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 शोध-छात्र ने तोड़ा अनशन, रिसर्च गाइड की प्रताड़ना से तंग आकर शुरू की थी भूख-हड़ताल

Thu, 22 Nov 2018 12:04 AM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Updated Thu, 22 Nov 2018 12:04 AM IST
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csa student stop hunger strike
डेमो पिक
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए) कानपुर के शोध छात्र सुरेंद्र कुमार की भूख हड़ताल बुधवार को खत्म हो गई। प्रभारी कुलपति और डीन कृषि संकाय डॉ. पूनम सिंह की अगुवाई में शिक्षकों की टीम ने जूस पिलाकर छात्र का अनशन खत्म कराया। विवि प्रशासन ने छात्र की मांग मानते हुए रिसर्च गाइड बदल दिया है और बंद हुई छात्रवृत्ति को दोबारा चालू कराने का भी आश्वासन दिया है।
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बीते सोमवार से पादप रोग विज्ञान विभाग के शोधार्थी सुरेंद्र कुमार भूख हड़ताल पर बैठा था। आरोप था कि उसके रिसर्च गाइड डॉ. यूके त्रिपाठी उसका उत्पीड़न कर रहे हैं और जानबूझ कर उसकी पीएचडी पूरी नहीं होने दे रहे हैं।
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दो दिन से भूख हड़ताल पर बैठे सुरेंद्र की तबियत मंगलवार को बिगड़ी तो विवि प्रशासन के साथ जिला और पुलिस प्रशासन का भी हाथ-पांव फूलने लगा। बुधवार दोपहर करीब एक बजे डीन कृषि संकाय डॉ. पूनम सिंह, डिप्टी डायरेक्टर रिसर्च डॉ. डीपी सिंह, विजिलेंस अधिकारी डॉ. जीएस परिहार समेत एक कमेटी छात्र से मिलने पहुंची।
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छात्र की बात सुनने के बाद कमेटी ने डॉ. यूके त्रिपाठी को फोन कर बुलाना चाहा

छात्र की बात सुनने के बाद कमेटी ने डॉ. यूके त्रिपाठी को फोन कर बुलाना चाहा। मगर कई बार रिंग के बावजूद उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। इससे कमेटी ने छात्र की मांगेें स्वीकार करते हुए उसका अनशन तुड़वा दिया। सुरेंद्र कुमार के साथ शोध छात्र नरेंद्र कुमार और शिवम कुमार के भी रिसर्च गाइड बदल दिए गए। सभी के रिसर्च गाइड के तौर पर अब डॉ. एसके विश्वास और डॉ. एमआर डबास कार्य करेंगे।

सुरेंद्र कुमार की जो राष्ट्रीय छात्रवृत्ति बंद हो गई थी, उसे जल्द से जल्द शुरू कराने का भी आश्वासन दिया। छात्र नरेंद्र कुमार 7वें और 8वें सेमेस्टर की विलंब शुल्क जमा करके अपना शोध कार्य पूरा कर पाएंगे। इसके अलावा जांच टीम ने छात्रों द्वारा रिसर्च गाइड और विभागाध्यक्ष पर लगाए गए आरोपों को भी गलत बताया। तीनों छात्रों को दोबारा अनुशासनहीनता न करने की चेतावनी भी दी गई है। इस मौके पर डॉ. एके सिंह, डॉ. वेदरत्न, डॉ. आरपी सिंह, डॉ. महक सिंह मौजूद रहे।
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