CSA Ragging Case: पीड़ित छात्र के खून में मिला अल्कोहल, रिपोर्ट में चाकू से हमले की पुष्टि भी नहीं, कही ये बात
Kanpur Crime: नवाबगंज थाना प्रभारी दीनानाथ मिश्र ने बताया कि रिपोर्ट में डॉक्टर ने शिकायतकर्ता के शरीर में अल्कोहल की मौजूदगी बताई है। छात्र के नाक पर चोट बताई है, लेकिन उसकी नाक या चेहरे पर कहीं खरोंच का निशान तक नहीं मिला है।
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कानपुर में चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के तिलक छात्रावास में रैगिंग की शिकायत करने वाले छात्र के खून में अल्कोहल मिला है। चाकू से हमले की पुष्टि मेडिकल रिपोर्ट में नहीं हुई है। मेडिकल करने वाले डॉक्टर ने शिकायतकर्ता छात्र को ही शराब के नशे में बताया है।
विवि के नियमानुसार कोई भी छात्र विवि के छात्रावास में रहने के दौरान मांस और शराब का प्रयोग नहीं कर सकता है। विवि में 27 नवंबर की रात रैगिंग की घटना हुई थी। पीड़ित प्रथम सेमेस्टर के छात्र ने नवाबगंज थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि सातवें सेमेस्टर के दो छात्रों ने हॉस्टल के कमरे में आकर मारपीट की और चाकू से हमला किया।
छात्र के खून में अल्कोहल मिला
जांच के बाद दोनों सीनियर पर एफआईआर दर्ज की गई थी। अब मामले में मेडिकल रिपोर्ट सामने आने के बाद नया मोड़ आ गया है। पीड़ित छात्र ने पुलिस को बताया कि मारपीट के बाद उसने एक अस्पताल में जाकर मेडिकल कराया था। पुलिस ने जब मेडिकल रिपोर्ट की जांच की, तो उसके खून में अल्कोहल मिला।
जांच समिति को अपनी रिपोर्ट कुलपति को सौंपनी है
नवाबगंज थाना प्रभारी दीनानाथ मिश्र ने बताया कि रिपोर्ट में डॉक्टर ने शिकायतकर्ता के शरीर में अल्कोहल की मौजूदगी बताई है। छात्र के नाक पर चोट बताई है, लेकिन उसकी नाक या चेहरे पर कहीं खरोंच का निशान तक नहीं मिला है। इधर, रैगिंग शिकायत पर विवि की जांच समिति को अपनी रिपोर्ट कुलपति को सौंपनी है।
समिति के निष्कर्षों पर सबकुछ निर्भर है
पुलिस की रिपोर्ट सामने आने के बाद अब विवि की जांच समिति के निष्कर्षों पर सबकुछ निर्भर है। विवि के छात्र कल्याण अधिष्ठाता डॉ. पीके उपाध्याय का कहना है कि जांच समिति की पहली बैठक हुई हैँ। दूसरी बैठक के बाद ही कुलपति को रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
पीड़ित बोला- बड़े भाई के दबाव में दी थी तहरीर
सूत्रों ने बताया कि शिकायत करने वाले छात्र के बड़े भाई को भी छात्रावास में रहने के दौरान मांसाहार के सेवन के आरोप में निष्कासित किया जा चुका है। शिकायतकर्ता ने पुलिस को यह भी बताया है कि उसने अपने बड़े भाई के दबाव में तहरीर दी है।