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यूपी: बेटी ने की थी खुदकुशी, अधिवक्ता पिता के खिलाफ चार्जशीट दाखिल, पढ़ें पूरा मामला
Thu, 21 Oct 2021 11:00 AM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Thu, 21 Oct 2021 11:00 AM IST
सार
नवाबगंज इंस्पेक्टर देवेंद्र दुबे ने बताया कि फोरेंसिक रिपोर्ट समेत अन्य साक्ष्यों से स्पष्ट हुआ कि सुदीक्षा ने खुदकुशी की थी। चूंकि गोली संजय की लाइसेंसी रिवाल्वर से चली थी इसलिए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। उन पर आरोप था कि सरकारी रिवाल्वर का दुरुपयोग किया गया। इसी आरोप के तहत उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी गई है।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
कानपुर के नवाबगंज में अधिवक्ता की नाबालिग बेटी की गोली लगने से हुई मौत के मामले में पुलिस उसके पिता के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है। पुलिस की जांच में स्पष्ट हुआ है कि किशोरी ने खुदकुशी की थी। जांच से स्पष्ट हुआ कि गोली उसके पिता की लाइसेंसी रिवाल्वर से चली थी।
उसमें किशोरी के फिंगर प्रिंट भी मिले। इसी आधार पर पुलिस ने उसके पिता को आरोपी बनाया है। नवाबगंज थाने के पास अधिवक्ता संजय उपाध्याय परिवार के साथ रहते हैं। 28 अप्रैल की सुबह उनकी 15 वर्षीय बेटी सुदीक्षा की गोली लगने से मौत हो गई थी।
परिवार ने गुपचुप तरीके से शव का अंतिम संस्कार कर दिया था। दावा किया था कि बीमारी से सुदीक्षा की मौत हुई। जब पुलिस ने मामले की जांच की तो पता चला कि सुदीक्षा की मौत गोली लगने से हुई। तब पुलिस ने उसके पिता संजय के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
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नवाबगंज इंस्पेक्टर देवेंद्र दुबे ने बताया कि फोरेंसिक रिपोर्ट समेत अन्य साक्ष्यों से स्पष्ट हुआ कि सुदीक्षा ने खुदकुशी की थी। चूंकि गोली संजय की लाइसेंसी रिवाल्वर से चली थी इसलिए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। उन पर आरोप था कि सरकारी रिवाल्वर का दुरुपयोग किया गया।
इसी आरोप के तहत उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी गई है। इंस्पेक्टर के मुताबिक शस्त्र लाइसेंस के निरस्तीकरण के लिए प्रशासन को रिपोर्ट भेजी जा चुकी है। रिवाल्वर घटना के बाद ही जब्त कर ली गई थी।
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उसमें किशोरी के फिंगर प्रिंट भी मिले। इसी आधार पर पुलिस ने उसके पिता को आरोपी बनाया है। नवाबगंज थाने के पास अधिवक्ता संजय उपाध्याय परिवार के साथ रहते हैं। 28 अप्रैल की सुबह उनकी 15 वर्षीय बेटी सुदीक्षा की गोली लगने से मौत हो गई थी।
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परिवार ने गुपचुप तरीके से शव का अंतिम संस्कार कर दिया था। दावा किया था कि बीमारी से सुदीक्षा की मौत हुई। जब पुलिस ने मामले की जांच की तो पता चला कि सुदीक्षा की मौत गोली लगने से हुई। तब पुलिस ने उसके पिता संजय के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
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नवाबगंज इंस्पेक्टर देवेंद्र दुबे ने बताया कि फोरेंसिक रिपोर्ट समेत अन्य साक्ष्यों से स्पष्ट हुआ कि सुदीक्षा ने खुदकुशी की थी। चूंकि गोली संजय की लाइसेंसी रिवाल्वर से चली थी इसलिए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। उन पर आरोप था कि सरकारी रिवाल्वर का दुरुपयोग किया गया।
इसी आरोप के तहत उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी गई है। इंस्पेक्टर के मुताबिक शस्त्र लाइसेंस के निरस्तीकरण के लिए प्रशासन को रिपोर्ट भेजी जा चुकी है। रिवाल्वर घटना के बाद ही जब्त कर ली गई थी।