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Kanpur News: सीएसए के डॉ. विजय कुमार सम्मानित
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सीएसए के डॉ. विजय कुमार सम्मानित किए गए।
- फोटो : स्वयं
कानपुर। जौ की केबी 2031 (आजाद जौ 34) प्रजाति विकसित करने पर चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक डॉ. विजय कुमार यादव को सम्मानित किया गया है।
यह सम्मान उन्हें भारतीय गेहूं जौ अनुसंधान संस्थान करनाल एवं राजमाता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर के संयुक्त तत्वावधान में ग्वालियर में आयोजित 34वें अखिल भारतीय गेहूं जौ अनुसंधान कार्यकर्ता सम्मेलन में दिया गया।
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान तथा भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद नई दिल्ली के महानिदेशक डॉ. एमएल जाट ने उन्हें सम्मानित किया। डॉ. विजय ने बताया कि यह प्रजाति ऊसर भूमि के लिए अच्छी है। यह प्रजाति 134 दिनों में पककर तैयार हो जाती है। इसके दाने सुडौल तथा 12 फीसदी प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है। ऊसर भूमि में भी 38 क्विंटल प्रति हेक्टेयर उत्पादन क्षमता देती है। इस उपलब्धि पर विवि कुलपति प्रो. आनंद कुमार सिंह समेत अन्य वैज्ञानिकों ने उन्हें बधाई दी है। ब्यूरो
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यह सम्मान उन्हें भारतीय गेहूं जौ अनुसंधान संस्थान करनाल एवं राजमाता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर के संयुक्त तत्वावधान में ग्वालियर में आयोजित 34वें अखिल भारतीय गेहूं जौ अनुसंधान कार्यकर्ता सम्मेलन में दिया गया।
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केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान तथा भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद नई दिल्ली के महानिदेशक डॉ. एमएल जाट ने उन्हें सम्मानित किया। डॉ. विजय ने बताया कि यह प्रजाति ऊसर भूमि के लिए अच्छी है। यह प्रजाति 134 दिनों में पककर तैयार हो जाती है। इसके दाने सुडौल तथा 12 फीसदी प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है। ऊसर भूमि में भी 38 क्विंटल प्रति हेक्टेयर उत्पादन क्षमता देती है। इस उपलब्धि पर विवि कुलपति प्रो. आनंद कुमार सिंह समेत अन्य वैज्ञानिकों ने उन्हें बधाई दी है। ब्यूरो
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