुड़े चार गांवों में एलटी लाइनों के फॉल्ट की वजह से बिजली गुल है। शिवली उपकेंद्र से जुड़े मरहमतानगर, दलीपनगर, सुधरदेव समेत 25 से अधिक गांवों की बिजली गुल है।
सिकंदरपुर बिजली घर से जुड़े पंद्रह गांवों और रसूलाबाद ग्रामीण उपकेंद्र से जुड़े दया का पुरवा, बर्रा, ठर्रा, खेड़ा कुर्सी, महेंद्र नगर समेत 30 गांवों में रविवार दोपहर तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। जबकि शोभन बिजली घर से जुड़े चार गांवों में एलटी लाइनों के फॉल्ट से बिजली गुल है। इधर मुतैहरापुर उपकेंद्र से जुड़े मलासा गांव में दो ट्रांसफार्मर से जुड़े करीब सौ घरों की बिजली गुल रही।
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रूरा क्षेत्र के करीब 20 गांवों में बिजली आपूर्ति पोल क्षतिग्रस्त होने से रविवार को भी ठप। करीब तीन हजार उपभोक्ताओं को अंधेरे में रात काटनी पड़ रही है। रेरी, रोशनमऊ-रूरा मार्ग व सुतनपुरवा, बनवारी पुरवा आदि में पेयजल किल्लत से लोग परेशान हैं। सुतनपुरवा निवासी अन्नू बाजपेयी, शिवम व शैलेंद्र, हीरानगर के उपभोक्ता हरिश्चंद्र, गैजुमऊ के जेपी यादव आदि ने बताया कि तीन दिन से बिजली गुल है। मोबाइल चार्जिंग के लिए दो किलोमीटर दूर दूसरे गांव में जाना पड़ रहा है। एसडीओ विवेक पांडेय ने बताया कि पेड़ गिरने व पोल टूटने से बिजली आपूर्ति प्रभावित है। लाइनमैनों को लगाकर लगातार काम कराया जा रहा है। देर रात तक आपूर्ति बहाल होने की उम्मीद है।
वहीं, झींझक की एचटी लाइन में फॉल्ट होने से नवीन विद्युत उपकेंद्र झींझक के अकारू और औरंगाबाद फीडरों से जुड़े करीब 60 गांवों की बिजली आपूर्ति गुल रही। अकारू फीडर से जुड़े 35 गांवों में करीब 8 घंटे जबकि औरंगाबाद फीडर से जुड़े 25 गांवों में करीब 15 घंटे तक बिजली गुल रही। अकारू फीडर की एचटी लाइन में रविवार सुबह करीब सात बजे बद्दापुरवा के पास फॉल्ट आने से मुंडेरा, जगदीशपुर, उइछा, ताली, गंज और नधौवा समेत 35 गांवों की आपूर्ति गुल हो गई।
वहीं, औरंगाबाद गांव के पास फॉल्ट के कारण शनिवार रात करीब 12 बजे से लगरथा, नसीरपुर, औरंगाबाद, परजनी और लालपुर समेत 25 गांवों की आपूर्ति गुल रही। रविवार दोपहर करीब तीन बजे फॉल्ट ठीक होने के बाद आपूर्ति सुचारु हुई। जेई सूबेदार प्रजापति ने बताया कि बारिश के कारण दोनों फीडरों की एचटी लाइन में फॉल्ट आया था। फॉल्ट दुरुस्त कर आपूर्ति बहाल कर दी गई।
राजपुर में पोल टूटने से तीन दिन से भाल में अंधेरा है। करीब 200 घरों में बिजली उपकरण ठप हैं। उत्कर्ष द्विवेदी, अंकित सिंह, धर्मेंद्र, राघवेंद्र, रामकेश आदि ने बताया कि तीन दिनों से बिजली आपूर्ति ठप है। दूर लगे हैंडपंप से पानी भरकर लाना पड़ रहा है। राजपुर उपकेंद्र से जुड़े गौरीकरन गांव में 48 घंटे बाद रविवार सुबह नौ बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। राजपुर के अवर अभियंता राहुल साहू ने बताया कि फॉल्टों को ठीक कराया जा रहा है। मेन लाइन के टूटे दो पोलों को जल्द बदलवाया जाएगा।
इधर, विद्युत उपकेंद्र संदलपुर के बहबलपुर फीडर के तारों के ऊपर तीन गांवों में पेड़ गिर गए। इससे संदलपुर, सुमगढा, गढ़िया, मनकापुर, हरपुरा व बहबलपुर की बिजली आपूर्ति ठप है। लाइनों को ठीक कराकर रविवार दोपहर करीब 12 बजे बिजली आपूर्ति बहाल की जा सकी। जेई सुभाष चंद्र ने बताया कि तीन जगह तारों पर पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित रही।
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कहिंजरी उपकेंद्र से जुड़े बानपुरवा, सिद्धपुरवा व भुवन समेत 13 गांवों और मैथा उपकेंद्र से जुड़े दौलतपुर, तातमऊ, हथिका, कोढवा समेत 20 गांवों की बिजली आपूर्ति रविवार दोपहर तक बहाल नहीं हो सकी। इसी प्रकार मिंडाकुआ उपकेंद्र से जुड़े चार गांवों में एलटी लाइनों के फॉल्ट की वजह से बिजली गुल है। शिवली उपकेंद्र से जुड़े मरहमतानगर, दलीपनगर, सुधरदेव समेत 25 से अधिक गांवों की बिजली गुल है।
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सिकंदरपुर बिजली घर से जुड़े पंद्रह गांवों और रसूलाबाद ग्रामीण उपकेंद्र से जुड़े दया का पुरवा, बर्रा, ठर्रा, खेड़ा कुर्सी, महेंद्र नगर समेत 30 गांवों में रविवार दोपहर तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। जबकि शोभन बिजली घर से जुड़े चार गांवों में एलटी लाइनों के फॉल्ट से बिजली गुल है। इधर मुतैहरापुर उपकेंद्र से जुड़े मलासा गांव में दो ट्रांसफार्मर से जुड़े करीब सौ घरों की बिजली गुल रही।
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रूरा क्षेत्र के करीब 20 गांवों में बिजली आपूर्ति पोल क्षतिग्रस्त होने से रविवार को भी ठप। करीब तीन हजार उपभोक्ताओं को अंधेरे में रात काटनी पड़ रही है। रेरी, रोशनमऊ-रूरा मार्ग व सुतनपुरवा, बनवारी पुरवा आदि में पेयजल किल्लत से लोग परेशान हैं। सुतनपुरवा निवासी अन्नू बाजपेयी, शिवम व शैलेंद्र, हीरानगर के उपभोक्ता हरिश्चंद्र, गैजुमऊ के जेपी यादव आदि ने बताया कि तीन दिन से बिजली गुल है। मोबाइल चार्जिंग के लिए दो किलोमीटर दूर दूसरे गांव में जाना पड़ रहा है। एसडीओ विवेक पांडेय ने बताया कि पेड़ गिरने व पोल टूटने से बिजली आपूर्ति प्रभावित है। लाइनमैनों को लगाकर लगातार काम कराया जा रहा है। देर रात तक आपूर्ति बहाल होने की उम्मीद है।
वहीं, झींझक की एचटी लाइन में फॉल्ट होने से नवीन विद्युत उपकेंद्र झींझक के अकारू और औरंगाबाद फीडरों से जुड़े करीब 60 गांवों की बिजली आपूर्ति गुल रही। अकारू फीडर से जुड़े 35 गांवों में करीब 8 घंटे जबकि औरंगाबाद फीडर से जुड़े 25 गांवों में करीब 15 घंटे तक बिजली गुल रही। अकारू फीडर की एचटी लाइन में रविवार सुबह करीब सात बजे बद्दापुरवा के पास फॉल्ट आने से मुंडेरा, जगदीशपुर, उइछा, ताली, गंज और नधौवा समेत 35 गांवों की आपूर्ति गुल हो गई।
वहीं, औरंगाबाद गांव के पास फॉल्ट के कारण शनिवार रात करीब 12 बजे से लगरथा, नसीरपुर, औरंगाबाद, परजनी और लालपुर समेत 25 गांवों की आपूर्ति गुल रही। रविवार दोपहर करीब तीन बजे फॉल्ट ठीक होने के बाद आपूर्ति सुचारु हुई। जेई सूबेदार प्रजापति ने बताया कि बारिश के कारण दोनों फीडरों की एचटी लाइन में फॉल्ट आया था। फॉल्ट दुरुस्त कर आपूर्ति बहाल कर दी गई।
राजपुर में पोल टूटने से तीन दिन से भाल में अंधेरा है। करीब 200 घरों में बिजली उपकरण ठप हैं। उत्कर्ष द्विवेदी, अंकित सिंह, धर्मेंद्र, राघवेंद्र, रामकेश आदि ने बताया कि तीन दिनों से बिजली आपूर्ति ठप है। दूर लगे हैंडपंप से पानी भरकर लाना पड़ रहा है। राजपुर उपकेंद्र से जुड़े गौरीकरन गांव में 48 घंटे बाद रविवार सुबह नौ बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो सकी। राजपुर के अवर अभियंता राहुल साहू ने बताया कि फॉल्टों को ठीक कराया जा रहा है। मेन लाइन के टूटे दो पोलों को जल्द बदलवाया जाएगा।
इधर, विद्युत उपकेंद्र संदलपुर के बहबलपुर फीडर के तारों के ऊपर तीन गांवों में पेड़ गिर गए। इससे संदलपुर, सुमगढा, गढ़िया, मनकापुर, हरपुरा व बहबलपुर की बिजली आपूर्ति ठप है। लाइनों को ठीक कराकर रविवार दोपहर करीब 12 बजे बिजली आपूर्ति बहाल की जा सकी। जेई सुभाष चंद्र ने बताया कि तीन जगह तारों पर पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित रही।